पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
फ्री ई-पेपर
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mahoba News ›   Former MP's Facebook war continues; reactions pour in.

Mahoba News: पूर्व सांसद का फेसबुक वार जारी, प्रतिक्रियाएं भी

Thu, 02 Jul 2026 12:05 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Thu, 02 Jul 2026 12:05 AM IST
विज्ञापन
Former MP's Facebook war continues; reactions pour in.
पूर्व सांसद का फेसबुक वार जारी, प्रतिक्रियाएं भी
विज्ञापन

पूर्व सांसद गंगाचरण राजपूत ने फेसबुक आईडी पर चार अलग-अलग पोस्ट कर नदियां, जंगल बचाने का किया आह्वान
संवाद न्यूज एजेंसी
महोबा। भाजपा नेता व पूर्व सांसद गंगाचरण राजपूत का फेसबुक वार जारी है। बुधवार को उन्होंने अपनी फेसबुक आईडी पर चार अलग-अलग पोस्ट कीं। जिसमें बुंदेलों से नदियां, जंगल बचाने के लिए आगे आने का आह्वान किया।
पहली पोस्ट में लिखा कि बुंदेलखंड का इतिहास रहा है कि हमने तलवारें चलाई हैं। अब जंग सिर्फ बुंदेलखंड के लिए होगी। वहीं, दूसरी पोस्ट में बुंदेलखंड की खनिज संपदा वर्षों से लूटे जाने पर लिखा कि अब हम ताली नहीं तलवार चलाएंगे। तीसरी पोस्ट पर उन्होंने वृक्ष लगाओ बुंदेलखंड बचाओ की बात लिखी।
विज्ञापन

एक अन्य पोस्ट में उन्होंने चुनाव लड़ने वाले सभी दलों के प्रत्याशियों से होर्डिंग लगाकर रुपये बर्बाद करने की जगह जन समस्याओं के लिए संघर्ष करने की बात लिखते हुए बृजभूषण राजपूत जैसा काम करने के लिए कहा। पूर्व सांसद की इन पोस्ट पर एक यूजर ने लिखा कि बुंदेलखंड की याद सिर्फ चुनाव में ही क्योंं आती है तो दूसरे ने लिखा कि लगता है 2027 के चुनाव आ गए हैं। वहीं, एक अन्य यूजर ने लिखा कि जब स्वयं मौका मिला तब क्या किया। वहीं, एक यूजर ने पक्ष में पूर्व सांसद के बेटे की ओर से लड़ी जा रही पानी की लड़ाई को सही बताते हुए ऐसे नेताओं की जरूरत बताई।
विज्ञापन
विज्ञापन

बुंदेलखंड में चरखारी विधायक बृजभूषण राजपूत और भाजपा के बीच इस शीत युद्ध की शुरुआत करीब पांच माह पूर्व शुरू हुई थी। जब उन्होंने पेयजल समस्या को लेकर जलशक्ति मंत्री स्वतंत्रदेव सिंह का महोबा में घेराव किया था और नके बीच काफी तल्ख लहजे में बातचीत हुई थी। शासन स्तर से विधायक चरखारी से स्थिति के बारे में जानकारी हासिल की गई और फिर योजनाओं की हकीकत खंगाली गई। इसके बाद से विधायक परिवार व शासन के बीच तल्खी बनी हुई है। बावजूद अब तक बुंदेलखंड में पानी की समस्या को समाप्त नहीं किया जा सका है जबकि महोबा जनपद में केवल 1,100 करोड़ रुपये की पेयजल परियोजनाएं संचालित हैं।
इसके बाद 21 जून को मुख्यमंत्री के दौरे पर भी चरखारी विधायक मौजूद नहीं रहे जबकि उनके पिता व पूर्व सांसद गंगाचरण राजपूत ने यह सफाई दी कि उनके बेटे व चरखारी विधायक बृजभूषण राजपूत तीर्थ यात्रा पर हैं। इसी तरह हमीरपुर के विधायक मनोज प्रजापति ने पानी की समस्या को उठाया। जिसके बाद अब पूर्व सांसद गंगाचरण राजपूत ने फेसबुक पर भाजपा का दामन न छोड़ने की बात लिखी और वह तब तक पार्टी में रहेंगे जब तक उन्हें हटाया नहीं जाता है। वह बुंदेलखंड में पेयजल की समस्या समेत अन्य गंभीर मुद्दों से भी पीछे नहीं हट सकते हैं।
पूर्व सांसद की ओर से लिखी गई यह पोस्ट यह बताती है कि उनसे जनता की मुद्दों पर खामोश रहने के लिए कहा जा रहा है लेकिन वह चुप नहीं हो रहे हैं और ऐसे में उनकी दलीय सत्य निष्ठा पर सवाल उठ रहे हैं। जिसका उन्होंने फेसबुक पर जवाब दिया है। इस बयानबाजी के बाद से बुंदेलखंड का सियासी पारा फिर से ऊपर चढ़ गया है।

फिलहाल दलीय नियमों और जनता की समस्याओं के बीच राजपूत परिवार का यह सियासी संघर्ष किस नतीजे पर पहुंचेगा, यह वक्त तय करेगा। कहा जा रहा है कि जनता, पानी की समस्या को लेकर आगामी विधानसभा चुनाव में ताल ठोंकने वाले नेताओं की पानीदारी जरूर देखेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed