लखनऊ में सआदतगंज निवासी छह साल की मासूम बच्ची से दरिंदगी और हत्या के आरोपी बबलू के खिलाफ सोमवार को जबरदस्त आक्रोश दिखा। गुस्साए लोग आरोपी को खुद सजा देने की मांग कर रहे थे। लोगों ने दरिंदे बबलू को सौंपने की मांग की। पुलिसकर्मियों ने समझाया तो उग्र हो गए। पुलिस किसी तरह दरिंदे को भीड़ से बचाते हुए कोर्ट ले गई। हालांकि, वहां वकीलों ने दरिंदे को घेर लिया और उसकी जमकर पिटाई की। किसी तरह वकीलों को शांत कराकर दरिंदे बबलू को कोर्ट में पेश किया गया। मालूम हो लखनऊ के सआदतगंज थाना क्षेत्र में रविवार शाम एक दरिंदे ने छह साल की बच्ची की दुष्कर्म के बाद गले में चाकू घोंपकर बेरहमी से हत्या कर दी। बच्ची आरोपी के घर की तख्त के नीचे खून से लथपथ अर्धनग्न हालत में पड़ी थी।
दरिंदा सन्नाटा होने पर शव ठिकाने लगाने की कर रहा था तैयारी, लाडली को आखिरी बार देख भी न सकी मां
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इस बीच वजीरबाग पुलिया से दरगाह हजरत अब्बास रोड और आसपास के करीब सवा किलोमीटर इलाके को छावनी बना दिया गया। तनाव और बवाल की आशंका से चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात रही। पोस्टमार्टम के बाद मासूम के शव को घर न ले जाकर अंबरगंज के पार्षद अहसन के घर से ही सुपुर्द-ए-खाक के लिए खन्ना की तकिया कब्रिस्तान ले जाया गया।मासूम बच्ची के साथ रविवार शाम हुई जघन्य वारदात के बाद से ही इलाके में तनाव और आक्रोश के चलते भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया था।सोमवार सुबह बच्ची और आरोपी के घर तथा पोस्टमार्टम हाउस पर एकत्र हजारों लोगों ने आसपास मौजूद पुलिसकर्मियों से बबलू को उन्हें सौंपने के लिए कहा। इलाकाई लोगों ने बच्ची के परिवारीजनों को पांच लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने और दरिंदे को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने की मांग की। दोपहर करीब एक बजे भीड़ से बचते-बचाते पुलिस दरिंदे बबलू को कचहरी लेकर पहुंची जहां वकीलों ने घेर लिया। वकीलों ने दरिंदे को खींच लिया और लात-घूसों व थप्पड़ों की बरसात कर दी। पुलिसकर्मियों ने किसी तरह उसे वकीलों से छुड़ाया। इस दौरान वकीलों की पुलिसकर्मियों से भी धक्का-मुक्की हुई। पुलिस ने दरिंदे को कोर्ट में पेश कर जेल में दाखिल करा दिया है। उधर, दोपहर करीब दो बजे पोस्टमार्टम के बाद पुलिस की निगरानी में मासूम का शव पार्षद के घर ले जाया गया। वहां अंतिम रस्मों के बाद दोपहर करीब तीन बजे खन्ना की तकिया कब्रिस्तान में मासूम को दफना दिया गया।
चाकू, हथौड़ा बरामद
पुलिस ने दरिंदे के घर से कत्ल में इस्तेमाल खून से सना चाकू, एक हथौड़ा, एक लाल रंग की टी-शर्ट, तौलिया और एक नीले रंग की जींस बरामद की है। इंस्पेक्टर महेश पाल सिंह ने बताया कि इन्हें जांच के लिए विधि विज्ञान प्रयोगशाला भेजा जाएगा।
दरिंदे ने बुरी तरह मारा, माथे-आंख पर कई चोटें, गला भी दबाया
