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बाइस्कोप: कादर खान की बतौर संवाद लेखक ये है पहली फिल्म, जया भादुड़ी के हुस्न ने यहां दिखाए असली जलवे

Wed, 15 Jul 2020 12:15 AM IST
Pankaj Shukla पंकज शुक्ल
Updated Wed, 15 Jul 2020 12:15 AM IST
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jawani diwani this day that year series by pankaj shukla 14 july 1972 bioscope jaya bhaduri randhir Kapoor
जवानी दीवानी - फोटो : रोहित झा, अमर उजाला

संयोग ही है कि जिस दिन निर्माता रमेश बहल की फिल्म जवानी दिवानी की रिलीज के 48 साल पूरे हो रहे हैं, उसी दिन उनकी सुपुत्री सृष्टि बहल जो कि अब नेटफ्लिक्स की भारत में इंटरनेशनल ओरिजिनल्स की निदेशक है, उनसे ई मुलाकात भी हुई। सृष्टि के चेहरे पर फिल्म की वर्षगांठ की बात सुनकर जो मुस्कान दिखी, वही रमेश बहल की असली थाती है। न तब जंजीर रिलीज हुई थी और न ही जया भादुड़ी के नाम के साथ बच्चन जुड़ा था। दोनों खूब मिलते थे। कभी छुप छुप कर तो कभी खुल्लम खुल्ला। जया भादुड़ी के फिल्मों के सेट पर अमिताभ बच्चन का पहुंचना आम हुआ करता था लेकिन जया भादुड़ी का पश्चिमी पहनावे में दिखना उतना आम नहीं था।



एक घरेलू सी, सुंदर दिखने वाली लड़की जो कुछ बंगाली फिल्में करने के बाद साल भर पहले ही फिल्म गुड्डी में अपनी छाप छोड़ने में सफल रही, उसने फिल्म जवानी दिवानी तक आते आते लाज को अपनी अदा बनाया और पहली बार ये भी दिखाया कि शोखियां सिर्फ हुस्न परियां ही नहीं बल्कि घरेलू लड़कियां भी दिखा सकती हैं। जया भादुड़ी और रणधीर कपूर की ये फिल्म जवानी दिवानी ही हमारे आज के बाइस्कोप की फिल्म है। लेकिन, आज का किस्सा आगे बढ़ाने से पहले आपको ये गाना देखना जरूरी है क्योंकि ये गाना ही फिल्म जवानी दिवानी की आत्मा को महसूस करने में आपकी मदद करेगा।

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जवानी दिवानी - फोटो : Social Media

तो देखा आपने जया भादुड़ी को! लंबे, घने, काले लेकिन लहराते हुए बाल। शर्ट पैंट पहने डिस्को में अपनी छोटी सी गुड़िया को थाम कैसे लहराती बलखाती घूम रही हैं। हीरो ने तारीफ में दो कसीदे पढ़े तो होंठ भी गोलाइयां बनाने लगे। हिंदी सिनेमा ने आठवें और नौवें दशक की फिल्मों के चलते अपनी एक छवि ऐसी भी गढ़ीं जिसमें हीरो हीरोइन एक खास खांचे से निकले दिखते थे। स्टाइलिश सा हेयर स्टाइल, रंग बिरंगे चमकते कपड़े, बदन पर चिपकी शर्ट और कमर के नीचे से फर्श तक फैलते जाते बेलबॉटम, कमर में चौड़ी सी चमड़े की बेल्ट और गाना शुरू होते ही कैमरे के फ्रेम में आ जाने वाले दर्जन दो दर्जन डांसर्स। मामला कुछ कुछ ऐसा ही फिल्म जवानी दिवानी की शुरुआत में भी दिखता है लेकिन कहानी या थोड़ी अलग है और म्यूजिक तो बिल्कुल ही अलग।

अगर कहा जाए कि 1972 में रिलीज हुई राज कपूर के बड़े बेटे रणधीर कपूर की ये फिल्म अपने संगीत की वजह से सुपरहिट हुई तो गलत नहीं होगा, हालांकि सच ये भी है कि आज के समय में अगर आपको इसके संगीत का लुत्फ लेना है तो इसके वीडियो देखने की बजाय इन्हें सुनना ही बेहतर होगा क्योंकि हिंदी सिनेमा के तमाम बेहतरीन गानों की तरह इस फिल्म के बिंदास और बेधड़क गानों का फिल्मांकन इनके म्यूजिक से कदमताल नहीं कर पाया। फिल्म के सारे गाने सुनने में कमाल लगते हैं। और फिल्म के ये गाने ही हैं जो जवानी दिवानी को एक अलग मुकाम की रोमांटिक कॉमेडी फिल्म बनाने में मदद करते हैं।

