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B'day Spl: सरेआम धर्मेंद्र की इस हीरोइन की खींची थी साड़ी, खाई कसम और सीएम बनकर लौंटी
Sat, 24 Feb 2018 03:33 PM IST
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
Updated Sat, 24 Feb 2018 03:33 PM IST
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दक्षिण भारत में भगवान की तरह पूजी जाने वाली जयललिता का आज 70वां जन्मदिन है। जयललिता का जन्म 24 फरवरी 1948 में एक तमिल ब्राह्मण परिवार में हुआ। तमिल फिल्म इंडस्ट्री में एक वक्त ऐसा था जब जयललिता वहां की सुपरस्टार थीं। अपने फिल्मी करियर के दौरान जयललिता ने बॉलीवुड फिल्म में भी किस्मत आजमाई। उस वक्त जयललिता की उम्र महज 19 साल थी जब 1968 में उन्होंने हिंदी फिल्म 'इज्जत' में काम किया। फिल्म के हीरो मशहूर अभिनेता धमेंद्र थे। यह फिल्म जयललिता की एकमात्र हिंदी फिल्म थी।
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जयललिता ने मुख्य रूप से तमिल के अलावा तेलगु और कन्नड़ फिल्मों में भी काम किया। एमजी रामचंद्रन के साथ उन्होंने कई कामयाब फिल्में की। 1961 से 1980 के दौरान उनका फिल्मी करियर बेहद सफल रहा और वह तमिल फिल्मों की सुपरस्टार रहीं। उस दौर में उन्होंने 300 से ज्यादा फिल्मों में काम किया।
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एक खूबसूरत हीरोइन से सख्त लेडी तक का सफर जयललिता के लिए आसान नहीं रहा है। हालांकि फिल्मों के बाद राजनीति का सफर जयललिता के लिए बेहद कामयाबी भरा रहा लेकिन अपने राजनीति के सफर में जयललिता ने कई उतार-चढ़ाव देखे जो किसी फिल्मी स्टोरी से कम नहीं है।
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जयललिता के करीबी रहे रामचंद्रन ने उन्हें अपना राजनीतिक उत्तराधिकारी घोषित कर दिया था। एक बार जब वह तमिलनाडु विधानसभा पहुंची तो उनके साथ काफी बुरा बर्ताव हुआ। 1989 को विपक्ष की नेता जयललिता अपना फोन टैप किए जाने का आरोप लगाकर सदन से निकलने लगीं तो एक डीएमके सदस्य ने उन्हें रोकने के लिए उनकी साड़ी तक खींच ली, जिससे वह गिर गईं। जयललिता ने तब शपथ ली थी कि वह सदन में तब लौटेंगी जब सदन महिलाओं के लिए सुरक्षित होगा। जिसके बाद जयललिता मुख्यमंत्री बनकर लौंटी। 1991 में वह पहली बार तमिलनाडु की मुख्यमंत्री चुनी गईं।
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Jayalalitha
5 दिसंबर 2016 को चेन्नै के अपोलो अस्पताल में जयललिता ने अपनीं अंतिम सांस ली। हालांकि उनकी मौत के बाद कई तरह के सवाल उठे। उनकी पार्टी एआईएडीएमके की तरफ से भी मौत की असल वजह पता कराए जाने की मांग अक्सर उठी। उनकी मौत के 9 महीने बाद तमिलनाडु की ई पलनिसामी सरकार ने इस सिलसिले में एक जांच आयोग गठित की।
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