बच्ची की पोस्टमार्टम रिपोर्ट बता रही है कि उसके साथ दरिंदगी की गई थी। उसके माथे और दायीं आंख की भौहों के पास चोट के निशान थे। गले में करीब 6.50 सेंटीमीटर गहरा घाव था। निजी अंगों से भी खून निकल रहा था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में यह भी सामने आया है कि बच्ची को मौत के घाट उतारने से पहले दरिंदे ने उसका गला दबाया था। इंस्पेक्टर ने बताया कि पोस्टमार्टम चार चिकित्सकों के पैनल ने किया, जिसमें दो महिला चिकित्सक व एक फोरेंसिक विशेषज्ञ शामिल थे। दुष्कर्म व डीएनए मिलान समेत अन्य जांचों के लिए बच्ची के स्वॉब व अन्य नमूने एकत्र किए गए हैं। इन नमूनों को विधि विज्ञान प्रयोगशाला भेजा जाएगा। आरोपी के घर से बरामद हत्या में इस्तेमाल चाकू, मौके पर मिला हथौड़ा और कपड़ों समेत अन्य सैंपल की भी जांच कराई जाएगी।
संवेदनशील माहौल में सवा किमी. इलाके में आम आवाजाही रोकी
बच्ची की मौत को लेकर बवाल की आशंका से पूरे इलाके को छावनी बना दिया गया था। वजीरबाग पुलिया, चौपटिया और दरगाह हजरत अब्बास रोड पर बैरीकेडिंग व लोहे की बेंच लगाकर रास्ते बंद कर दिए गए थे। गढ़ैया से तोप दरवाजा और वजीरबाग चरही तक आम आवाजाही रोक दी गई। सुपुर्द-ए-खाक करने के बाद शाम को इन रास्तों को खोला गया।
दरिंदे को सजा दिलाने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट में ले जाएंगे केस
एसएसपी कलानिधि नैथानी ने बताया कि आरोपी बबलू को सजा दिलाने के लिए सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए एएसपी पश्चिम विकास चंद्र त्रिपाठी को उन्होंने केस फास्ट ट्रैक कोर्ट में लगवाने और सख्त सजा की पैरवी करने की जिम्मेदारी दी है।
पौन घंटे में दिया वारदात को अंजाम
बच्ची के पिता ने बताया कि शाम करीब पांच बजे तक बबलू उनके साथ ही था। दरिंदे ने घर जाने की बात कही तो बच्ची के पिता ने उससे अपनी पत्नी से मोबाइल पर बात कराने के लिए कहा। बबलू उसके घर पहुंच गया। उस वक्त हलकी बारिश हो रही थी। घर के बाहर ही बच्ची खेल रही थी। दरिंदे ने उससे पानी मांगा तो बच्ची पड़ोसी के घर जाकर पानी ले आई। पानी पीने के बाद वह बच्ची को अपने साथ ले गया। बच्ची के जाने के पांच मिनट बाद ही उसकी मां ने बाहर झांका तो बेटी कहीं नजर नहीं आई। उन्होंने घर के बाहर बैठी मां से पूछा। इस पर नानी ने बबलू के साथ जाने की जानकारी दी। बच्ची की मां तुरंत पति को ढूंढते हुए तलहा की दुकान पहुंचीं। वहां पति को उन्होंने बेटी के गायब होने की खबर दी। सब मिलकर बबलू को तलाश करने लगे। करीब पौन घंटे बाद बबलू इलाके में ही घूमता हुआ मिल गया। शातिर दरिंदे को दबोचकर बच्ची के बारे में पूछा गया लेकिन उसने जानकारी से इनकार कर दिया। इस पर लोगों ने बबलू को छोड़ दिया और इधर-उधर बच्ची को ढूंढने लगे। कुछ पता न चलने पर पुलिस को सूचना दी। शाम करीब साढ़े छह बजे परिवारीजन और पुलिस बबलू के घर पहुंचे जहां बच्ची बेड के बॉक्स में लहूलुहान हालत में मिल गई।