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Sirmour News: तेल और देसी घी के तीन सैंपल मानकों पर नहीं उतरे खरे
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तीनों कंपनियों व विक्रेताओं पर होगी कानूनी कार्रवाई
धर्म सिंह तोमर
नाहन (सिरमौर)। जिला सिरमौर में मिलावटखोरों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्रवाई जारी है। तीन खाद्य वस्तुओं के सैंपल फेल हो गए हैं। विभाग की प्रयोगशाला से आई रिपोर्ट में यह बात सामने आई है कि बाजार में बिक रहा देसी घी घटिया होने के साथ-साथ गलत ब्रांड वाला भी पाया गया है। इसके अलावा सरसों का तेल भी गलत ब्रांडिंग के साथ बेचा जा रहा था और एक अन्य दुकान से लिया गया शुद्ध देसी घी भी लैब के मानकों पर पूरी तरह घटिया निकला। ऐसे उत्पाद बेचकर लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है।
सहायक आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण अरुण चौहान ने बताया कि विभाग की टीम उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य को ध्यान में रखकर लगातार बाजार में सैंपलिंग अभियान चला रही है। इसी कड़ी में बीते दिनों जिला सिरमौर के माजरा और धौलाकुआं आदि क्षेत्रों में स्थित विभिन्न दुकानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया गया था। इस दौरान संदेह के आधार पर सरसों के तेल और देसी घी के सैंपल भरे गए थे, जिन्हें तुरंत सील करके जांच के लिए राज्य खाद्य प्रयोगशाला भेजा गया था।
रिपोर्ट के अनुसार देसी घी सब स्टैंडर्ड यानी घटिया स्तर का पाया गया है, जिसमें सेहत को नुकसान पहुंचाने वाले अमानक तत्व मौजूद थे। साथ ही इस घी के पैकेट पर की गई ब्रांडिंग भी गलत पाई गई, जो कि सीधे तौर पर उपभोक्ताओं को गुमराह करने का प्रयास है। इसी तरह शुद्ध देसी घी का दूसरा सैंपल भी अमानक पाया गया, जबकि सरसों के तेल के सैंपल में मिस ब्रांडिंग पाई गई है, जिसका सीधा मतलब है कि रैपर पर उत्पाद को लेकर किए गए दावे झूठे थे।
अरुण चौहान ने स्पष्ट किया है कि आम जनता की सेहत के साथ किसी भी सूरत में कोई समझौता नहीं किया जाएगा। संबंधित दुकानदारों और इन्हें सप्लाई करने वाली उत्पादक कंपनियों को कानूनी नोटिस जारी किए जा रहे हैं। इन सभी मामलों को आगे की कानूनी प्रक्रिया और भारी जुर्माना लगाने के लिए अदालत में पेश किया जाएगा। संवाद
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने पांवटा साहिब से भरे 7 सैंपल
पांवटा साहिब। औद्योगिक क्षेत्र पांवटा साहिब में खाद्य सुरक्षा अधिकारी प्रियंका कश्यप ने औचक निरीक्षण के दौरान मिठाई की दुकानों, परचून की दुकानों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से कुल सात संदिग्ध खाद्य पदार्थों के सैंपल भरे हैं। प्रियंका कश्यप ने बताया कि विभाग को लगातार बाजार में बिक रहे कुछ खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर शिकायतें मिल रही थीं। शहर के अलग-अलग हिस्सों में दबिश दी। खोया बर्फी, पनीर, बोतलबंद पानी, लीची जूस, बेसन, रागी का आटा और चावल बड़ी के सैंपल एकत्रित किए गए। उन्होंने बताया कि आम जनता के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी कारोबारी को बख्शा नहीं जाएगा। सात सैंपलों को जांच के लिए स्टेट कंपोजिट टेस्टिंग लेबोरेटरी भेजा जा रहा है।
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धर्म सिंह तोमर
नाहन (सिरमौर)। जिला सिरमौर में मिलावटखोरों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्रवाई जारी है। तीन खाद्य वस्तुओं के सैंपल फेल हो गए हैं। विभाग की प्रयोगशाला से आई रिपोर्ट में यह बात सामने आई है कि बाजार में बिक रहा देसी घी घटिया होने के साथ-साथ गलत ब्रांड वाला भी पाया गया है। इसके अलावा सरसों का तेल भी गलत ब्रांडिंग के साथ बेचा जा रहा था और एक अन्य दुकान से लिया गया शुद्ध देसी घी भी लैब के मानकों पर पूरी तरह घटिया निकला। ऐसे उत्पाद बेचकर लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है।
सहायक आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण अरुण चौहान ने बताया कि विभाग की टीम उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य को ध्यान में रखकर लगातार बाजार में सैंपलिंग अभियान चला रही है। इसी कड़ी में बीते दिनों जिला सिरमौर के माजरा और धौलाकुआं आदि क्षेत्रों में स्थित विभिन्न दुकानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया गया था। इस दौरान संदेह के आधार पर सरसों के तेल और देसी घी के सैंपल भरे गए थे, जिन्हें तुरंत सील करके जांच के लिए राज्य खाद्य प्रयोगशाला भेजा गया था।
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रिपोर्ट के अनुसार देसी घी सब स्टैंडर्ड यानी घटिया स्तर का पाया गया है, जिसमें सेहत को नुकसान पहुंचाने वाले अमानक तत्व मौजूद थे। साथ ही इस घी के पैकेट पर की गई ब्रांडिंग भी गलत पाई गई, जो कि सीधे तौर पर उपभोक्ताओं को गुमराह करने का प्रयास है। इसी तरह शुद्ध देसी घी का दूसरा सैंपल भी अमानक पाया गया, जबकि सरसों के तेल के सैंपल में मिस ब्रांडिंग पाई गई है, जिसका सीधा मतलब है कि रैपर पर उत्पाद को लेकर किए गए दावे झूठे थे।
अरुण चौहान ने स्पष्ट किया है कि आम जनता की सेहत के साथ किसी भी सूरत में कोई समझौता नहीं किया जाएगा। संबंधित दुकानदारों और इन्हें सप्लाई करने वाली उत्पादक कंपनियों को कानूनी नोटिस जारी किए जा रहे हैं। इन सभी मामलों को आगे की कानूनी प्रक्रिया और भारी जुर्माना लगाने के लिए अदालत में पेश किया जाएगा। संवाद
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने पांवटा साहिब से भरे 7 सैंपल
पांवटा साहिब। औद्योगिक क्षेत्र पांवटा साहिब में खाद्य सुरक्षा अधिकारी प्रियंका कश्यप ने औचक निरीक्षण के दौरान मिठाई की दुकानों, परचून की दुकानों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से कुल सात संदिग्ध खाद्य पदार्थों के सैंपल भरे हैं। प्रियंका कश्यप ने बताया कि विभाग को लगातार बाजार में बिक रहे कुछ खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर शिकायतें मिल रही थीं। शहर के अलग-अलग हिस्सों में दबिश दी। खोया बर्फी, पनीर, बोतलबंद पानी, लीची जूस, बेसन, रागी का आटा और चावल बड़ी के सैंपल एकत्रित किए गए। उन्होंने बताया कि आम जनता के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी कारोबारी को बख्शा नहीं जाएगा। सात सैंपलों को जांच के लिए स्टेट कंपोजिट टेस्टिंग लेबोरेटरी भेजा जा रहा है।
