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भक्ति व त्याग जरूरी : साध्वी भुवनेश्वरी
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
Updated Sun, 01 Feb 2026 01:16 AM IST
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स्वामी शांतानंद आश्रम हीरानगर में चल रही कार्यक्रम के अंतिम दिन उमड़े भक्तजागरूक पाठक
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कठुआ। श्याम आनंद वाटिका में श्री 1008 स्वामी शांतानंद जी महाराज के जन्मोत्सव पर आयोजित पांच शाम कन्हैया के नाम कार्यक्रम का शनिवार को समापन हो गया। श्रद्धा और उल्लास के साथ परिसर में पांच दिनों तक चले सत्संग और प्रवचनों ने वातावरण को पूरी तरह आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया।
साध्वी भुवनेश्वरी देवी जी महाराज ने अपने प्रवचनों से उपस्थित भक्तों को जीवन में भक्ति, सेवा और त्याग का महत्व समझाया। उन्होंने कहा कि ईश्वर की सच्ची साधना वही है जिसमें करुणा और प्रेम का भाव हो। उनके भजनों और वाणी ने हर भक्त के हृदय को शांति और आनंद से भर दिया।
वहीं, इस अवसर पर पूर्व एमएलसी सुभाष गुप्ता ने साध्वी भुवनेश्वरी देवी जी का विशेष आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि गत 25 जनवरी से शुरू होने वाले कार्यक्रम में साध्वी जी जिस तरह से भक्तों का मार्गदर्शन किया है वह सुलभ नही है। उनके मार्गदर्शन के कारण यह आयोजन न केवल भक्ति का उत्सव बना बल्कि समाज में आध्यात्मिक जागरण और सांस्कृतिक एकता का सशक्त संदेश भी बनकर सामने आया।
कार्यक्रम के समापन पर विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। जिसमें बड़ी संख्या में भक्तों ने प्रसाद ग्रहण किया।
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साध्वी भुवनेश्वरी देवी जी महाराज ने अपने प्रवचनों से उपस्थित भक्तों को जीवन में भक्ति, सेवा और त्याग का महत्व समझाया। उन्होंने कहा कि ईश्वर की सच्ची साधना वही है जिसमें करुणा और प्रेम का भाव हो। उनके भजनों और वाणी ने हर भक्त के हृदय को शांति और आनंद से भर दिया।
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वहीं, इस अवसर पर पूर्व एमएलसी सुभाष गुप्ता ने साध्वी भुवनेश्वरी देवी जी का विशेष आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि गत 25 जनवरी से शुरू होने वाले कार्यक्रम में साध्वी जी जिस तरह से भक्तों का मार्गदर्शन किया है वह सुलभ नही है। उनके मार्गदर्शन के कारण यह आयोजन न केवल भक्ति का उत्सव बना बल्कि समाज में आध्यात्मिक जागरण और सांस्कृतिक एकता का सशक्त संदेश भी बनकर सामने आया।
कार्यक्रम के समापन पर विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। जिसमें बड़ी संख्या में भक्तों ने प्रसाद ग्रहण किया।
