सिनेमाघरों में सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फ्रेंचाइजी सीरीज बन चुके मार्वेल सिनेमैटिक यूनीवर्स की 25वीं फिल्म ‘इटर्नल्स’ इस दिवाली पर पूरी दुनिया में रिलीज हो रही है। फिल्म में सरसी का मुख्य किरदार निभा रहीं अभिनेत्री जेमा चैन ने फिल्म में अपने किरदार, इस फिल्म को लेकर अपने अनुभवों और एमसीयू में वापसी को लेकर ‘अमर उजाला’ के सलाहकार संपादक पंकज शुक्ल से ये एक्सक्लूसिव बातचीत की। जेमा चैन कोरोना काल में लोगों की मदद के लिए काफी सक्रिय रही हैं। इस दौरान वह अपने साथी कलाकारों के साथ विस्थापितों और शरणार्थियों के लिए खाना बांटने में भी काफी आगे रहीं और अन्य सामाजिक संगठनों के जरिये भी वह लगातार मानवता के हित में हाथ बंटाती रही हैं। फिल्म ‘इटर्नल्स’ में भी उनका किरदार कुछ कुछ ऐसा ही है, मानवता की रक्षा करने वाला।
Eternals Exclusive: जेमा चैन की ‘अमर उजाला’ से एक्सक्लूसिव बातचीत, बोलीं, ये अनुभव अलौकिक होगा
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जेमा चैन को मार्वेल सिनेमैटिक यूनीवर्स के करोड़ों प्रशंसकों ने इस फ्रेंचाइजी की 2019 में रिलीज हुई फिल्म ‘कैप्टन मार्वेल’ में पहली बार देखा। खुद जेमा को इस बात पर अब भी आश्चर्य होता है कि वह फिर से मार्वेल सिनेमैटिक यूनीवर्स में काम करने का मौका पा सकीं और वह भी फिल्म ‘इटर्नल्स’ के लीड किरदार में। वह कहती हैं, ‘मैंने इस बात की कभी उम्मीद भी नहीं की थी कि मैं फिर से एमसीयू में वास आऊंगी। संयोग से मेरी मुलाकात एक दिन मार्वेल स्टूडियोज के प्रेसीडेंट केविन फाइगी से हो गई। उन्होंने कहा कि हमें फिर से साथ में काम करना चाहिए। मैंने भी इसके लिए अपनी रजामंदी जता दी। लेकिन मुझे नहीं पता था कि ये दूसरा मौका इतनी जल्दी आ जाएगा और वह भी इतनी बड़ी स्टार कास्ट के साथ एमसीयू की इतनी बड़ी फिल्म में।’
एमसीयू की फिल्में देखते रहे दर्शकों को फिल्म ‘इटर्नल्स’ में पहली बार एक नया अनुभव भी परदे पर मिलने वाला है और वह है फिल्म की शूटिंग स्टूडियोज के बाहर अनदेखे समुद्र तटों और बीहड़ों में होना। जेमा चैन इस अनुभव के बारे में पूछे जाने पर कहती हैं, ‘पिछली बार जब मैंने मार्वेल की फिल्म की तो इसकी ज्यादातर शूटिंग स्टूडियो में ही हुई। स्पेशल इफेक्ट्स के लिए खास तरह के सेट्स की जरूरत भी पड़ती है। मुझे अब भी स्टूडियो में काम करना भाता है लेकिन कुदरती रोशनी में प्रकृति की गोद में शूटिंग करने का अपना अलग ही रोमांच है। और हां, इसमें चुनौतियां भी बहुत हैं। मैजिक ऑवर (सूर्योदय या सूर्यास्त के ठीक पहले का समय) में शूटिंग करने के लिए हमें बहुत ज्यादा तैयार रहना होता है क्योंकि हमारे पास उस प्रकाश के लिए समय बहुत कम होता है तो हमारे पास ज्यादा रीटेक करने की सुविधा नहीं होती। सबको सब कुछ तैयार करके पहले से रखना होता है ताकि उस थोड़े से समय में सब कुछ सही तरीके से हो सके।’
फिल्म ‘नोमडलैंड’ के लिए इस साल ऑस्कर पुरस्कार जीतने वाली पहली महिला अश्वेत फिल्म निर्देशक क्लोए झाओ के हाथों में फिल्म ‘इटर्नल्स’ की कमान रही है। क्लोए को मानवीय संवेदनाओं को परदे पर प्रस्तुत करने में महारत हासिल रही है। फिल्म में हिंदी सिनेमा के सुपरस्टार किंगो का किरदार कर रहे कुमैल ननजियानी से लेकर जेमा चैन तक सब उनकी अलबेली निर्देशन क्षमता के कायल हैं। जेमा फिल्म में धरती को बचाने निकले सुपरहीरो की मुखिया सरसी का किरदार कर रही हैं। इन अलौकिक शक्तियों के बारे में पूछे जाने पर वह खास खुलासा तो नहीं करतीं। जेमा कहती हैं, ‘किसी किरदार को परदे पर निभाने के लिए कई बार कलाकारों को अपने निजी अनुभवों से भी मदद मिलती है। सरसी की शक्तियों के बारे में तो फिल्म देखकर ही असली आनंद आएगा। मैं कह सकती हूं कि ये अनुभव भी अलौकिक होगा।’