{"_id":"69f0dd44e36344702d083709","slug":"women-will-run-canteens-hotels-and-dhabas-their-income-will-increase-and-they-will-become-self-reliant-bulandshahr-news-c-133-1-bul1002-153202-2026-04-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bulandshahar News: महिलाएं चलाएंगी कैंटीन, होटल व ढाबे, बढ़ेगी आय और बनेंगे आत्मनिर्भर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bulandshahar News: महिलाएं चलाएंगी कैंटीन, होटल व ढाबे, बढ़ेगी आय और बनेंगे आत्मनिर्भर
विज्ञापन
विज्ञापन
बुलंदशहर। स्वयं सहायता समूह की महिलाएं कैंटीन, होटल व ढाबे चलाएंगी। इससे जहां उनकी आय में इजाफा होगा। वहीं, वह आत्मनिर्भर बन सकेंगी। इसके लिए उत्तर प्रदेश राज्य आजीविका मिशन ग्रामीण की ओर से तैयारी शुरू कर दी है। जल्द ही महिलाओं का चयन किया जाएगा।
उत्तर प्रदेश राज्य आजीविका मिशन ग्रामीण के उपायुक्त स्वत: रोजगार सूबेदार सिंह ने बताया कि हालांकि इस समय स्वयं सहायता समूह की महिलाएं विभिन्न स्थानों पर कैंटीन का संचालन कर रही हैं। वहीं, अब समूह से जुड़ी महिलाएं कैंटीन, होटल व ढाबे भी चलाएगी। कैंटीन, होटल व ढाबे से न केवल महिलाओं की आजीविका बढ़ाएगी बल्कि लोगों को अच्छा खाना उपलब्ध करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
इनका संचालन पूरी तरह महिलाओं के हाथों में होगा। जिससे उनके आत्मनिर्भरता के प्रयासों को नई उड़ान मिलेगी। बताया कि जिले में 14 हजार से अधिक स्वयं सहायता समूह संचालित हैं। इनसे जुड़ीं महिलाएं कुछ न कुछ काम कर आय प्राप्त करने के साथ आत्मनिर्भर बन रही हैं। तमाम महिलाएं ऐसी हैं, जो कुछ अलग काम कर दूसरी महिलाओं के लिए प्रेरणा स्रोत बन रही हैं। बताया कि इस कार्य को शुरू कराने के लिए विभागीय अधिकारियों व कर्मचारियों को आवश्यक निर्देश जारी किए जा रहे हैं। जल्द ही इसके लिए स्वयं सहायता समूह की महिलाओं का चयन कर लिया जाएगा।
Trending Videos
उत्तर प्रदेश राज्य आजीविका मिशन ग्रामीण के उपायुक्त स्वत: रोजगार सूबेदार सिंह ने बताया कि हालांकि इस समय स्वयं सहायता समूह की महिलाएं विभिन्न स्थानों पर कैंटीन का संचालन कर रही हैं। वहीं, अब समूह से जुड़ी महिलाएं कैंटीन, होटल व ढाबे भी चलाएगी। कैंटीन, होटल व ढाबे से न केवल महिलाओं की आजीविका बढ़ाएगी बल्कि लोगों को अच्छा खाना उपलब्ध करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
इनका संचालन पूरी तरह महिलाओं के हाथों में होगा। जिससे उनके आत्मनिर्भरता के प्रयासों को नई उड़ान मिलेगी। बताया कि जिले में 14 हजार से अधिक स्वयं सहायता समूह संचालित हैं। इनसे जुड़ीं महिलाएं कुछ न कुछ काम कर आय प्राप्त करने के साथ आत्मनिर्भर बन रही हैं। तमाम महिलाएं ऐसी हैं, जो कुछ अलग काम कर दूसरी महिलाओं के लिए प्रेरणा स्रोत बन रही हैं। बताया कि इस कार्य को शुरू कराने के लिए विभागीय अधिकारियों व कर्मचारियों को आवश्यक निर्देश जारी किए जा रहे हैं। जल्द ही इसके लिए स्वयं सहायता समूह की महिलाओं का चयन कर लिया जाएगा।

कमेंट
कमेंट X