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Kurukshetra News: ध्यांगला के खेतों में 11 जून को आए आंधी तूफान के बाद से बिजली गुल
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लाडवा। ध्यांगला गांव के खेतों में 11 जून को आए आंधी तूफान के बाद से बिजली पूरी तरह से गुल है। खेतों में बिजली न आने से किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बिजली न आने के कारण किसान धान की पनीरी में पानी नहीं दे पा रहे, जिससे यह सूख गई है। खेतों में धान की रोपाई भी नही हो पा रही।
किसान रामकुमार, भूपेन्द्र शर्मा आदि किसानों बताया कि 11 जून को आए आंधी तूफान में खंभे व पेड़ टूटने से बिजली आपूर्ति बाधित हो गई थी। तब से लेकर अभी तक गांव का खेतों का बिजली फिटर बंद पड़ा हुआ था। जिस कारण उनकी धान की पनीरी सूख रही है, जिससे न केवल आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है बल्कि धान की रोपाई में भी देरी होगी।
उन्होंने बताया कि उन्होंने धान की रोपाई के लिए तीन एकड़ खेत तैयार किया था जो अब सुख गया है। ध्यांगला गांव के किसान ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट भी डाली हुई है जिसमें पत्रकारों के माध्यम से उनकी समस्या का समाधान करने बारे आवाज उठाने को कहा गया है। किसानों ने मुख्यमंत्री नायब सैनी से जल्द से जल्द बिजली चालू कराने की भी गुहार लगाई है।
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जब एसडीओ नरेंद्र शर्मा से बातचीत की गई तो उन्होंने बताया कि वीरवार आए आंधी तूफान में 43 गांव प्रभावित हुए थे जिनमें लगभग 200 खंभे टूट गए थे। सभी कर्मचारियों को प्रभावित क्षेत्रों में लगाया हुआ है। एक दो गांव को छोड़कर लगभग सभी गांवों की सप्लाई चालू करा दी गई थी। बुधवार शाम तक बाकी बचे क्षेत्रों में भी बिजली सुचारु रूप से चालू हो जाएगी।
किसान रामकुमार, भूपेन्द्र शर्मा आदि किसानों बताया कि 11 जून को आए आंधी तूफान में खंभे व पेड़ टूटने से बिजली आपूर्ति बाधित हो गई थी। तब से लेकर अभी तक गांव का खेतों का बिजली फिटर बंद पड़ा हुआ था। जिस कारण उनकी धान की पनीरी सूख रही है, जिससे न केवल आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है बल्कि धान की रोपाई में भी देरी होगी।
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उन्होंने बताया कि उन्होंने धान की रोपाई के लिए तीन एकड़ खेत तैयार किया था जो अब सुख गया है। ध्यांगला गांव के किसान ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट भी डाली हुई है जिसमें पत्रकारों के माध्यम से उनकी समस्या का समाधान करने बारे आवाज उठाने को कहा गया है। किसानों ने मुख्यमंत्री नायब सैनी से जल्द से जल्द बिजली चालू कराने की भी गुहार लगाई है।
जब एसडीओ नरेंद्र शर्मा से बातचीत की गई तो उन्होंने बताया कि वीरवार आए आंधी तूफान में 43 गांव प्रभावित हुए थे जिनमें लगभग 200 खंभे टूट गए थे। सभी कर्मचारियों को प्रभावित क्षेत्रों में लगाया हुआ है। एक दो गांव को छोड़कर लगभग सभी गांवों की सप्लाई चालू करा दी गई थी। बुधवार शाम तक बाकी बचे क्षेत्रों में भी बिजली सुचारु रूप से चालू हो जाएगी।