Lucknow: भाई संग ससुराल आए युवक को लात-घूंसों से पीटा, फिर चाकू से ताबड़तोड़ हमलाकर मार डाला
काकोरी के लालताखेड़ा गांव में पीलीभीत निवासी राम सागर की चाकू से ताबड़तोड़ वार कर हत्या कर दी गई। प्रेम विवाह से नाराज ससुर और साल पर आरोप है। भाई को भी घायल किया गया। पुलिस ने चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है।
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लखनऊ में पीलीभीत के माधौटांडा निवासी राम सागर (25) की सोमवार रात चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर बड़ी बेरहमी से हत्या कर दी गई। वह काकोरी के लालताखेड़ा गांव में रहने वाले पत्नी कामिनी से मिलने के लिए बड़े भाई राहुल गौतम के साथ आए थे।
हत्या का आरोप राम सागर की पत्नी के दो भाईयों, ससुर और एक रिश्ते के साले पहले लगा है। राम सागर को बचाने में उनके भाई राहुल पर भी आरोपियों ने हमला किया, पर उन्होंने भाग कर किसी तरह अपनी जान बचाई। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर सभी को गिरफ्तार कर लिया गया है। राम सागर और कामिनी के प्रेम-विवाह से सभी आरोपी नाराज थे और इसी के चलते वारदात को अंजाम दिया।
राहुल गौतम ने बताया कि छोटा भाई राम सागर (25) फेरी लगाकर कपड़े बेचने का काम करता था। लालताखेड़ा में कपड़ा बेचने के दौरान राम सागर की कुछ वक्त पहले मुलाकात कामिनी से हुई थी। दोनों के बीच मोबाइल फोन पर बातचीत होने लगी और दोनों में प्रेम-प्रसंग हो गया।
दिसंबर 2024 में राम सागर ने चुपके से कामिनी से प्रेम-विवाह कर लिया। वह कामिनी को साथ लेकर अपने गांव में रहने लगा। कामिनी के घरवालों को जब इस बात का पता चला तो वह लोग कामिनी की ससुराल पहुंचे और उसको बहाने से साथ लेकर चले गए। बीच में राम सागर पत्नी कामिनी को विदा करने के लिए ससुराल भी गए थे, पर ससुराल वालों ने विदा करने से मना कर दिया था।
पत्नी की दूसरी शादी का पता चला तो बातचीत करने आए थे
राहुल के मुताबिक, कामिनी के मौसेरे भाई बंथरा के लोनहा निवासी पंकज से राम सागर की फोन पर बातचीत हुई थी। इस दौरान राम सागर को पता चला कि कामिनी के घरवाले उसकी दूसरी शादी करने वाले हैं। रामसागर ने इस बारे में राहुल को बताया था।
दोनों भाई सोमवार को बाइक से पीलीभीत से काकोरी के लालताखेड़ा गांव के लिए निकले। लालताखेड़ा पहुंचने पर उनकी मुलाकात पंकज से हुई। आरोप है कि पंकज ने दोनों को शराब पिलाई। इसके बाद कामिनी से मुलाकात कराने की बात कहते हुए एक लालताखेड़ा गांव में ही एक सुनसान जगह पर रोक दिया।
देखते ही आरोपियों ने कर दिया हमला
राहुल का आरोप है कि कुछ देर के बाद कामिनी के पिता भीमा गौतम, दोनों भाई सुमित, अमित और पंकज हाथ में लाठी-डंडा और चाकू लेकर पहुंच गए। उन लोगों ने न तो कोई बातचीत की और ना ही कुछ बात करने का मौका दिया।
राम सागर और उसके भाई राहुल को देखते ही वह लोग गाली-गलौज करते हुए रामसागर पर टूट पड़े। आरोपी सुमित ने चाकू से राम सागर का गला पर वार कर दिया। हमले में उसके गले के अलावा सीने व पेट पर भी चाकू लगा। आरोपियों ने राम सागर को लात-घूसों से भी बेरहमी से पीट-पीट कर अधमरा कर दिया।
राहगीरों की वजह से राहुल की बची जान
राहुल ने बताया कि भाई पर हमला होता देख उन्होंने राम सागर को बचाने की कोशिश भी की थी, पर आरोपियों ने उनको घेर लिया और चाकू से हमला किया। हमले में चाकू की मामूली चोट उनके पेट, हाथ व आंख पर लगी। वह शोर मचाते हुए रोड की तरफ भागे।
इस बीच कुछ बाइक सवार राहगीर वहां पहुंच गए। पीछे से जब आरोपी पहुंचे तो वह लोग राहगीरों को देखते ही भाग गए। राहुल राहगीरों की मदद से घायल राम सागर को सीएचसी सरोजनीनगर लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उनको मृत घोषित कर दिया। इसके बाद राहुल ने सूचना पुलिस कंट्रोल रूम को दी।
हत्या का केस दर्ज, सभी आरोपियों से पूछताछ जारी
डीसीपी पश्चिम विश्वजीत श्रीवास्तव ने बताया कि राहुल की तहरीर पर पंकज, सुमित, अमित और भीमा के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया गया है। पुलिस ने चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और सभी से पूछताछ कर रही है।