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DND, Voice Note और Flip Phone: हर कॉल या मैसेज का जवाब जरूरी नहीं, Gen Z के स्मार्टफोन के साथ ये कैसा रिश्ता?

न्यूज डेस्क, अमर उजाला Published by: रिया दुबे Updated Wed, 17 Jun 2026 06:42 PM IST
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सार

हर नोटिफिकेशन का जवाब देना अब Gen Z की प्राथमिकता नहीं है। DND मोड, वॉयस नोट्स और फ्लिप फोन जैसे ट्रेंड दिखाते हैं कि यह पीढ़ी स्मार्टफोन का इस्तेमाल अपनी शर्तों पर करना चाहती है। आखिर इन तरीकों को यह पीढ़ी क्यों अपना रही है, वजह क्या है? आइए जानते हैं। 

DND to Flip Phones: Exploring Gen Z's New Relationship With Smartphones and Digital Boundaries
क्या कर रही है जेन जी? - फोटो : AI
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विस्तार

एक समय था जब मोबाइल पर आने वाली हर कॉल उठाना और हर मैसेज का तुरंत जवाब देना जरूरी माना जाता था। लेकिन जेन जी इस सोच को पूरी तरह बदल रहे हैं। अगर उनका फोन घंटों तक Do Not Disturb मोड पर रहे, किसी कॉल की जगह Voice Note आ जाए या फिर कोई युवा स्मार्टफोन छोड़कर Flip Phone इस्तेमाल करने लगे, तो उन्हें इसमें कुछ भी अजीब नहीं लगता।



दिलचस्प बात यह है कि जिस पीढ़ी पर सबसे ज्यादा 'स्क्रीन से चिपके रहने' का आरोप लगाया जाता है, वही पीढ़ी अब डिजिटल दुनिया के साथ अपने रिश्ते के नए नियम बना रही है। जेन जी के लिए स्मार्टफोन जिंदगी का केंद्र नहीं, बल्कि एक टूल है, जिसे अपनी सुविधा के हिसाब से इस्तेमाल किया जाना चाहिए। 

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पूरे दिन Do Not Disturb मोड पर रहता है फोन

फोन पर हर समय आने वाले मैसेज, कॉल और नोटिफिकेशन कई बार परेशान कर देते हैं। शायद यही वजह है कि जेन जी के बहुत से युवा अपना फोन घंटों तक Do Not Disturb (DND) मोड पर रखते हैं। उनका मानना है कि हर मैसेज का तुरंत जवाब देना जरूरी नहीं है। अगर वे पढ़ाई कर रहे हैं, काम कर रहे हैं या बस अपने लिए थोड़ा समय चाहते हैं, तो फोन को शांत रखना बेहतर समझते हैं।

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युवाओं के अनुसार एक नोटिफिकेशन आते ही लोग अक्सर सोशल मीडिया या दूसरे एप्स में उलझ जाते हैं और जरूरी काम से ध्यान हट जाता है। जेन जी इस परेशानी को अच्छी तरह समझते हैं, इसलिए वे यह तय करना पसंद करते हैं कि कब फोन देखना है और कब नहीं। पुरानी पीढ़ियों के लिए फोन को पूरे दिन साइलेंट रखना थोड़ा अजीब लग सकता है, लेकिन जेन जी के लिए यह अपनी मेंटल हेल्थ और फोकस को बेहतर रखने का एक आसान तरीका है।

पब्लिक प्लेस में स्पीकर फोन इस्तेमाल करने में झिझक नहीं

जेन जी इमबैरसमेंट यानी की शर्मिंदगी में विश्वास नहीं करती। उनके लिए अपनी इच्छा के अनुसार चलाना पहली प्रायोरिटी है। अगर किसी कैफे, मेट्रो या बाजार में कोई व्यक्ति स्पीकर फोनपर बात कर रहा हो, तो संभव है कि वह जेन जी हो।



PCMag की रिपोर्ट के मुताबिक जहां अधिकांश बूमर्स और मिलेनियल्स पब्लिक में स्पीकर का इस्तेमाल करना गलत मानते हैं, वहीं जेन जी के काफी युवा इसे सामान्य व्यवहार समझते हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यह पीढ़ी बचपन से स्मार्टफोन के साथ बड़ी हुई है, इसलिए उनके लिए फोन का सार्वजनिक इस्तेमाल उतना असहज नहीं है जितना पुरानी पीढ़ियों के लिए।

फोन कॉल नहीं, Voice Note ज्यादा पसंद

जेन जी को लंबी फोन कॉल करना ज्यादा पसंद नहीं है। लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि वे बातचीत से बचते हैं। इस पीढ़ी ने बात करने का एक नया तरीका लोकप्रिय बना दिया है, और वो है Voice Notes।



जब कुछ लंबा समझाना हो, तो मैसेज टाइप करने के बजाय वे अपनी आवाज रिकॉर्ड करके भेजना पसंद करते हैं। यूगोव के सर्वेक्षणों के जेन जी मानते हैं कि इससे सामने वाला व्यक्ति उनकी बात का टोन और इमोशन भी बेहतर तरीके से समझ सकता है। Voice Notes उनके लिए Text Message और Phone Call के बीच का सबसे बेहतरीन विकल्प बन गए हैं। जेन जी अपनी भावनाओं को सबसे ज्यादा महत्व देते हैं. अगर उनका दोस्त किसी बात से खुश है तो वो Voice Note में उत्साह नजर आएगा, अगर वह दुखी है तो आवाज में दुख नजर आएगा। 

Flip Phone की वापसी बना नया ट्रेंड

शायद सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि जेन जी अब पुराने Flip Phones की तरफ लौट रहे हैं। जिस पीढ़ी ने स्मार्ट फोन के साथ अपनी दुनिया शुरू की, वही अब साधारण फोन को अपनाने लगी है। इसकी सबसे बड़ी वजह है Digital Overload और Social Media से होने वाली थकान। कई युवाओं का मानना है कि Flip Phone यानि कीपैड फोन उनका ध्यान कम भटकाते हैं और स्क्रीन टाइम भी घटाते हैं। इससे वे अपनी जिंदगी  पर ज्यादा ध्यान दे पाते हैं।



जेन जी की इन आदतों को देखकर पहली नजर में लग सकता है कि वे स्मार्टफोन का इस्तेमाल कुछ अलग तरीके से करते हैं। लेकिन गहराई से देखने पर तस्वीर बदल जाती है। वे हर नोटिफिकेशन का जवाब देने की मजबूरी महसूस नहीं करते, बिना जरूरत फोन कॉल्स से बचते हैं और जरूरत पड़ने पर Digital World से दूरी बनाने में भी संकोच नहीं करते।

यही वजह है कि कई विशेषज्ञ मानते हैं कि स्मार्ट फोन के साथ हेल्दी रिलेशनशिप बनाने के मामले में जेन जी दूसरी पीढ़ियों को नई सीख दे रही है। शायद यह पीढ़ी टेक्नॉलजी की गुलाम बनने के बजाय उसे अपने हिसाब से इस्तेमाल करना ज्यादा अच्छी तरह से जानती है।

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