प्रयागराज : नीट छात्रा ने पिता की लाइसेंसी बंदूक से गोली मारकर दी जान, कई बार असफल होने पर उठाया खौफनाक कदम
Prayagraj Crime News : प्रयागराज के झूंसी स्थित त्रिवेणीपुरम में नीट की तैयारी कर रही छात्रा की मौत से सनसनी फैल गई। घटना की सूचना पर पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। पुलिस परिजनों से पूछताछ करने के साथ मामले की जांच कर रही है।
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त्रिवेणीपुरम कॉलोनी के गंगा सेक्टर में सोमवार को 18 वर्षीय नीट छात्रा ऋतु शर्मा ने कमरे में पिता की लाइसेंसी पिस्टल से सिर में गोली मारकर जान दे दी। सोमवार दोपहर जारी हुई नीट काउंलिंग के तीसरे राउंड में छात्रा को सोनभद्र के सरकारी मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस की सीट आवंटित हुई थी। आशंका जताई जा रही है कि छात्रा ने रविवार रात को ही खुदकुशी कर ली थी।
गाजीपुर के नोनहरा थाना क्षेत्र के अनुईपुर गांव निवासी रिटायर्ड इंजीनियर देवराज शर्मा ने करीब छह साल पहले त्रिवेणीपुरम के गंगा सेक्टर में मकान बनवाया था। भूतल पर शॉपिंग मॉल है। पहली मंजिल के दो फ्लैट को जोड़कर परिवार रहता है। उसके ऊपर के मंजिल में किरायेदार और भाई रहते हैं। सोमवार शाम करीब साढ़े पांच बजे देवराज शर्मा और उनकी पत्नी अमौती शर्मा घर में मौजूद थे। बेटी ऋतु अपने कमरे में थी। वह अक्सर देर रात तक पढ़ाई करती थी। दोपहर बाद ही कमरे से बाहर आती थी।
सोमवार को वह काफी देर तक बाहर नहीं निकली तो परिजनों को संदेह हुआ। इस पर देवराज ने घटना की जानकारी अपने अधिवक्ता भाई को दी। छात्रा के कमरे में लगी स्लाइडिंग वाली खिड़की खोली गई खून से लथपथ ऋतु का शव दिखा। मौके पर एसीपी झूंसी अरुण पाराशर और इंस्पेक्टर नरेश कुमार कश्यप भारी पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। फॉरेंसिक टीम को भी बुलाया गया। फिर किसी तरीके से छात्रा के कमरे का दरवाजा खोला गया।
देवराज की लाइसेंसी पिस्टल भी बरामद की गई। छात्र ने सिर के बाईं कनपटी पर गोली मारी थी। गोली बाई कनपटी से होते हुए दाहिने तरफ से निकल गई थी। आशंका है कि छात्रा ने रात को ही गोली मारकर खुदकुशी कर ली थी। मौत का सही समय और घटना के पीछे की वजह जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।
सोनभद्र मेडिकल कॉलेज में मिला था दाखिला
ऋतु ने प्रयागराज के दिल्ली पब्लिक स्कूल (डीपीएस) से इंटरमीडिएट की पढ़ाई की थी। इसके बाद वह नीट की तैयारी कर रही थी। इस बार उसकी ऑल इंडिया रैंक 10,74,272 आई थी। सोमवार को जारी यूपी नीट की तीसरे राउंड की काउंसलिंग में उसे ईडब्ल्यूएस-दिव्यांग कोटे के तहत सोनभद्र के सरकारी मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस की सीट आवंटित हुई थी। एसीपी अरुण पाराशर ने बताया कि परिजनों से पूछताछ में पता चला कि दो राउंड की काउंसलिंग में उसका चयन नहीं हो पाया था जिससे वह तनाव में थी। सोमवार को उसके इस आत्मघाती कदम से कुछ घंटे बाद आए परिणाम में उसका दाखिला सरकारी मेडिकल कॉलेज सोनभद्र में हो गया था।
पिता देवराज के पास थे दो लाइसेंसी असलहे
ऋतु के पिता इंजीनियर देवराज शर्मा के पास .32 बोर की पिस्टल और .315 बोर की राइफल है। दोनों असलहों का ऑल इंडिया लाइसेंस गृह मंत्रालय और अरुणाचल प्रदेश के ईस्ट सियांग जिला प्रशासन से जारी हुआ था। पुलिस ने घटनास्थल से पिस्टल बरामद की है।