बड़ौत। दिल्ली-सहारनपुर हाईवे स्थित एक प्रतिष्ठान पर शुक्रवार को राज्य विद्युत परिषदीय जूनियर इंजीनियरों संगठन के तत्वावधान में प्रशिक्षण एवं संपर्क प्रवास कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें अभियंताओं की समस्याओं, निजीकरण और विभिन्न विभागीय विषयों पर चर्चा की गई।
केंद्रीय अध्यक्ष जीवी पटेल ने कहा कि निजीकरण के खिलाफ संगठन अंतिम समय तक संघर्ष करेगा और किसी भी स्थिति में इसे लागू नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने प्रभारी अवर अभियंता व्यवस्था समाप्त करने, 4800 नॉन-फंक्शनल ग्रेड पे समाप्त करने, तृतीय समय के बाद उच्च वेतनमान प्रदान करने तथा फेशियल उपस्थिति (अटेंडेंस) के आदेश वापस लेने की मांग प्रमुखता से उठाई। उन्होंने कहा कि निर्दोष अभियंताओं को समर्पण आदेश के माध्यम से दूरदराज स्थानांतरित कर उत्पीड़ित किया जा रहा है, जिसे संगठन किसी भी हाल में स्वीकार नहीं करेगा। साथ ही वर्ष 2023 में ऊर्जा मंत्री के साथ हुए समझौते को लागू न किए जाने पर नाराजगी जताते हुए फिर से आंदोलन शुरू करने की चेतावनी दी। इस दौरान केंद्रीय उपाध्यक्ष पंकज जायसवाल ने तकनीकी बिंदुओं, अनुरक्षण कार्य, विद्युत सुरक्षा और विभागीय पत्राचार से संबंधित प्रशिक्षण प्रदान किया। कार्यक्रम में जिलाध्यक्ष राकेश ढाका, सचिव केके पटेल, वरिष्ठ उपाध्यक्ष रमेश विश्वकर्मा, अधिशासी अभियंता मोहित राव, रवि यादव, एसडीओ सनी देओल, गणेश प्रसाद व कमलेश मौर्य मौजूद रहे।