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Google Search होगा और पर्सनल: आपकी ईमेल और फोटो से सीखकर AI देगा हर सवाल का जवाब
Fri, 23 Jan 2026 06:25 PM IST
नीतीश कुमार
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: नीतीश कुमार
Updated Fri, 23 Jan 2026 06:25 PM IST
सार
Google AI Mode: गूगल अपने सर्च इंजन को और भी अधिक स्मार्ट बनाने पर लगातार काम कर रहा है। इसी के तहत कंपनी ने अब अपने एआई मोड में एक नया फीचर जोड़ दिया है। यह यूजर की ईमेल, फोटो, पसंद और आदतों के आधार पर ज्यादा पर्सनल और सटीक जवाब देगा।
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एआई मोड में जुड़ा नया फीचर
- फोटो : Google
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विस्तार
अगर आप गूगल पर किसी ट्रिप का सुझाव मांगें और वह आपकी पुरानी छुट्टियों की पसंद के आधार पर जवाब दे, तो कैसा लगेगा? गूगल का नया 'पर्सनल इंटेलिजेंस' (Personal Intelligence) टूल यही काम करने जा रहा है। गूगल अपने सर्च इंजन को और भी अधिक स्मार्ट बनाने पर लगातार काम कर रहा है। इसी कोशिश में कंपनी ने अपने एआई मोड (AI Mode) में एक नया दरवाजा खोला है, जो सीधे आपकी जीमेल (Gmail) और गूगल फोटोज (Google Photos) से जुड़ जाएगा।
इसका मतलब यह है कि जब आप सर्च करेंगे, तो गूगल का एआई सिर्फ इंटरनेट से जानकारी नहीं उठाएगा, बल्कि यह भी देखेगा कि आपकी पसंद के कपड़े कौन से हैं या आप किन रेस्टोरेंट्स में जाना पसंद करते हैं। यह सब आपकी पुरानी तस्वीरों और ईमेल के जरिए संभव होगा।
रोल आउट हुआ नया फीचर
यह नया विकल्प रोलआउट होना शुरू हो गया है। शुरुआत में यह अमेरिका में Google AI Pro और Ultra सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध कराया जाएगा। इसके अलावा, Google के एक्सपेरिमेंटल Labs सेक्शन के तहत किसी भी पर्सनल Google अकाउंट वाले यूजर को इसे आजमाने का मौका मिलेगा।
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कैसे काम करेगा यह नया फीचर?
अगर यूजर इस फीचर को ऑन करता है, तो Google का AI Mode सीधे Gmail और Google Photos एप से जुड़ जाएगा। इससे AI को यूजर की लाइफ से जुड़ी ज्यादा जानकारी मिलेगी और वह उसी के आधार पर ज्यादा रिलेटेड और पर्सनल जवाब देने में सक्षम होगा।
मान लीजिए कोई यूजर वीकेंड गेटअवे के लिए सुझाव मांगता है, तो AI उसके पुराने ट्रैवल रिकॉर्ड और अनुभवों के आधार पर तुरंत जगहें सुझा सकता है। इसी तरह, AI Mode यूजर के पसंदीदा रेस्टोरेंट्स को पहचान सकता है या गूगल फोटोज में मौजूद पुरानी तस्वीरों के जरिए कपड़ों के पसंदीदा स्टाइल तक समझ सकता है।
इस फीचर को चालू करने का मतलब है कि यूजर को Google पर अपनी निजी जानकारियों की सुरक्षा को लेकर भरोसा करना होगा। हालांकि, कंपनी का तर्क है कि करोड़ों लोग पहले से ही जीमेल, फोटोज और सर्च के जरिए वर्षों से निजी जानकारी गूगल के साथ साझा करते आ रहे हैं।
Apple के साथ पार्टनरशिप
