{"_id":"6a303f8aa3afb7f11d041324","slug":"panchayat-assistants-demand-an-increase-in-honorarium-auraiya-news-c-211-1-aur1008-146616-2026-06-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Auraiya News: पंचायत सहायकों ने की मानदेय वृद्धि की मांग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Auraiya News: पंचायत सहायकों ने की मानदेय वृद्धि की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
Updated Mon, 15 Jun 2026 11:38 PM IST
विज्ञापन
फोटो-20- पूर्व मंत्री लाखन सिंह को ज्ञापन सौंपते पंचायत सहायक। संवाद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
अछल्दा। पंचायत सहायक कर्मचारी यूनियन के बैनर तले सोमवार को पंचायत सहायकों ने मानदेय वृद्धि की मांग उठाई। इसे लेकर उन्होंने निदेशक, पंचायती राज विभाग को संबोधित 14 सूत्री ज्ञापन पूर्व राज्य मंत्री लाखन सिंह राजपूत को सौंपा।
ज्ञापन में कहा गया कि ग्राम पंचायत सचिवालयों के संचालन और डिजिटल सेवाओं के क्रियान्वयन में पंचायत सहायक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इसके बावजूद आज तक न तो स्पष्ट सेवा नियमावली है और न ही कार्य के अनुरूप मानदेय मिल रहा है। यूनियन ने छह हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय को बढ़ाकर 30 हजार रुपये प्रतिमाह करने अथवा न्यूनतम कुशल मजदूरी दर लागू करने की मांग की है।
इसके अलावा कंप्यूटर आधारित ऑनलाइन उपस्थिति प्रणाली लागू करने, पृथक पंचायत सहायक पोर्टल विकसित करने, ग्राम पंचायत सचिवालय के लिए फर्नीचर, कंप्यूटर, प्रिंटर व अन्य उपकरण उपलब्ध कराने की मांग की गई। वहीं इंटरनेट, प्रिंटिंग व स्टेशनरी के लिए प्रतिमाह निर्धारित बजट देने की मांग की गई। पंचायत सहायकों ने ज्ञापन के माध्यम से एक सप्ताह के भीतर सकारात्मक एवं ठोस निर्णय लेने की मांग की है।
विज्ञापन
ज्ञापन में कहा गया कि ग्राम पंचायत सचिवालयों के संचालन और डिजिटल सेवाओं के क्रियान्वयन में पंचायत सहायक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इसके बावजूद आज तक न तो स्पष्ट सेवा नियमावली है और न ही कार्य के अनुरूप मानदेय मिल रहा है। यूनियन ने छह हजार रुपये प्रतिमाह मानदेय को बढ़ाकर 30 हजार रुपये प्रतिमाह करने अथवा न्यूनतम कुशल मजदूरी दर लागू करने की मांग की है।
विज्ञापन
विज्ञापन
इसके अलावा कंप्यूटर आधारित ऑनलाइन उपस्थिति प्रणाली लागू करने, पृथक पंचायत सहायक पोर्टल विकसित करने, ग्राम पंचायत सचिवालय के लिए फर्नीचर, कंप्यूटर, प्रिंटर व अन्य उपकरण उपलब्ध कराने की मांग की गई। वहीं इंटरनेट, प्रिंटिंग व स्टेशनरी के लिए प्रतिमाह निर्धारित बजट देने की मांग की गई। पंचायत सहायकों ने ज्ञापन के माध्यम से एक सप्ताह के भीतर सकारात्मक एवं ठोस निर्णय लेने की मांग की है।