फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Bhopal News ›   MP: Agreement signed for the country's first telecom manufacturing zone in Gwalior; Central and MP governments

MP: ग्वालियर में देश के पहले टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन का हुआ करार, केंद्र और मप्र सरकार ने दिए दस्तखत

Thu, 30 Jul 2026 08:25 PM IST
Anand Pawar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल Published by: Anand Pawar Updated Thu, 30 Jul 2026 08:25 PM IST
सार

ग्वालियर में देश का पहला टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन स्थापित होगा। इस परियोजना से 9 हजार करोड़ रुपये तक का निवेश आने और 10 हजार से अधिक रोजगार के अवसर पैदा होने की उम्मीद है।

विज्ञापन
MP: Agreement signed for the country's first telecom manufacturing zone in Gwalior; Central and MP governments
ग्वालियर में देश का पहला टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन के लिए एमआयू पर हस्ताक्षर हुुए - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

मध्य प्रदेश के ग्वालियर में देश का पहला टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन (TMZ) स्थापित किया जाएगा। इसके लिए गुरुवार को नई दिल्ली में केंद्रीय दूरसंचार विभाग और मध्यप्रदेश सरकार के उद्योग विभाग के बीच समझौता (एमओयू) हुआ। इस दौरान केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और मुख्यमंत्री मोहन यादव मौजूद रहे। केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने कहा कि यह परियोजना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत, मेक इन इंडिया और डिजिटल इंडिया के विजन को नई गति देगी। इससे ग्वालियर-चंबल क्षेत्र देश के प्रमुख दूरसंचार विनिर्माण केंद्र के रूप में उभरेगा। उन्होंने कहा कि टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन करीब 350 एकड़ में विकसित किया जाएगा। पहले चरण में आधारभूत ढांचे के विकास के लिए केंद्र सरकार 500 करोड़ रुपये की पूरी वित्तीय सहायता देगी। यहां मोबाइल फोन, नेटवर्क उपकरण, फाइबर ऑप्टिक्स, सेमीकंडक्टर, 5जी और 6जी तकनीक से जुड़े अनुसंधान, डिजाइन, परीक्षण और निर्माण की सुविधाएं एक ही परिसर में उपलब्ध होंगी। 
विज्ञापन


ये भी पढ़ें-  MP: जानिए कौन हैं 'लेडी सिंघम' IPS मोनिका शुक्ला? किसान आंदोलन में बस के सामने चट्टान बनकर हो गईं थी खड़ी
विज्ञापन


नौ हजार करोड़ निवेश और 10 हजार से ज्यादा रोजगार
सिंधिया ने बताया कि इस परियोजना से प्रदेश में करीब 9 हजार करोड़ रुपये का निवेश आने की संभावना है और 10 हजार से अधिक लोगों को रोजगार मिलेगा। पहले चरण में ही डिक्सन टेक्नोलॉजीज, एचएफसीएल और तेजस नेटवर्क जैसी कंपनियां करीब 2 हजार करोड़ रुपये का निवेश करेंगी, जिससे 4,500 से अधिक रोजगार के अवसर बनेंगे। 
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- MP Weather Today: तीन मौसम प्रणालियां सक्रिय, 17 जिलों में आज तेज बारिश का अलर्ट,47 जिले अब भी सामान्य से पीछे

ग्वालियर-चंबल के युवाओं को मिलेगा लाभ
उन्होंने कहा कि इस परियोजना से ग्वालियर-चंबल क्षेत्र के युवाओं को अपने ही क्षेत्र में आधुनिक उद्योगों में रोजगार मिलेगा। साथ ही स्थानीय उद्योगों और कारोबार को भी बढ़ावा मिलेगा। परियोजना के संचालन के लिए एक स्पेशल पर्पज व्हीकल (SPV) बनाया जाएगा, जिसमें मध्यप्रदेश सरकार की 51 प्रतिशत और दूरसंचार विभाग की 49 प्रतिशत हिस्सेदारी होगी। इससे परियोजना के विकास और संचालन में तेजी आएगी।

ये भी पढ़ें-  Datia Election 2026 Live: दतिया में 71.44% मतदान, 2023 से करीब नौ फीसदी कम पड़े वोट

मध्य प्रदेश बनेगा टेलीकॉम विनिर्माण का बड़ा केंद्र : सीएम
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि यह परियोजना प्रदेश के औद्योगिक विकास को नई दिशा देगी। वहीं सिंधिया ने कहा कि यह केवल एक औद्योगिक परियोजना नहीं, बल्कि भारत को वैश्विक दूरसंचार विनिर्माण क्षेत्र में मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम है। उन्होंने विश्वास जताया कि इससे मध्यप्रदेश देश के प्रमुख इलेक्ट्रॉनिक्स और टेलीकॉम विनिर्माण केंद्र के रूप में स्थापित होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed