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Jaunpur News: बाईपास से 4.40 किमी रास्ता जाम से मुक्त होगा
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मुंगराबादशाहपुर।---कोदहूं ईटहरा बाईपास निर्माण कार्य।- संवाद
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फोटो-
-197.60 करोड़ की लागत से साढ़े चार किमी कोदहूं ईटहरा बाईपास का हो रहा है निर्माण
संवाद न्यूज एजेंसी
मुंगराबादशाहपुर। कोदहूं ईटहरा बाईपास बन जाने से पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे से प्रयागराज पहुंचने का सफर आसान हो जाएगा। बाईपास का निर्माण 197.60 करोड़ की लागत से हो रहा है। निर्माण पूरा होने के बाद पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे से प्रयागराज जाने वाले यात्रियों का सफर आसान हो जाएगा। साढ़े चार किलोमीटर का सफर जाम से मुक्त होगा। 73 करोड़ रुपये के मुआवजा वितरण के बाद काम में तेजी आई है।
अधिकांश किसानों को मुआवजा दिया जा चुका है। प्रोजेक्ट की शुरुआत 2017 में हुई थी। इस बनाने की जिम्मेदारी स्टेट हाईवे अथॉरिटी ऑफ यूपी को सौंपी गई थी। भूमि अधिग्रहण विवाद और डिजाइन में बदलाव के बाद 2023 में राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) को सौंप दिया गया। मूल प्रस्ताव पांडेयपुर से इटहरा तक 8.3 किमी लंबा था, लेकिन सर्वे के बाद इसे कोदहूं, ईटहरा तक सीमित कर दिया गया। एनएचएआई ने 2024 में विस्तृत सर्वे कर डीपीआर (डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट) तैयार की। 27 दिसंबर 2024 को टेंडर प्रक्रिया पूरी हुई और महाप्रबंधक (तकनीकी) यूपी पूर्व भारत सिंह जोइया ने मेसर्स डीएमआर बिल्डर्स प्राइवेट लिमिटेड (पंजाब) को कार्यादेश जारी किया। बाईपास बनने से नगर में रेलवे क्रॉसिंग पर रोजाना लगने वाला घंटों का जाम हमेशा के लिए खत्म हो जाएगा। पूर्वांचल एक्सप्रेसवे से आने वाले भारी वाहन सीधे ईटहरा से बाईपास होकर प्रयागराज निकल जाएंगे। इससे ईंधन बचत के साथ ही समय भी कम लगेगा। यह प्रोजेक्ट विकास की नई सौगात है। दो लेन वाला बाईपास 10 मीटर चौड़ी काली सड़क (बिटुमिनस) पर बन रहा है। पहले मिट्टी भराई, फिर ड्रेनेज सिस्टम, उसके बाद सड़क का निर्माण होगा। साइड पटरी और सुरक्षा दीवारें बनेंगी। कंपनी ने डेढ़ साल (जून 2027 तक) काम पूरा करने का लक्ष्य रखा है। एनएचएआई के अधिकारियों ने बताया कि मौसम अनुकूल होने पर काम में तेजी आएगी।
इनसेट
कुछ किसानों का मुआवजा बाकी
100 से अधिक मजदूर और भारी मशीनें लगाई गई हैं। प्रोजेक्ट मैनेजर सौम्या रंजन रथ ने बताया कि कोदहूं से लेकर गौरैयाडीह गांव रेलवे क्रॉसिंग तक का कार्य तेजी से चल रहा है। गौरैयाडीह और भैरोपुर गांव के कुछ किसानों का मुआवजा तकनीकी कारण से बाकी है। इसकी वजह से गौरैयाडीह गांव के आगे काम रूका हुआ है। मुआवजा का मामला जल्द ही सुलझा लिया जाएगा। ताकि काम में किसी तरह की कोई बाधा न उत्पन्न हो सके।
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संवाद न्यूज एजेंसी
मुंगराबादशाहपुर। कोदहूं ईटहरा बाईपास बन जाने से पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे से प्रयागराज पहुंचने का सफर आसान हो जाएगा। बाईपास का निर्माण 197.60 करोड़ की लागत से हो रहा है। निर्माण पूरा होने के बाद पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे से प्रयागराज जाने वाले यात्रियों का सफर आसान हो जाएगा। साढ़े चार किलोमीटर का सफर जाम से मुक्त होगा। 73 करोड़ रुपये के मुआवजा वितरण के बाद काम में तेजी आई है।
अधिकांश किसानों को मुआवजा दिया जा चुका है। प्रोजेक्ट की शुरुआत 2017 में हुई थी। इस बनाने की जिम्मेदारी स्टेट हाईवे अथॉरिटी ऑफ यूपी को सौंपी गई थी। भूमि अधिग्रहण विवाद और डिजाइन में बदलाव के बाद 2023 में राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) को सौंप दिया गया। मूल प्रस्ताव पांडेयपुर से इटहरा तक 8.3 किमी लंबा था, लेकिन सर्वे के बाद इसे कोदहूं, ईटहरा तक सीमित कर दिया गया। एनएचएआई ने 2024 में विस्तृत सर्वे कर डीपीआर (डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट) तैयार की। 27 दिसंबर 2024 को टेंडर प्रक्रिया पूरी हुई और महाप्रबंधक (तकनीकी) यूपी पूर्व भारत सिंह जोइया ने मेसर्स डीएमआर बिल्डर्स प्राइवेट लिमिटेड (पंजाब) को कार्यादेश जारी किया। बाईपास बनने से नगर में रेलवे क्रॉसिंग पर रोजाना लगने वाला घंटों का जाम हमेशा के लिए खत्म हो जाएगा। पूर्वांचल एक्सप्रेसवे से आने वाले भारी वाहन सीधे ईटहरा से बाईपास होकर प्रयागराज निकल जाएंगे। इससे ईंधन बचत के साथ ही समय भी कम लगेगा। यह प्रोजेक्ट विकास की नई सौगात है। दो लेन वाला बाईपास 10 मीटर चौड़ी काली सड़क (बिटुमिनस) पर बन रहा है। पहले मिट्टी भराई, फिर ड्रेनेज सिस्टम, उसके बाद सड़क का निर्माण होगा। साइड पटरी और सुरक्षा दीवारें बनेंगी। कंपनी ने डेढ़ साल (जून 2027 तक) काम पूरा करने का लक्ष्य रखा है। एनएचएआई के अधिकारियों ने बताया कि मौसम अनुकूल होने पर काम में तेजी आएगी।
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कुछ किसानों का मुआवजा बाकी
100 से अधिक मजदूर और भारी मशीनें लगाई गई हैं। प्रोजेक्ट मैनेजर सौम्या रंजन रथ ने बताया कि कोदहूं से लेकर गौरैयाडीह गांव रेलवे क्रॉसिंग तक का कार्य तेजी से चल रहा है। गौरैयाडीह और भैरोपुर गांव के कुछ किसानों का मुआवजा तकनीकी कारण से बाकी है। इसकी वजह से गौरैयाडीह गांव के आगे काम रूका हुआ है। मुआवजा का मामला जल्द ही सुलझा लिया जाएगा। ताकि काम में किसी तरह की कोई बाधा न उत्पन्न हो सके।
