{"_id":"68bc5968d402a47c230f6533","slug":"mathura-flooded-due-to-rising-water-level-of-yamuna-2025-09-06","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"मथुरा में बाढ़: डूबे घाट...काॅलोनियां हुईं जलमग्न, 36 गांव बन गए टापू; बर्बादी देख किसान की हार्ट अटैक से माैत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मथुरा में बाढ़: डूबे घाट...काॅलोनियां हुईं जलमग्न, 36 गांव बन गए टापू; बर्बादी देख किसान की हार्ट अटैक से माैत
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
Published by: अरुन पाराशर
Updated Sun, 07 Sep 2025 01:07 AM IST
सार
मथुरा में बाढ़ से हालात बेकाबू हो गए हैं। यमुना का पानी लगाताए सीमाएं लांघ रहा है। बाढ़ प्रभावित परिवारों का दर्द शब्दों में बयां करना मुश्किल है। प्रशासन ने रविवार और सोमवार तक यमुना जलस्तर को लेकर हाई अलर्ट जारी किया है। ऐसे में लोगों की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं।
विज्ञापन
1 of 14
मथुरा में बाढ़।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
मथुरा में बाढ़ से हालात विकराल होते जा रहे हैं। शुक्रवार रात को यमुना के सभी घाट दरिया बन गए। यहां तक कि रोड तक पानी आ गया। सदर बाजार की कुछ कॉलोनियों में भी पानी घुस गया। मथुरा-वृंदावन की दर्जनों कॉलोनियां व जिले के करीब 36 गांव टापू बन गए हैं। कुछ गांव के ग्रामीणों को स्टीमर से राहत सामग्री पहुंचाई जा रही तो कई गांव खाली कराए हैं। पानी का बहाव इतना तेज है कि चंद मिनटों में कई किमी रफ्तार तय कर रहा है। प्रशासन ने सोमवार तक यमुना जलस्तर को लेकर हाई अलर्ट जारी किया है।
2 of 14
मथुरा में बाढ़।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
हाल ये है कि बीते 24 घंटे में जयसिंहपुरा की कई और कॉलोनियां जलमग्न हो गईं। बंगाली घाट, विश्राम घाट और प्रयाग घाट डूब गया। सदर बाजार क्षेत्र की कॉलोनियां तक यमुना का पानी पहुंच गया। इधर, ग्रामीण क्षेत्रों में आबादी क्षेत्र समेत खेत-खलियान सब लबालब भरे हैं। हालात इतने विकराल हो गए हैं कि यमुना से सटे क्षेत्रों में दूर-दूर तक पानी ही पानी नजर आ रहा है।
3 of 14
मथुरा में बाढ़।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
नौहझील क्षेत्र में सबसे अधिक गांव बाढ़ से प्रभावित हैं। इसमें करीब 10 गांव ऐसे हैं, जो डूब गए हैं और 16 गांव टापू बन गए हैं। ये यमुना के तटवर्ती गांव हैं, जहां बीते एक सप्ताह से पानी भरा हुआ है। शेगगढ़ क्षेत्र में भी करीब छह गांव टापू बन गए। इनमें बाबूगढ़, चमनगढ़, ओवा, बहटा गांव में अधिक पानी भरने से खाली कराया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
4 of 14
मथुरा में बाढ़।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
मांट क्षेत्र के बेगमपुर और जहांगीर में भी घुटनों तक पानी भर गया है। यहां तक कि शनिवार सुबह महावन क्षेत्र में रमणरेती आश्रम में भी पानी घुस गया और गोकुल की कई कॉलोनियां प्रभावित हो गई हैं। प्रशासन की ओर से लगातार राहत व बचाव कार्य कराया जा रहा है, लेकिन बाढ़ प्रभावित परिवारों का दर्द शब्दों में बयां करना मुश्किल है। हालांकि प्रशासन ने रविवार और सोमवार तक यमुना जलस्तर को लेकर हाई अलर्ट जारी किया है।
विज्ञापन
5 of 14
मथुरा में बाढ़।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
शनिवार को यमुना का जलस्तर 166.86 मीटर से बढ़कर 167.25 मीटर दर्ज किया गया है। यह आंकड़ा खतरे के निशान 166 से 1.25 मीटर अधिक है। अधिकारियों ने सोमवार के बाद लगातार जलस्तर कम होने की उम्मीद जताई है।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे| Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।