UP News: लखीमपुर खीरी में खेत पर गए युवक को बाघ ने मार डाला, 25 अप्रैल को होनी थी शादी
लखीमपुर खीरी के ममरी इलाके में बाघ ने एक युवक को मार डाला। युवक खेत में गन्ने का अगोला काट रहा था। उसी वक्त बाघ ने उस पर हमला कर दिया। घटना से इलाके में दहशत फैल गई।
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लखीमपुर खीरी के ममरी इलाके में नंदलालपुर निवासी मनोज कुमार (23 वर्ष) पर सोमवार दोपहर गन्ने के खेत में छिपे बाघ ने हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल मनोज को परिजन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गोला ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। उसकी मौत से परिवार में कोहराम मच गया।
मनोज पुत्र गजोधर लाल सोमवार करीब 3:30 बजे कठिना नदी के पास स्थित खेत में पशुओं के लिए गन्ने के अगौला (गन्ने की पत्ती) काटने गया था। इसी दौरान गन्ने में छिपे बाघ ने अचानक उस पर हमला कर दिया। घायल अवस्था में परिजन उसे सीएचसी गोला ले गए, लेकिन उसकी जान नहीं बच सकी।
वन क्षेत्राधिकारी निर्भय प्रताप शाही ने बताया कि बाघ के हमले की सूचना पर वनकर्मियों की टीम मौके पर भेजी गई है। टीम गन्ने के खेतों में बाघ की लोकेशन तलाश रही है और ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
25 अप्रैल को होनी थी शादी
पड़ोसी प्रमोद कुमार और ग्राम प्रधान दीपक सिंह ने बताया कि गजोधर लाल के तीन पुत्रों में मनोज दूसरे नंबर पर था। उसकी शादी अगले महीने 25 अप्रैल को तय थी और परिवार में तैयारियां चल रही थीं। अचानक हुई इस घटना से घर की खुशियां मातम में बदल गईं और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
बाघ के हमले में घायल ग्रामीणों को नहीं मिला मुआवजा
बाघ के हमले में घायल हुए गांव अयोध्यापुर निवासी भगवानदीन और ध्रुव कुमार ने अधिकारियों को पत्र भेजकर मुआवजा दिलाने की मांग की। उन्होंने मुख्यमंत्री, जिलाधिकारी और डीएफओ को भेजे पत्र में बताया कि पिछले वर्ष गन्ने की छिलाई करते समय बाघ ने उन पर हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया था। दोनों घायलों का इलाज जिला चिकित्सालय में कराया गया था, लेकिन अब तक वन विभाग की ओर से उन्हें कोई मुआवजा नहीं मिला है।
पीड़ितों का कहना है कि वे मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करते हैं और आर्थिक स्थिति बेहद कमजोर है। भगवानदीन और ध्रुव कुमार ने अधिकारियों से मांग की है कि मामले की जांच कर उन्हें शीघ्र मुआवजा राशि दिलाई जाए, ताकि उन्हें राहत मिल सके।