Lakhimpur Kheri News: धौरहरा इलाके में जटपुरवा गोशाला तक फिर पहुंचा बाघ , ग्रामीणों में दहशत
लखीमपुर खीरी जिले में वन्यजीव आबादी के इलाके में पहुंच रहे हैं। धौरहरा वन रेंज क्षेत्र में सोमवार को फिर बाघ देखा गया। वह जटपुरवा गोशाला तक पहुंच गया था। उधर, ममरी क्षेत्र में बाघ के पग चिन्ह मिले हैं।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
लखीमपुर खीरी के धौरहरा वन रेंज क्षेत्र में जटपुरवा गोशाला तक बाघ सोमवार देर शाम फिर दिखाई दिया। वहां मौजूद ग्रामीणों के शोर मचाने पर गन्ना के खेतों में भाग गया। धौरहरा वन रेंज के जटपुरवा गांव स्थित गोशाला के गोवंशीय पशुओं का बाघ मार चुका है।
सोमवार को बाघ फिर गोशाला के पास देखा गया। वहां मौजूद ग्रामीणों ने जब शोर मचाया तो बाघ गन्ना के खेत में छिप गया। बता दें कि शनिवार को वन रेंज लुधौरी के लौखनियां साइफन के युवक करन और महावीर पुरवा गांव के सात वर्षीय बच्चे अशोक पर हमला कर घायल कर दिया था। वन विभाग ने उसे पकड़ने के लिए लौखनियां नहर के पश्चिमी पटरी पर पिंजरा लगाया था।
क्षेत्रीय वनाधिकारी लुधौरी गजेंद्र सिंह ने बताया कि वन टीम निगरानी कर रही है। अभी इस क्षेत्र में लोकेशन नहीं मिली है। धौरहरा वन रेंज की गोशाला के पास बाघ देखे जाने की बात ग्रामीण बता रहे हैं। वायरल वीडियो में जो दिख रहा है, वो तेंदुआ ही लग रहा है।
खेतों में मिले बाघ के पग चिन्ह, दहशत
ममरी थाना क्षेत्र के ग्राम बघमरा के समीप मंगलवार सुबह एक किसान के खेत में बाघ के ताजा पग चिन्ह बने मिले। इससे गांव वालों और गन्ने की छिलाई कर रहे लोगों में दहशत है।
गांव वालों का कहना है कि मंगलवार सुबह वे बघमरा और मूड़ा अस्सी गांव के बीच गन्ने की छिलाई कर रहे थे। तभी वहां खेत में बाघ के पग चिन्ह बने मिले। जिन्हें देख लोगों के होश उड़ गए और सूचना वन कर्मियों को दी।
सूचना पर पहुंचे फॉरेस्टर माया प्रकाश आदि वनकर्मियों ने मौके का निरीक्षण किया। वन कर्मियों ने बताया कि बाघ गन्ने में मौजूद है। उन्होंने ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी है।