CLAT Registration 2027: फॉर्म भरते समय न करें ये गलतियां, काउंसलिंग में बढ़ा सकती है मुश्किलें; जानें कैसे
CLAT Registration 2027: कॉमन लॉ एडमिशन टेस्ट 2027 के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों को फॉर्म भरते समय विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। आवेदन पत्र में नाम, जन्मतिथि, श्रेणी, शैक्षणिक विवरण या दस्तावेजों से जुड़ी छोटी सी गलती भी काउंसलिंग और एडमिशन प्रक्रिया के दौरान परेशानी का कारण बन सकती है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
CLAT Registration: आयोजित होने वाली यह परीक्षा देश की सबसे प्रतिष्ठित विधि प्रवेश परीक्षाओं में शामिल है। इच्छुक अभ्यर्थी 31 अक्तूबर, 2026 तक केवल कंसोर्टियम ऑफ नेशनल लॉ यूनिवर्सिटीज की आधिकारिक वेबसाइट consortiumofnlus.ac.in के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। अभ्यर्थियों को सलाह दी जाती है कि वे अंतिम समय में संभावित तकनीकी समस्याओं से बचने के लिए समय रहते अपना आवेदन पूरा कर लें।
आवेदन करते समय बरतें पूरी सावधानी
आवेदन प्रक्रिया को परीक्षा की तैयारी जितनी ही गंभीरता से लेना चाहिए। फॉर्म भरने से पहले अभ्यर्थी अपनी सक्रिय ई-मेल आईडी, मोबाइल नंबर, पासपोर्ट आकार का नवीनतम फोटो, हस्ताक्षर तथा सभी आवश्यक दस्तावेज तैयार रखें। आवेदन पत्र में दर्ज की जाने वाली प्रत्येक जानकारी को सावधानीपूर्वक जांचने के बाद ही अंतिम रूप से सबमिट करें, क्योंकि नाम, जन्मतिथि, श्रेणी या अन्य विवरण में हुई छोटी-सी गलती भी काउंसलिंग और सीट आवंटन की प्रक्रिया में परेशानी का कारण बन सकती है।
परीक्षा का पैटर्न
परीक्षा पेन-पेपर मोड में छह दिसंबर, 2026 को आयोजित की जाएगी। प्रश्नपत्र में कुल 120 बहुविकल्पीय प्रश्न होंगे, जिनमें प्रत्येक प्रश्न एक अंक का होगा। अभ्यर्थियों को पेपर हल करने के लिए दो घंटे का समय मिलेगा। परीक्षा में नेगेटिव मार्किंग भी लागू होगी। ऐसे में तुक्का लगाने से बचें और केवल उन्हीं प्रश्नों के उत्तर दें, जिन्हें लेकर आप पूरी तरह से आश्वस्त हों।
समझ और तर्कशक्ति है सबसे अहम
क्लैट पूरी तरह पैसेज-आधारित परीक्षा है, जिसमें रटने की क्षमता नहीं, बल्कि अभ्यर्थी की समझ और तार्किक सोच का आकलन किया जाता है। परीक्षा में अंग्रेजी भाषा, करंट अफेअर्स एवं सामान्य ज्ञान, लीगल रीजनिंग, तार्किक क्षमता (लॉजिकल रीजनिंग) और गणितीय योग्यता से प्रश्न पूछे जाते हैं। करंट अफेअर्स व लीगल रीजनिंग का वेटेज सबसे अधिक (लगभग 25-25%) होता है। अंग्रेजी और लॉजिकल रीजनिंग (लगभग 20-20%) में पैसेज समझने की क्षमता परखी जाती है, जबकि क्वांटिटेटिव टेक्निक्स (10%) में 10वीं स्तर के गणित से प्रश्न होते हैं।
- सभी दस्तावेज और जानकारी जांचकर ही फॉर्म भरें।
- इस परीक्षा में रटने की नहीं, समझ और तर्क क्षमता की जरूरत होती है।
- तीन महीने की रणनीति बनाएं और चरणबद्ध तरीके से तैयारी करें।
तीन महीने की स्मार्ट रणनीति बनाएं
अगले तीन महीनों की तैयारी को तीन चरणों में बांटें। पहले महीने में कॉन्सेप्ट मजबूत करें और विषयवार अभ्यास करें, दूसरे महीने में मॉक टेस्ट व पिछले वर्षों के प्रश्नपत्रों से गति और समय प्रबंधन सुधारें, जबकि अंतिम महीने में रिवीजन और करंट अफेअर्स पर फोकस करें। आप लॉ प्रेप दिल्ली-एनसीआर के निःशुल्क ऑल इंडिया ओपन मॉक में भी भाग ले सकते हैं।
(लेखक लॉ प्रेप ट्यूटोरियल के निदेशक हैं)