सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Indian knowledge tradition can solve future problems: Prof. Pathak

भारतीय ज्ञान परंपरा भविष्य की समस्याओं का समाधान: प्रो. पाठक

Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Mon, 02 Mar 2026 02:23 AM IST
विज्ञापन
Indian knowledge tradition can solve future problems: Prof. Pathak
केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय के निदेशक प्रो सर्व नारायण झा
विज्ञापन
लखनऊ। गोमतीनगर स्थित केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय परिसर में रविवार को भारतीय ज्ञान परंपरा विषय पर अकादमिक कार्यक्रम हुआ। इसका उद्देश्य प्राचीन भारतीय विद्याओं की आधुनिक संदर्भ में प्रासंगिकता पर चर्चा करना और उनके संरक्षण एवं संवर्धन की दिशा में संवाद स्थापित करना रहा।
Trending Videos


कार्यक्रम का शुभारंभ प्रो. मदन मोहन पाठक ने किया। उन्होंने कहा कि भारतीय ज्ञान परंपरा केवल अतीत की धरोहर नहीं, बल्कि भविष्य की चुनौतियों का समाधान भी अपने भीतर समेटे हुए है। आधुनिक समस्याओं के समाधान के लिए पारंपरिक ज्ञान को समझना और अपनाना आवश्यक है।
विज्ञापन
विज्ञापन

काशी हिंदू विश्वविद्यालय के प्रोफेसर प्रियव्रत मिश्र ने भारतीय ज्ञान परंपरा के विविध आयामों विज्ञान, दर्शन, गणित और आयुर्वेद पर विस्तार से प्रकाश डाला। वर्तमान वैश्विक परिदृश्य में भारतीय जीवन दर्शन और पारंपरिक ज्ञान प्रणालियां अत्यंत उपयोगी सिद्ध हो सकती हैं। इन विधाओं को आधुनिक शिक्षा प्रणाली के साथ जोड़ने की आवश्यकता है। ताकि नई पीढ़ी अपनी जड़ों से जुड़ सके।

विश्वविद्यालय के निदेशक प्रो. सर्व नारायण झा ने भारतीय ज्ञान परंपरा के संरक्षण और संवर्धन को समय की प्रमुख आवश्यकता बताया। उन्होंने कहा कि प्राचीन ग्रंथों में निहित ज्ञान को समाज और लोक-कल्याण के लिए व्यापक स्तर पर प्रसारित करना हम सभी की जिम्मेदारी है। कार्यक्रम में शिक्षक, शोधार्थी और छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। व्याख्यान के बाद आयोजित विचार-विमर्श सत्र में विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का विशेषज्ञों द्वारा समाधान किया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed