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Muzaffarnagar News: एडी कृषि ने मांगी जानकारी, महिला की संलिप्तता की जांच
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संवाद न्यूज एजेंसी
मुजफ्फरनगर। जनपद में अनुदानित यूरिया की कालाबाजारी का मामला प्रकाश में आने पर शासन ने पूरी कार्रवाई की जानकारी मांगी है। सहायक निदेशक कृषि डॉ. आशुतोष कुमार मिश्र की ओर से जिला कृषि अधिकारी से विस्तृत रिपोर्ट तलब करते हुए एफआईआर की प्रतियां भी मांगी हैं।
उधर, विभाग को इनपुट मिला है कि जिले में एक हजार बैग छिपाकर रखे गए हैं। किसी महिला के शामिल होने की जानकारी भी मिला है। उधर, कालाबाजारी करने के आरोपियों पर रासुका लगाई जा सकती है।
किसानों के लिए आने वाले अनुदानित यूरिया की कालाबाजारी का मामला सामने आने के बाद पुलिस और कृषि विभाग की ओर से कार्यवाही को अपने-अपने स्तर से आगे बढ़ाया जा रहा है। पुलिस मामले की विवेचना कर रही है। जिला कृषि अधिकारी राहुल सिंह तेवतिया ने बताया कि मामले में सहायक निदेशक कृषि एवं ज्वाइंट डायरेक्टर फर्टिलाइजर की ओर से पूरे प्रकरण की जानकारी ली गई है।
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बताया कि एफआईआर सहित मामले से जुड़े सभी दस्तावेजों की प्रतियां उपलब्ध करा दी गई हैं। उन्होंने बताया कि उर्वरक निर्माता कंपनी कृभको, इफ्को और यारा के प्रतिनिधियों की ओर से यूरिया कालाबाजारी मामले में जेल गए तीन लोगों से संबंधित प्रतिष्ठानों पर जाकर जांच का प्रयास किया गया, लेकिन तीनों प्रतिष्ठान ही बंद पाए गए।
बताया कि प्रतिनिधियों की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार मजलिसपुर तौफीर स्थित पारस फर्टिलाइजर्स एजेंसी से यूरिया सहित अन्य सामान भी हटा लिया गया है। बताया कि निरस्त किये गए तीनों लाइसेंसधारी उर्वरक विक्रेताओं के आवास पर जाकर भी जानकारी लेने का प्रयास किया गया।
एक हजार यूरिया बैग के अवैध भंडारण का इनपुट
पुलिस और कृषि विभाग अपने-अपने स्तर पर मामले की छानबीन में जुटे हैं। कृषि विभाग के अधिकारी निजी सूत्रों के माध्यम से कालाबाजारी कर जनपद में छिपाए गए अनुदानित यूरिया की बरामदगी में जुटे हैं। तीन दिन पहले गांव सिताबपुरी में एक किसान के घेर में बनाए गए अवैध गोदाम से 250 बैग अनुदानित यूरिया बरामद किया गया था। कृषि विभाग के अधिकारियों को अभी जनपद में ही किसी स्थान पर एक हजार अनुदानित यूरिया बैग छिपाकर रखे जाने का भी इनपुट मिल रहा है। विभागीय अधिकारी मामले की पुख्ता जानकारी कर छापा मारने के फिराक में हैं। जबकि एक अन्य इनपुट के आधार पर कालाबाजारी मामले में एक महिला की संलिप्तता को लेकर भी शक जाहिर किया जा रहा है।
मुजफ्फरनगर। जनपद में अनुदानित यूरिया की कालाबाजारी का मामला प्रकाश में आने पर शासन ने पूरी कार्रवाई की जानकारी मांगी है। सहायक निदेशक कृषि डॉ. आशुतोष कुमार मिश्र की ओर से जिला कृषि अधिकारी से विस्तृत रिपोर्ट तलब करते हुए एफआईआर की प्रतियां भी मांगी हैं।
उधर, विभाग को इनपुट मिला है कि जिले में एक हजार बैग छिपाकर रखे गए हैं। किसी महिला के शामिल होने की जानकारी भी मिला है। उधर, कालाबाजारी करने के आरोपियों पर रासुका लगाई जा सकती है।
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किसानों के लिए आने वाले अनुदानित यूरिया की कालाबाजारी का मामला सामने आने के बाद पुलिस और कृषि विभाग की ओर से कार्यवाही को अपने-अपने स्तर से आगे बढ़ाया जा रहा है। पुलिस मामले की विवेचना कर रही है। जिला कृषि अधिकारी राहुल सिंह तेवतिया ने बताया कि मामले में सहायक निदेशक कृषि एवं ज्वाइंट डायरेक्टर फर्टिलाइजर की ओर से पूरे प्रकरण की जानकारी ली गई है।
बताया कि एफआईआर सहित मामले से जुड़े सभी दस्तावेजों की प्रतियां उपलब्ध करा दी गई हैं। उन्होंने बताया कि उर्वरक निर्माता कंपनी कृभको, इफ्को और यारा के प्रतिनिधियों की ओर से यूरिया कालाबाजारी मामले में जेल गए तीन लोगों से संबंधित प्रतिष्ठानों पर जाकर जांच का प्रयास किया गया, लेकिन तीनों प्रतिष्ठान ही बंद पाए गए।
बताया कि प्रतिनिधियों की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार मजलिसपुर तौफीर स्थित पारस फर्टिलाइजर्स एजेंसी से यूरिया सहित अन्य सामान भी हटा लिया गया है। बताया कि निरस्त किये गए तीनों लाइसेंसधारी उर्वरक विक्रेताओं के आवास पर जाकर भी जानकारी लेने का प्रयास किया गया।
एक हजार यूरिया बैग के अवैध भंडारण का इनपुट
पुलिस और कृषि विभाग अपने-अपने स्तर पर मामले की छानबीन में जुटे हैं। कृषि विभाग के अधिकारी निजी सूत्रों के माध्यम से कालाबाजारी कर जनपद में छिपाए गए अनुदानित यूरिया की बरामदगी में जुटे हैं। तीन दिन पहले गांव सिताबपुरी में एक किसान के घेर में बनाए गए अवैध गोदाम से 250 बैग अनुदानित यूरिया बरामद किया गया था। कृषि विभाग के अधिकारियों को अभी जनपद में ही किसी स्थान पर एक हजार अनुदानित यूरिया बैग छिपाकर रखे जाने का भी इनपुट मिल रहा है। विभागीय अधिकारी मामले की पुख्ता जानकारी कर छापा मारने के फिराक में हैं। जबकि एक अन्य इनपुट के आधार पर कालाबाजारी मामले में एक महिला की संलिप्तता को लेकर भी शक जाहिर किया जा रहा है।