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Moradabad News: एआई की मदद से पुलिस कर्मी खोलेंगे अपराध की परतें
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मुरादाबाद। पुलिस कर्मी अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) की मदद से अपराधों की परतें खोलेंगे। पुलिस ट्रेनिंग सेंटरों में प्रशिक्षु सिपाहियों को इसका विशेष प्रशिक्षण दिया गया है। इस ट्रेनिंग का उद्देश्य पुलिस कर्मियों को आधुनिक तकनीक से लैस करना है ताकि अपराधों का तेजी से खुलासा हो सके।
मुरादाबाद की पुलिस लाइन, पीटीसी, पीटीएस, नौवीं वाहिनी पीएसी, 23वीं वाहिनी पीएसी और 24 वीं वाहिनी पीएसी समेत उत्तर प्रदेश के अलग अलग जिलों में 60 हजार प्रशिक्षुओं की ट्रेनिंग का अंतिम दौर चल रहा है। 20 अप्रैल को पासिंग आउट परेड होनी संभावित है। यह पहला बैच आ रहा है जिसे एआई की ट्रेनिंग दी गई है। इस तकनीक की मदद से पुलिस कर्मियों को अपराध के पैटर्न को समझना और भविष्य के अपराधों की रोकथाम में सहायता मिलेगी। मृतक की पहचान करने में भी एआई तकनीक महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। इसके साथ ही, आरोपी व्यक्तियों के स्थान का पता लगाने में इस तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा। इस बैच के सिपाहियों को डेटा विश्लेषण और डिजिटल साक्ष्य जुटाने में एआई का प्रयोग करना सिखाया गया है। उत्तर प्रदेश पुलिस ट्रेनिंग के डीजी राजीव सभरवाल ने बताया कि प्रशिक्षु सिपाहियों को एआई की ट्रेनिंग दी गई है। आने वाला बैच तकनीकी तौर पर मजबूत होगा। अपराध की परतें खोलने के साथ ही मृतकों की पहचान कराने में एआई की मदद दी जाएगी। डिजिटल साक्ष्य जुटाने का विशेष ट्रेनिंग दी गई है।
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