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Mathura News: जनपद में सुनिश्चित होगी शुद्ध पेयजल की आपूर्ति
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मथुरा। इंदौर में जहरीले पानी से हुई घटना के बाद जिला प्रशासन बेहद गंभीर है। मुख्य विकास अधिकारी मनीष मीना ने जनपद की सभी ग्राम पंचायतों में स्वच्छ पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने और बीमारियों से बचाव के लिए कड़े निर्देश दिए गए हैं। साथ ही संबंधित अधिकारियों को तीन दिन में रिपोर्ट देने के आदेश किए हैं। लापरवाही बरतने वाले सचिवों और प्रधानों पर कड़ी कार्रवाई के संकेत दिए गए हैं।
मुख्य विकास अधिकारी मनीष मीना ने जल निगम के अवर अभियंता को 60 ओवरहेड टैंकों से जुड़ी पाइपलाइनों का गहन निरीक्षण करने के आदेश दिए हैं। इसके साथ उन्होंने यह भी कहा है कि पाइपलाइन में किसी भी प्रकार का लीकेज न हो और पेयजल लाइन का नाली या शौचालय के टैंक से कोई क्रॉस-कनेक्शन न हो। जो हैंडपंपों काम कर रहे हों उनके प्लेटफार्म की मरम्मत तत्काल कराई जाए। हैंडपंप के चारों ओर 3 मीटर के दायरे में जलभराव नहीं होना चाहिए। दूषित पानी को रोकने के लिए सोख्ता गड्ढे या नालियों का निर्माण अनिवार्य किया गया है। साथ ही सार्वजनिक स्थलों जैसे विद्यालय, पंचायत भवन और मंदिरों की पानी की टंकियों में क्लोरिनेशन (सफाई) कराने के निर्देश दिए गए हैं।
जनपद की मलीन बस्तियों और ग्राम पंचायतों में विशेष सफाई अभियान शुरू किया गया है। जलभराव वाले स्थानों पर एंटी-लार्वा छिड़काव, चूना-मैलाथियान का प्रयोग और फॉगिंग कराई जाएगी, ताकि मच्छरों के पनपने पर रोक लग सके। कूड़े के उचित निस्तारण के लिए भी ग्राम सचिवों को उत्तरदायी बनाया है। उन्होंने जनता की समस्याओं के समाधान के लिए विकास खंड स्तर पर हेल्पलाइन नंबर 0565-2471084 जारी किया है। सभी बीडीओ को 15 जनवरी तक अपने-अपने क्षेत्रों में स्वच्छ पेयजल आपूर्ति का प्रमाण पत्र अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करें।
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मुख्य विकास अधिकारी मनीष मीना ने जल निगम के अवर अभियंता को 60 ओवरहेड टैंकों से जुड़ी पाइपलाइनों का गहन निरीक्षण करने के आदेश दिए हैं। इसके साथ उन्होंने यह भी कहा है कि पाइपलाइन में किसी भी प्रकार का लीकेज न हो और पेयजल लाइन का नाली या शौचालय के टैंक से कोई क्रॉस-कनेक्शन न हो। जो हैंडपंपों काम कर रहे हों उनके प्लेटफार्म की मरम्मत तत्काल कराई जाए। हैंडपंप के चारों ओर 3 मीटर के दायरे में जलभराव नहीं होना चाहिए। दूषित पानी को रोकने के लिए सोख्ता गड्ढे या नालियों का निर्माण अनिवार्य किया गया है। साथ ही सार्वजनिक स्थलों जैसे विद्यालय, पंचायत भवन और मंदिरों की पानी की टंकियों में क्लोरिनेशन (सफाई) कराने के निर्देश दिए गए हैं।
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जनपद की मलीन बस्तियों और ग्राम पंचायतों में विशेष सफाई अभियान शुरू किया गया है। जलभराव वाले स्थानों पर एंटी-लार्वा छिड़काव, चूना-मैलाथियान का प्रयोग और फॉगिंग कराई जाएगी, ताकि मच्छरों के पनपने पर रोक लग सके। कूड़े के उचित निस्तारण के लिए भी ग्राम सचिवों को उत्तरदायी बनाया है। उन्होंने जनता की समस्याओं के समाधान के लिए विकास खंड स्तर पर हेल्पलाइन नंबर 0565-2471084 जारी किया है। सभी बीडीओ को 15 जनवरी तक अपने-अपने क्षेत्रों में स्वच्छ पेयजल आपूर्ति का प्रमाण पत्र अनिवार्य रूप से प्रस्तुत करें।