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Kathua News: हीरानगर न्यायालय परिसर में अधिवक्ताओं के लिए बनेंगे पांच नए चैंबर
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
Updated Sun, 01 Feb 2026 01:11 AM IST
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विधायक विजय शर्मा ने विकास निधि से जारी की 21.34 लाख की राशि
10 लाख से पुराने कोर्ट परिसर की चहारदिवारी का होगा मरम्मत कार्य
कठुआ। हीरानगर स्थित नए मुंसिफ कोर्ट परिसर में अधिवक्ताओं के चैंबर की कोई व्यवस्था नहीं होने के कारण स्थानीय विधायक एडवोकेट विजय शर्मा सामने आए हैं। उन्होंने वकीलों की मुश्किलों को देखते हुए विकास निधि से राशि उपलब्ध कर नए पांच नए चैंबर कक्ष बनाने का निर्णय लिया है। इसके अलावा पुराने कोर्ट की चहारदिवारी यूटी कैपेक्स बजट के तहत 10 लाख रुपये की राशि से करवाई जा रही है।
जानकारी के अनुसार विधायक ने विकास निधि से 21.34 लाख की राशि जारी की है। इसके तहत 12 फीट लंबा व 10 फीट चौड़ा सहित ढाई फीट गैलरी के साथ प्रत्येक चैंबर का निर्माण कार्य करवाया जाएगा। निर्माण कार्य की जिम्मेदारी लोक निर्माण विभाग को सौंपी गई है। इन चैंबर के निर्माण में अगले छह महीनों के भीतर पूरा करने की योजना है। इसके लिए लोक निर्माण विभाग ने कवायद शुरू कर दी है।
बता दें कि बीते वर्ष 20 दिसंबर 2025 को लगभग साढ़े नौ करोड़ की लागत से हीरानगर न्यायालय परिसर में तीन मंजिला नई इमारत को जनता को समर्पित की गई थी। इसका उद्घाटन जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश अरुण पल्ली ने किया था। इस नई इमारत में मुंसिफ न्यायाधीश का कोर्ट रूम के अलावा पुस्तकालय, लिटिगेंट रूम, स्ट्रांग रूम, सभागार हॉल, मालखाना, सुरक्षा गार्ड रूम, मीटिंग हॉल, अभियोजन पक्ष कार्यालय सहित सभी तरह की व्यवस्था की गई है। अधिवक्ताओं के लिए चैंबर की कोई व्यवस्था नहीं की गई थी। इसके बाद हीरानगर बार एसोसिएशन से जुड़े वकीलों ने इसको लेकर स्थानीय विधायक के संज्ञान में लाया गया। इसके अलावा सरकार की ओर से पुराने कोर्ट परिसर की खस्ताहाल चहारदिवारी की मरम्मत कार्य भी करवाया जाएगा। इसके कोर्ट में बेहतर सुविधा मिल पाएंगी। संवाद
हीरानगर कोर्ट में 35 अधिवक्ता करते हैं प्रैक्टिस
जानकारी के अनुसार मौजूदा समय में हीरानगर बार के साथ कुल 35 के करीब अधिवक्ता जुड़े हुए हैं। इसमें से 25 के करीब अधिवक्ता सक्रिय रूप से प्रैक्टिस करते हैं। हालांकि पुरानी कोर्ट परिसर में अधिवक्ताओं के लिए चैंबर उपलब्ध करवाए गए थे लेकिन उनकी संख्या कम थी। अधिवक्ता कम से कम 10 चैंबर निर्माण की मांग कर रहे हैं जिससे प्रत्येक वकील को कम से कम चैंबर में बैठने की व्यवस्था हो सके।
कोट
किसी भी कोर्ट परिसर में बेहतर सुविधा होने से ही अधिवक्ता और न्यायाधीश वादियों को न्याय दे पाएंगे। पहले से बने चैंबर की हालत खस्ताहाल हो चुकी थी लेकिन नए परिसर में वरिष्ठ अधिवक्ताओं के लिए बैठने के लिए कोई व्यवस्था नहीं थी। इसके बाद पांच नए चैंबर बनाने का निर्णय लिया है। उम्मीद है कि भविष्य में इतने और चैंबर भी बनाएं जाएंगे।
