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Banda News: ट्रॉमा सेंटर में डायरिया, बुखार के मरीजों से सभी बेड फुल
संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
Updated Tue, 03 Mar 2026 10:44 PM IST
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बांदा। त्योहार के चलते जिला अस्पताल की ओपीडी दो दिन बंद रहने से ट्रॉमा सेंटर में मरीजों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। सांस, डायरिया और बुखार के मरीजों से ट्रॉमा सेंटर के सभी 29 बेड मंगलवार को भर गए। मरीजों को बाद में अंदर के वार्ड में स्थानांतरित करना पड़ा।
मंगलवार को बंगालीपुरा निवासी कमला (70), शांतिनगर निवासी शिवकांति (50) समेत 30 से अधिक मरीजों को भर्ती किया गया। इन मरीजों में सांस, सीने के दर्द, डायरिया और बुखार के लक्षण प्रमुख थे। ट्रॉमा सेंटर की ओपीडी में भी 100 से ज्यादा मरीजों ने इलाज कराया।
इनमें अधिकांश मरीज बुखार और डायरिया से पीड़ित थे। वरिष्ठ ईएमओ डॉ. विनीत सचान ने बताया कि 30 से अधिक मरीजों को भर्ती कर उनका उपचार किया जा रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि इमरजेंसी में डॉक्टरों की शिफ्टवार ड्यूटी लगाई गई है। सभी आने वाले मरीजों को देखा जा रहा है।
मरीजों की बढ़ती संख्या
जिला अस्पताल की ओपीडी बंद होने से मरीजों का दबाव सीधे ट्रॉमा सेंटर पर आ गया। इससे सेंटर में उपलब्ध सभी बेड भर गए और अतिरिक्त मरीजों को समायोजित करना पड़ा। कई ग्रामीण क्षेत्रों से भी मरीज इलाज के लिए ट्रॉमा सेंटर पहुंचे। मरीजों की बढ़ती संख्या ने स्वास्थ्य कर्मियों पर अतिरिक्त बोझ डाला है।
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मंगलवार को बंगालीपुरा निवासी कमला (70), शांतिनगर निवासी शिवकांति (50) समेत 30 से अधिक मरीजों को भर्ती किया गया। इन मरीजों में सांस, सीने के दर्द, डायरिया और बुखार के लक्षण प्रमुख थे। ट्रॉमा सेंटर की ओपीडी में भी 100 से ज्यादा मरीजों ने इलाज कराया।
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इनमें अधिकांश मरीज बुखार और डायरिया से पीड़ित थे। वरिष्ठ ईएमओ डॉ. विनीत सचान ने बताया कि 30 से अधिक मरीजों को भर्ती कर उनका उपचार किया जा रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि इमरजेंसी में डॉक्टरों की शिफ्टवार ड्यूटी लगाई गई है। सभी आने वाले मरीजों को देखा जा रहा है।
मरीजों की बढ़ती संख्या
जिला अस्पताल की ओपीडी बंद होने से मरीजों का दबाव सीधे ट्रॉमा सेंटर पर आ गया। इससे सेंटर में उपलब्ध सभी बेड भर गए और अतिरिक्त मरीजों को समायोजित करना पड़ा। कई ग्रामीण क्षेत्रों से भी मरीज इलाज के लिए ट्रॉमा सेंटर पहुंचे। मरीजों की बढ़ती संख्या ने स्वास्थ्य कर्मियों पर अतिरिक्त बोझ डाला है।
