{"_id":"6a626e0847b9366f440d82cb","slug":"in-the-inspection-of-school-buses-18-buses-of-three-schools-were-found-fit-jind-news-c-199-1-sroh1006-157219-2026-07-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jind News: स्कूली बसों की जांच में तीन स्कूलों की 18 बसें मिलीं फिट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jind News: स्कूली बसों की जांच में तीन स्कूलों की 18 बसें मिलीं फिट
विज्ञापन
फोटो 22जेएनडी19-जिले के एक निजी स्कूल में बसों की जांच करती आरटीए कार्यालय की टीम। स्रोत कर्मचा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जींद। जिला परिवहन अधिकारी (डीटीओ) कार्यालय की टीम ने दो सप्ताह के अंतराल के बाद वीरवार को स्कूली बसों की जांच की गई। इस दौरान तीन निजी स्कूलों की 18 बसें फिट मिलीं।
प्रधानमंत्री के 17 जुलाई के जींद दौरे की तैयारियों के चलते 16 जुलाई को यह अभियान नहीं चल पाया था क्योंकि जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय के कर्मचारियों की ड्यूटी प्रधानमंत्री के कार्यक्रम में लगाई गई थी। इससे पहले नौ जुलाई को पांच एंबुलेंस की पासिंग की गई थी जबकि दो जुलाई को दो स्कूलों की 35 बसों की जांच के दौरान भी सभी बसें मानकों पर खरी उतरी थीं।
जिले में प्रत्येक वीरवार को स्कूली बसों की जांच के लिए विशेष अभियान चलाया जाता है। इसके लिए चार सदस्यीय टीम गठित की गई है, जिसमें जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय के इंस्पेक्टर, मोटर व्हीकल इंस्पेक्टर (एमवीआई), ट्रैफिक पुलिस के सब-इंस्पेक्टर तथा जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय का एक प्रतिनिधि शामिल होता है। जांच के दौरान बसों में फायर सिलेंडर, रिफ्लेक्टर, जीपीएस, सीसीटीवी कैमरे, परमिट, चालक के हैवी ड्राइविंग लाइसेंस, परिचालक की उपलब्धता तथा अन्य सुरक्षा मानकों की जांच की जाती है।
विज्ञापन
वर्जन
हर वीरवार को स्कूली बसों की जांच की जाती है। जांच में जहां भी नियमों की अनदेखी मिलती है, वहां नियमानुसार चालान किया जाता है। -बलजीत सिंह, निरीक्षक, डीटीओ कार्यालय जींद
विज्ञापन
प्रधानमंत्री के 17 जुलाई के जींद दौरे की तैयारियों के चलते 16 जुलाई को यह अभियान नहीं चल पाया था क्योंकि जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय के कर्मचारियों की ड्यूटी प्रधानमंत्री के कार्यक्रम में लगाई गई थी। इससे पहले नौ जुलाई को पांच एंबुलेंस की पासिंग की गई थी जबकि दो जुलाई को दो स्कूलों की 35 बसों की जांच के दौरान भी सभी बसें मानकों पर खरी उतरी थीं।
विज्ञापन
जिले में प्रत्येक वीरवार को स्कूली बसों की जांच के लिए विशेष अभियान चलाया जाता है। इसके लिए चार सदस्यीय टीम गठित की गई है, जिसमें जिला परिवहन अधिकारी कार्यालय के इंस्पेक्टर, मोटर व्हीकल इंस्पेक्टर (एमवीआई), ट्रैफिक पुलिस के सब-इंस्पेक्टर तथा जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय का एक प्रतिनिधि शामिल होता है। जांच के दौरान बसों में फायर सिलेंडर, रिफ्लेक्टर, जीपीएस, सीसीटीवी कैमरे, परमिट, चालक के हैवी ड्राइविंग लाइसेंस, परिचालक की उपलब्धता तथा अन्य सुरक्षा मानकों की जांच की जाती है।
विज्ञापन
वर्जन
हर वीरवार को स्कूली बसों की जांच की जाती है। जांच में जहां भी नियमों की अनदेखी मिलती है, वहां नियमानुसार चालान किया जाता है। -बलजीत सिंह, निरीक्षक, डीटीओ कार्यालय जींद