बाबूसराय। ठेगीपुर गांव स्थित तालाब का सुंदरीकरण मकानों के ध्वस्तीकरण के 12 साल बाद भी पूरा नहीं हो सका है। साल 2014 में तालाब के सौंदर्यीकरण के लिए प्रशासन ने 32 मकानों को गिरा दिया गया था। इसके बाद भी तालाब की स्थिति जस की तस बनी है।
तालाब बदहाली का शिकार है और ग्रामीणों में गहरी नाराजगी देखी जा रही है। स्थानीय आनंद पटेल, सत्यप्रकाश पटेल, ओमप्रकाश, सुरेश, सर्वेश, सूरज और रामलखन ने बताया कि साल 2014 में तालाब के सुंदरीकरण के नाम पर तालाब पर बने 32 मकानों को गिराया गया था, लेकिन उसके बाद आज तक तालाब का सुंदरीकरण नहीं किया जा सका।
इसको लेकर कई बार शिकायत दर्ज कराई गई, लेकिन अधिकारी इसको लेकर गंभीर नहीं दिखे। कहा कि तालाब का सुंदरीकरण कर दिया जाए तो बारिश के समय जलभराव की समस्या से निजात मिलेगी और जल संरक्षण भी संभव हो सकेगा।
वर्तमान में तालाब में गंदगी, झाड़ियां और जलजमाव की कमी के कारण दुर्गंध फैल रही है। इससे आसपास रहने वाले लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। मांग किया कि जल्द से जल्द तालाब का सुंदरीकरण कराया जाए, ताकि गांव को इसका वास्तविक लाभ मिल सके।