हिमाचल के किन्नौर जिले में भारत-चीन सीमा से सटे दुर्गम क्षेत्र नमज्ञा में गश्त पर निकले सेना के छह जवान भारी हिमस्खलन में दब गए हैं। इनमें एक जवान की मौत हो गई है, जबकि 5 सैनिकों का अभी तक कोई अता-पता नहीं है।
बर्फ में दबे जवानों को निकालने के लिए डेढ़ सौ जवानों और किन्नौर पुलिस ने देर रात तक रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया। खबर लिखे जाने तक जवानों का कोई पता नहीं चल पाया था। जानकारी के अनुसार चीन सीमा से सटे नमज्ञा पंचायत के डोगरी नाले के आसपास बुधवार सुबह भारतीय सेना के छह और आईटीबीपी के 10 जवान पेट्रोलिंग पर निकले थे।
दोपहर लगभग 12 बजे डोगरी नाले में पहाड़ी से भारी हिमस्खलन हुआ। संयुक्त पेट्रोलिंग कर रहे जवान इसकी चपेट में आ गए। सेना की टुकड़ी में शामिल सभी छह जवान बर्फ के नीचे दब गए। आनन-फानन में एक जवान राकेश कुमार को घायल अवस्था में बाहर निकालकर अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उसकी जान नहीं बचाई जा सकी। सेना के पांच अन्य जवान अभी तक लापता हैं।
उनकी तलाश में आईटीबीपी, भारतीय सेना, जिला प्रशासन और पुलिस के करीब 150 लोग जुटे हुए हैं। बुधवार को दिन भर रेस्क्यू टीम लापता जवानों की तलाश में जुटी हुई है। एसपी किन्नौर साक्षी वर्मा ने कहा कि नमज्ञा में हिमस्खलन की चपेट में आने से भारतीय सेना के एक जवान की मौत हो गई है, जबकि पांच अन्य लापता हैं। रेस्क्यू ऑपरेशन चल रहा है। शहीद हुए जवान को पूह स्थित आर्मी हेडक्वार्टर लाया जा रहा है।
शहीद जवान की पहचान हिमाचल के बिलासपुर के राकेश कुमार के रूप में हुई है। हिमस्खलन की चपेट में आए अन्य पांच जवानों में तीन हिमाचल, एक जम्मू एवं एक दार्जिलिंग का बताया जा रहा है। जवानों के नाम का सेना अभी खुलासा नहीं कर रही है।