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आर डी बर्मन

आर डी बर्मन ने इस फिल्म के गानों में अपना एक अलग ही अंदाज दिखाया। फिल्म में किशोर कुमार और आशा भोसले ने जो कर दिखाया है वह बताने की नहीं सुनने की चीज है। फिल्म का एक गाना है, जाने जां, ढूंढता फिर रहा हूं तुम्हें रात दिन..! इस गाने में किशोर कुमार और आशा भोसले के स्वरों को जिस तरह गायिकी के विपरीत सिरों पर रखकर आर डी बर्मन ने ये गाना कंपोज किया है, वह उनकी कलाकारी का बेहतरीन नमूना है। किशोर कुमार ने तो खैर सामने ये कौन आया और ये जवानी है दिवानी दोनों गानों में कमाल ही कर दिया है। उनको पता है कि ये गाने राजेश खन्ना पर नहीं रणधीर कपूर पर फिल्माए जाने हैं और तभी तो वह अपनी खास स्टाइल में एक नया मिक्स लाते हैं और गाते हैं, गिली गिली अप्पा, गिली गिली अप्पा, पिली पिली पिली...।



फिल्म जवानी दिवानी में मोहब्बत की एक नहीं बल्कि दो दो कहानियां हैं और वह भी दो पीढ़ियों की। गुड्डी और उपहार जैसी फिल्मों से अपनी पहचान बनाने के बाद जया भादुड़ी ने इस फिल्म में अपना लुक और अपना स्टाइल दोनों बदला। इस बार वह स्कूल जाने वाली गुड्डी नहीं थीं, बल्कि जूड़ा बनाए, चमकीली साड़ियां या फिर दमकती कमीज पैंट्स पहनने वाली ऐसी लड़की के किरदार में हैं जो करीब से गुजर जाए तो फ्लर्ट करने सा एहसास देती है। दूसरी प्रेम कहानी फिल्म में निरूपा रॉय की है। जी हां, वही दीवार की ‘मेरे पास मां है’ वाली निरूपा रॉय। हिंदी सिनेमा की पुश्तैनी मां रहीं निरूपा राय के बारे में शायद ही आपको पता हो कि उन्होंने 1955 में ही मां के किरदार करना शुरू कर दिया था। ये फिल्म थी मुनीमजी और इस फिल्म में उनके बेटे बने देव आनंद तब उनसे उम्र में सात साल छोटे थे।

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जवानी दिवानी - फोटो : Social Media

लेकिन, यहां वह रोने धोने वाली मां नहीं हैं। वह मां तो हैं, लेकिन एक स्कूल जाने वाले बच्चे की और मौका मिलता है तो वह अपने पति से थोड़ा सा रूमानी हो जाएं, वाले अंदाज में सटती भी नजर आती हैं। और, उनके पति बने हैं बलराज साहनी। कौन सोच सकता है कि काबुलीवाला और दो बीघा जमीन वाले बलराज साहनी किसी रोमांटिक फिल्म की धुरी भी हो सकते हैं, लेकिन फिल्म जवानी दिवानी का बांध उन्हीं की मेहनत से फूटता है।

फिल्म में रणधीर कपूर, जया, निरुपा और बलराज साहनी के अलावा एक और किरदार है जो इस फिल्म को देखने वाले हर शख्स को याद रहा और वह है फिल्म में रणधीर कपूर के दोस्त बने सत्येन कप्पू। सत्येन कप्पू काबिल कलाकार रहे हैं और यहां इस फिल्म में तो उन्होंने एक दो बार नहीं बल्कि तीन बार कमाल किए हैं। डीजे के तौर पर जो उन्होंने किया सो किया ही लेकिन जिस सीन में वह रणधीर कपूर के पिता बनकर टीचर से मिलने जाते हैं, वह दृश्य देखने लायक है। और, एक और सीन जिसमें सत्येन कप्पू बिल्कुल अदाकारी के उस्ताद के तौर पर परदे पर नजर आते हैं, वह है फिल्म का वह सीन जिसमें वह जया भादुड़ी के पिता से मिलने जाते हैं।

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जवानी दिवानी - फोटो : Social Media

जया भादुड़ी से पहले फिल्म में ये रोल रीमा सप्रू को ऑफर हुआ था। रीमा ने बाद में माधुरी दीक्षित के मैनेजर रहे राकेश नाथ से शादी की। रीमा का करियर दरअसल शुरू होने से पहले ही एक हादसे के चलते बिखर गया। उस खतरनाक दुर्घटना में रीमा की जान जाते जाते बची थी, उनके चेहरे पर गहरी चोट लगी जिसके लिए उन्हें 11 टांके लगाने पड़े और पैर में फ्रैक्चर को ठीक करने के लिए रॉड डालनी पड़ी थी। इस हादसे के चलते ही रीमा हीरोइन नहीं बन सकीं और ये रोल जया भादुड़ी के हिस्से आया। रणधीर कपूर के करियर को सेट करने में फिल्म जवानी दिवानी का खास रोल रहा। इसके बाद वह रमेश बहल के पीछे लगे रहे और उनकी ज्यादातर फिल्मों में नजर आए।

इस फिल्म में हीरो हीरोइन रहे रधणीर कपूर की बेटी करिश्मा कपूर और जया भादुड़ी के बेटे अभिषेक बच्चन बरसों बाद काफी करीब आए। लेकिन, बाद में ये रिश्ता शादी के बंधन में बंधने से पहले ही बिखर गया। 41 साल बाद रणधीर कपूर के भतीजे रणबीर कपूर ने इसी फिल्म के गाने ये जवानी है दिवानी के नाम से बनी फिल्म में 2013 में काम किया। इस फिल्म के सारे गाने हिट रहे और जवानी दिवानी को हिट करने में भी इसके गानों का बड़ा हाथ रहा था।

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