फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jhansi News ›   Jhansi: Over 260 roads riddled with potholes; to be made pothole-free after the monsoon season ends.

Jhansi: छलनी हो गईं 260 से अधिक सड़कें, मानूसनी सीजन खत्म होने पर होंगी गड्ढा मुक्त

Wed, 19 Aug 2026 11:53 AM IST
दीपक महाजन अमर उजाला नेटवर्क, झांसी
अमर उजाला नेटवर्क, झांसी Published by: दीपक महाजन Updated Wed, 19 Aug 2026 11:53 AM IST
सार

महानगर में फिल्टर रोड, बाहर उनाव गेट रोड, शिवाजी नगर, नई बस्ती, लहर गिर्द, ओरछा गेट के बाहर जैसे मोहल्लों में सड़क सबसे बुरी दशा में हैं। फिल्टर रोड पर रोजाना ही हादसे हो रहे हैं।

विज्ञापन
Jhansi: Over 260 roads riddled with potholes; to be made pothole-free after the monsoon season ends.
थापक बाग से फिल्टर रोड रेलवे क्राॅसिंग तक उखड़ी पड़ी सड़क। - फोटो : संवाद

विस्तार

इस मानसूनी सीजन में भले बारिश कम हुई हो लेकिन, इसके बावजूद सड़कों का बुरा हाल है। महानगर समेत ग्रामीण इलाकों में भी बारिश और समय पर मरम्मत न होने से 260 से अधिक सड़कों पर जगह-जगह गड्ढे हो गए। इनमें लोक निर्माण विभाग, आवास विकास, नगर निगम, सिंचाई विभाग एवं जिला पंचायत की बनाई सड़कों की दशा सबसे अधिक खराब है। इन सड़कों पर वाहन चलाना हादसे को न्योता देने जैसा हो गया है। मानसूनी सीजन खत्म होने के बाद ही अब इनकी मरम्मत हो सकेगी।
विज्ञापन


बुंदेलखंड में इस बार अधिक बारिश नहीं हुई लेकिन, जगह-जगह सड़कों पर जलभराव की शिकायतें मिलीं। बारिश के साथ जलभराव होने से सड़कें क्षतिग्रस्त हो गईं। महानगर में फिल्टर रोड, बाहर उनाव गेट रोड, शिवाजी नगर, नई बस्ती, लहर गिर्द, ओरछा गेट के बाहर जैसे मोहल्लों में सड़क सबसे बुरी दशा में हैं। फिल्टर रोड पर रोजाना ही हादसे हो रहे हैं। इन इलाकों में जगह-जगह से सड़क पूरी तरह उखड़ गई है। इसी तरह ग्रामीण इलाकों में लोक निर्माण विभाग की सड़कों की हालत खस्ता है। पुनावली, रक्सा, मोंठ संपर्क मार्ग, बंगरा-रानीपुर मार्ग, मोंठ-द्वारका गांव मार्ग, गरौठा-ककरवई मार्ग पर तीन किमी, गरौठा में बरमाइन संपर्क मार्ग समेत करीब 39 सड़कों पर गड्ढे मिले। इन पर चलना मुश्किल हो गया। इसी तरह आवास विकास, ग्रामीण अभियंत्रण इकाई, जिला पंचायत की बनाई सड़कों को भी मानूसनी सीजन ने गड्ढे दे दिए।
विज्ञापन


नोडल अभियंता रजनीश गुप्ता का कहना है कि फिल्टर रोड समेत कई सड़कें पहले से क्षतिग्रस्त हैं। इनकी मरम्मत के लिए प्रस्ताव भेजा गया है। मानसूनी सीजन के बाद इनकी आवास विकास विभाग की ओर से कराई जाएगी। इसके अलावा जिन सड़कों में गड्ढों हैं, बारिश खत्म होने के बाद उनकी भी मरम्मत कराई जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन



गड्ढों वाली सड़कें
पीडब्ल्यूडी- 39
नगर निगम- 63
आरईएस- 29
जिला पंचायत- 116
आवास विकास एवं सिंचाई विभाग- 17

5 करोड़ रुपये खर्च का अनुमान
इन सड़कों को गड्ढामुक्त करने में करीब 5 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। पीडब्ल्यूडी अफसरों के मुताबिक बजट का इंतजाम कर सड़कों की मरम्मत कराई जाएगी। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि सड़कों को गड्ढा मुक्त करने का अभियान बारिश खत्म होने के बाद कराया जाएगा।



तीन महकमों के बीच उलझ गई मरम्मत
महानगर में अमृत योजना के तहत मोहल्लों में पाइप लाइन बिछाने के लिए सड़क एवं गलियां खोद दी गईं। अधिकांश जगहों पर गलियां पुराने स्वरूप में नहीं आ सकीं। इनमें अधिकांश सड़कें नगर निगम और लोक निर्माण विभाग की हैं। जल निगम अफसरों का कहना है कि पाइप लाइन डालने के बाद अधिकांश सड़कों की मरम्मत करा दी। नगर निगम और लोक निर्माण विभाग यह बात मानने को राजी नहीं। लोक निर्माण विभाग के अफसर सड़कों की दुर्दशा के लिए जल निगम की पाइपलाइन परियोजना को जिम्मेदार ठहराते हैं। आरोप है कि सड़कों की खोदाई कर पाइपलाइन डाली गई, लेकिन सड़कों की मरम्मत नहीं हुई। जिस वजह से यह परेशानी आ रही है वहीं, नगर निगम अफसरों भी कहते हैं कि पाइप लाइन डालने की वजह से गलियां क्षतिग्रस्त हो गईं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed