{"_id":"6a7f748aca9fd0a9b40c16f7","slug":"the-arrangements-for-180-power-stations-of-the-division-will-be-strengthened-azamgarh-news-c-258-1-svns1005-155393-2026-08-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Azamgarh News: मंडल के 180 बिजलीघरों की व्यवस्था होगी सुदृढ़","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Azamgarh News: मंडल के 180 बिजलीघरों की व्यवस्था होगी सुदृढ़
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मंडल के 180 बिजलीघरों की व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ और सुरक्षित बनाने के लिए प्रोटेक्शन सहित कई कार्य कराए जाएंगे। इन कार्यों पर करीब 21 करोड़ रुपये खर्च होंगे। शासन स्तर से कार्यों को मंजूरी मिल चुकी है।
विभाग की ओर से इन कार्यों को धरातल पर उतारने की तैयारी भी शुरू कर दी गई है। मंडल की चारों सर्किल में विभिन्न भार के करीब 15 लाख उपभोक्ता हैं। बड़ी संख्या में उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली उपलब्ध कराने के लिए उपकेंद्रों और उनसे जुड़े उपकरणों का सुरक्षित और बेहतर स्थिति में होना जरूरी है।
मुख्य अभियंता वितरण इंजीनियर रामबाबू ने बताया कि बिजली घरों पर प्रोटेक्शन और अन्य विविध कार्यों के तहत जर्जर तार और केबल बदलने के साथ ही वीसीबी, एलए, अर्थिंग, सीआरपी, टेललेस यूनिट, एलटी एसीबी, आरएमयू आदि उपकरणों को बदला या लगाया जाएगा।
विज्ञापन
इससे बिजलीघरों की व्यवस्था मजबूत होने के साथ ही विद्युत आपूर्ति में आने वाली तकनीकी दिक्कतों को कम करने में मदद मिलेगी। इसके तहत आजमगढ़ प्रथम में 85, मऊ में 144, बलिया में 153 और आजमगढ़ द्वितीय में 46 कार्य कराए जाएंगे।
बताया कि पुराने और जर्जर उपकरणों के कारण कई बार विद्युत आपूर्ति प्रभावित होती है। प्रोटेक्शन सिस्टम में सुधार होने से फाल्ट की स्थिति में सुरक्षा व्यवस्था बेहतर होगी और खराबी को सीमित क्षेत्र तक रखने में भी मदद मिलेगी। इससे उपभोक्ताओं को लंबे समय तक बिजली कटौती की समस्या से राहत मिलने की उम्मीद है।
विज्ञापन
विभाग की ओर से इन कार्यों को धरातल पर उतारने की तैयारी भी शुरू कर दी गई है। मंडल की चारों सर्किल में विभिन्न भार के करीब 15 लाख उपभोक्ता हैं। बड़ी संख्या में उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली उपलब्ध कराने के लिए उपकेंद्रों और उनसे जुड़े उपकरणों का सुरक्षित और बेहतर स्थिति में होना जरूरी है।
विज्ञापन
मुख्य अभियंता वितरण इंजीनियर रामबाबू ने बताया कि बिजली घरों पर प्रोटेक्शन और अन्य विविध कार्यों के तहत जर्जर तार और केबल बदलने के साथ ही वीसीबी, एलए, अर्थिंग, सीआरपी, टेललेस यूनिट, एलटी एसीबी, आरएमयू आदि उपकरणों को बदला या लगाया जाएगा।
विज्ञापन
इससे बिजलीघरों की व्यवस्था मजबूत होने के साथ ही विद्युत आपूर्ति में आने वाली तकनीकी दिक्कतों को कम करने में मदद मिलेगी। इसके तहत आजमगढ़ प्रथम में 85, मऊ में 144, बलिया में 153 और आजमगढ़ द्वितीय में 46 कार्य कराए जाएंगे।
बताया कि पुराने और जर्जर उपकरणों के कारण कई बार विद्युत आपूर्ति प्रभावित होती है। प्रोटेक्शन सिस्टम में सुधार होने से फाल्ट की स्थिति में सुरक्षा व्यवस्था बेहतर होगी और खराबी को सीमित क्षेत्र तक रखने में भी मदद मिलेगी। इससे उपभोक्ताओं को लंबे समय तक बिजली कटौती की समस्या से राहत मिलने की उम्मीद है।