- एडवोकेट विजय शर्मा, विधायक हीरानगर
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10 लाख से पुराने कोर्ट परिसर की चहारदिवारी का होगा मरम्मत कार्य
कठुआ। हीरानगर स्थित नए मुंसिफ कोर्ट परिसर में अधिवक्ताओं के चैंबर की कोई व्यवस्था नहीं होने के कारण स्थानीय विधायक एडवोकेट विजय शर्मा सामने आए हैं। उन्होंने वकीलों की मुश्किलों को देखते हुए विकास निधि से राशि उपलब्ध कर नए पांच नए चैंबर कक्ष बनाने का निर्णय लिया है। इसके अलावा पुराने कोर्ट की चहारदिवारी यूटी कैपेक्स बजट के तहत 10 लाख रुपये की राशि से करवाई जा रही है।
जानकारी के अनुसार विधायक ने विकास निधि से 21.34 लाख की राशि जारी की है। इसके तहत 12 फीट लंबा व 10 फीट चौड़ा सहित ढाई फीट गैलरी के साथ प्रत्येक चैंबर का निर्माण कार्य करवाया जाएगा। निर्माण कार्य की जिम्मेदारी लोक निर्माण विभाग को सौंपी गई है। इन चैंबर के निर्माण में अगले छह महीनों के भीतर पूरा करने की योजना है। इसके लिए लोक निर्माण विभाग ने कवायद शुरू कर दी है।
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बता दें कि बीते वर्ष 20 दिसंबर 2025 को लगभग साढ़े नौ करोड़ की लागत से हीरानगर न्यायालय परिसर में तीन मंजिला नई इमारत को जनता को समर्पित की गई थी। इसका उद्घाटन जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश अरुण पल्ली ने किया था। इस नई इमारत में मुंसिफ न्यायाधीश का कोर्ट रूम के अलावा पुस्तकालय, लिटिगेंट रूम, स्ट्रांग रूम, सभागार हॉल, मालखाना, सुरक्षा गार्ड रूम, मीटिंग हॉल, अभियोजन पक्ष कार्यालय सहित सभी तरह की व्यवस्था की गई है। अधिवक्ताओं के लिए चैंबर की कोई व्यवस्था नहीं की गई थी। इसके बाद हीरानगर बार एसोसिएशन से जुड़े वकीलों ने इसको लेकर स्थानीय विधायक के संज्ञान में लाया गया। इसके अलावा सरकार की ओर से पुराने कोर्ट परिसर की खस्ताहाल चहारदिवारी की मरम्मत कार्य भी करवाया जाएगा। इसके कोर्ट में बेहतर सुविधा मिल पाएंगी। संवाद
हीरानगर कोर्ट में 35 अधिवक्ता करते हैं प्रैक्टिस
जानकारी के अनुसार मौजूदा समय में हीरानगर बार के साथ कुल 35 के करीब अधिवक्ता जुड़े हुए हैं। इसमें से 25 के करीब अधिवक्ता सक्रिय रूप से प्रैक्टिस करते हैं। हालांकि पुरानी कोर्ट परिसर में अधिवक्ताओं के लिए चैंबर उपलब्ध करवाए गए थे लेकिन उनकी संख्या कम थी। अधिवक्ता कम से कम 10 चैंबर निर्माण की मांग कर रहे हैं जिससे प्रत्येक वकील को कम से कम चैंबर में बैठने की व्यवस्था हो सके।
कोट
किसी भी कोर्ट परिसर में बेहतर सुविधा होने से ही अधिवक्ता और न्यायाधीश वादियों को न्याय दे पाएंगे। पहले से बने चैंबर की हालत खस्ताहाल हो चुकी थी लेकिन नए परिसर में वरिष्ठ अधिवक्ताओं के लिए बैठने के लिए कोई व्यवस्था नहीं थी। इसके बाद पांच नए चैंबर बनाने का निर्णय लिया है। उम्मीद है कि भविष्य में इतने और चैंबर भी बनाएं जाएंगे।
- एडवोकेट विजय शर्मा, विधायक हीरानगर