गूगल की यह महत्वाकांक्षा सिर्फ अपने तक ही सीमित नहीं है। हाल ही में गूगल ने एपल (Apple) के साथ भी हाथ मिलाया है। अब आईफोन और मैक यूजर्स को भी गूगल के एआई टूल्स का फायदा मिलेगा। इससे एपल की असिस्टेंट सिरी (Siri) और भी ज्यादा बातचीत करने वाली और मददगार बन जाएगी।
यह सब ऐसे समय में हो रहा है जब गूगल को ChatGPT और Perplexity जैसे नए एआई इंजनों से कड़ी टक्कर मिल रही है। हालांकि 2024 में एक कोर्ट ने गूगल को सर्च मार्केट में एकाधिकार माना था, लेकिन एआई के दौर में बढ़ती प्रतिस्पर्धा को देखते हुए कोर्ट ने गूगल को अपना क्रोम (Chrome) ब्राउजर बेचने के दबाव से राहत दे दी है।
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इसका मतलब यह है कि जब आप सर्च करेंगे, तो गूगल का एआई सिर्फ इंटरनेट से जानकारी नहीं उठाएगा, बल्कि यह भी देखेगा कि आपकी पसंद के कपड़े कौन से हैं या आप किन रेस्टोरेंट्स में जाना पसंद करते हैं। यह सब आपकी पुरानी तस्वीरों और ईमेल के जरिए संभव होगा।
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रोल आउट हुआ नया फीचर
यह नया विकल्प रोलआउट होना शुरू हो गया है। शुरुआत में यह अमेरिका में Google AI Pro और Ultra सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध कराया जाएगा। इसके अलावा, Google के एक्सपेरिमेंटल Labs सेक्शन के तहत किसी भी पर्सनल Google अकाउंट वाले यूजर को इसे आजमाने का मौका मिलेगा।
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कैसे काम करेगा यह नया फीचर?
अगर यूजर इस फीचर को ऑन करता है, तो Google का AI Mode सीधे Gmail और Google Photos एप से जुड़ जाएगा। इससे AI को यूजर की लाइफ से जुड़ी ज्यादा जानकारी मिलेगी और वह उसी के आधार पर ज्यादा रिलेटेड और पर्सनल जवाब देने में सक्षम होगा।
मान लीजिए कोई यूजर वीकेंड गेटअवे के लिए सुझाव मांगता है, तो AI उसके पुराने ट्रैवल रिकॉर्ड और अनुभवों के आधार पर तुरंत जगहें सुझा सकता है। इसी तरह, AI Mode यूजर के पसंदीदा रेस्टोरेंट्स को पहचान सकता है या गूगल फोटोज में मौजूद पुरानी तस्वीरों के जरिए कपड़ों के पसंदीदा स्टाइल तक समझ सकता है।
इस फीचर को चालू करने का मतलब है कि यूजर को Google पर अपनी निजी जानकारियों की सुरक्षा को लेकर भरोसा करना होगा। हालांकि, कंपनी का तर्क है कि करोड़ों लोग पहले से ही जीमेल, फोटोज और सर्च के जरिए वर्षों से निजी जानकारी गूगल के साथ साझा करते आ रहे हैं।
Apple के साथ पार्टनरशिप
गूगल की यह महत्वाकांक्षा सिर्फ अपने तक ही सीमित नहीं है। हाल ही में गूगल ने एपल (Apple) के साथ भी हाथ मिलाया है। अब आईफोन और मैक यूजर्स को भी गूगल के एआई टूल्स का फायदा मिलेगा। इससे एपल की असिस्टेंट सिरी (Siri) और भी ज्यादा बातचीत करने वाली और मददगार बन जाएगी।
यह सब ऐसे समय में हो रहा है जब गूगल को ChatGPT और Perplexity जैसे नए एआई इंजनों से कड़ी टक्कर मिल रही है। हालांकि 2024 में एक कोर्ट ने गूगल को सर्च मार्केट में एकाधिकार माना था, लेकिन एआई के दौर में बढ़ती प्रतिस्पर्धा को देखते हुए कोर्ट ने गूगल को अपना क्रोम (Chrome) ब्राउजर बेचने के दबाव से राहत दे दी है।