Womens Day 2026: कानपुर में बढ़ीं महिला उद्यमी, इस साल रिकाॅर्ड 10047 पंजीकरण, खाद्य-रेडीमेड उद्योग पहली पसंद
Kanpur News: कानपुर में महिला उद्यम पंजीकरण पहली बार 10 हजार के पार पहुंच गया है, जिसमें खाद्य और टेक्सटाइल क्षेत्र में महिलाओं ने सबसे ज्यादा निवेश कर आत्मनिर्भरता की मिसाल पेश की है।
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घर-गृहस्थी चलाने वाली महिलाएं शहर में तेजी से उद्योग भी लगा रही हैं। शहर में पहली बार महिला उद्यम पंजीकरण 10 हजार से ज्यादा हुआ है। सात मार्च तक 10,047 महिलाओं ने उद्यम पंजीकरण कराया है। पिछले साल कुल 8755 ही पंजीकरण हुए थे। खास बात ये है कि उत्पादन इकाइयों की संख्या पिछले साल की तुलना में बढ़ी है। पिछले साल 2292 इकाइयों का पंजीकरण था, जबकि अभी तक 3022 इकाइयों का पंजीकरण हो चुका है।
महिलाओं को खाद्य उत्पादों की इकाइयां लगाना सबसे ज्यादा पसंद आ रहा है। शहर में तेजी से इनकी संख्या बढ़ रही है। 892 इकाइयों का उद्योग विभाग में पंजीकरण हो चुका है, जबकि वित्त वर्ष खत्म होने में अभी भी कई दिन शेष हैं। पिछले साल 798 इकाइयों का पंजीकरण हुआ था। इसके अलावा महिलाओं को रेडीमेड कपड़ों का कारोबार भी भा रहा है। 587 इकाइयां महिलाएं लगा चुकी हैं। पिछले साल 501 इकाइयों का गठन हुआ था।
2025-26 में सात मार्च तक 10047 पंजीकरण
इसके अलावा होजरी और चमड़ा उद्योग में भी महिलाएं पैठ बना रही हैं। सेवा क्षेत्र में भी महिलाएं आगे आ रही हैं। उद्यम पंजीकरण के आंकड़ों के मुताबिक वित्तीय वर्ष 2021-22 में महिलाओं ने 3145 पंजीकरण कराए। 2022-23 में ये संख्या बढ़कर 5305 हो गई। 2023-24 में 8726 महिलाओं ने पंजीकरण कराया। 2024-25 में 8755 और वित्तीय वर्ष 2025-26 में सात मार्च तक 10047 पंजीकरण हुए हैं।
महिलाएं उत्पादन, सर्विस और ट्रेडिंग के क्षेत्र में लगातार उद्यम पंजीकरण करा रही हैं। इस साल रिकार्ड उद्यम पंजीकरण हुआ है। पहली बार 10 हजार से ज्यादा पंजीकरण हो चुके हैं। जो दर्शाता है कि शहर में महिला उद्यमिता लगातार बढ़ रही है। महिला उद्यमियों को लगातार प्रोत्साहित किया जा रहा है। मुख्यमंत्री मुख्यमंत्री युवा उद्यमी अभियान योजना में भी महिलाओं को उनकी श्रेणी के अनुसार 25 प्रतिशत सब्सिडी दी जा रही है। ऑनलाइन उत्पादों की बिक्री, मार्केटिंग का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। खाद्य उत्पाद, रेडीमेड उद्योग ज्यादा पसंद आ रही है। -अंजनीश प्रताप सिंह, उपायुक्त उद्योग
कानपुर नगर में महिला उद्यमियों का पंजीकरण
वित्तीय वर्ष मैन्युफैक्चरिंग सेवाएं ट्रेडिंग कुल पंजीकरण
2021-22 1194 1145 806 3145
2022-23 1611 1327 2367 5305
2023-24 2766 2802 3148 8726
2024-25 2292 2246 4017 8755
2025-26 3022 2709 4316 10047
अलग-अलग उत्पादों में हुए पंजीकरण
वित्तीय वर्ष खाद्य उत्पाद रेडीमेड उत्पाद होजरी उत्पाद चमड़ा उत्पाद
2021-22 227 209 111 119
2022-23 395 398 240 141
2023-24 651 587 307 281
2024-25 798 501 298 208
2025-26 882 673 356 243
नोट: उद्योग विभाग के वित्तीय वर्ष 2025-26 के आंकड़े सात मार्च तक के हैं।
शिक्षक की नौकरी छूटी तो शुरू किया चॉकलेट का व्यवसाय
आनंद बाग निवासी शिल्पी गर्ग आज शहर में अपने चॉकलेट के व्यवसाय के लिए जानी जाती हैं। शिल्पी गर्ग ने बताया कि उन्होंने एमबीए की पढ़ाई की है और वे कौशलपुरी स्थित एक स्कूल में टीचर थीं। कोरोना काल में नौकरी छूट गई थी। इसके बाद ऑनलाइन चॉकलेट बनाना सीखा। इसे घर में सबको खिलाने के साथ आस-पड़ोस में बिक्री शुरू की। अब वे ऑनलाइन प्लेटफार्म पर बड़े पैमाने पर चॉकलेट की बिक्री करती हैं। व्यापार को बढ़ाने के लिए सीएम युवा योजना के तहत चार लाख का लोन लिया। अब कई लोगों को रोजगार दे रहीं हैं। शुरूआत में 10 हजार का निवेश किया था। अब शहर की कन्फेक्शनरी शोरूमों में अलग-अलग प्रकार की चॉकलेट की सप्लाई कर रही हैं।
