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Muzaffarnagar News: डेढ़ हजार के लिए चली गई दो मासूम सहित चार की जान
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सरवट में घटना के बाद मौके पर पहुंचे सैकड़ो लोग फोटो संवाद
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मुजफ्फरनगर। सरवट की गली नंबर छह में मातम पसरा है। डेढ़ हजार रुपये की ईदी के विवाद में रिश्तों की माला के मोती बिखर गए। पेंटर इरशाद का पूरा परिवार मौत की नींद सो गया। पड़ोसियों ने दिन में समझाने की कोशिश की लेकिन बात नहीं बनी। देर रात तक पति-पत्नी के बीच झगड़ा हुआ। इसके बाद आवाज आनी बंद हो गई। सुबह दरवाजा नहीं खुला। परिवार, पड़ोसी और पुलिस भी भी हैरान रह गई।
चार दिन पहले भोकरहेड़ी से आई पेंटर की बहन सोमवार को अपने घर चली गई थी। इसके बाद पति-पत्नी के विवाद और हंगामा होने लगा। पड़ोस के लोगों ने बताया कि बहन को ईदी देना इरशाद के लिए मुसीबत बन गया था। उसके ससुराल वालों ने आकर हंगामा किया और मारपीट की।
मोहल्ले के लोगों ने उन्हें समझाया तो उनके साथ भी अभद्रता की गई। सोमवार देर रात इरशाद के घर से पति-पत्नी की आवाज आती रही। पड़ोसी इनाम बताते हैं कि सुबह लगभग तीन बजे के बाद आवाज आनी बंद हो गई। सुबह लगभग पौने बारह बजे तक न इरशाद बाहर नहीं निकला और न ही घर से आवाज आई तो उसका भाई नौशाद व अन्य पड़ोसी किसी तरह घर पहुंचे थे। चार बजे से दोपहर के बारह तक के बीच आठ घंटे के सन्नाटे के बाद इस परिवार के सदस्यों की मौत का मामला सामने आया तो क्षेत्र के लोगों मौके की ओर दौड़।
चंद मिनटों में सैकड़ों लोग एकत्र हो गए थे। मृतका नोरीन की बहन अर्शी का कहना था कि उनकी बहन ने एक माह पहले ही बेटी को जन्म दिया था। उसकी बहन व जीजा में 1500 रुपये ईदी के रूप में ननद को देने पर विवाद हुआ था। आरोप लगाया कि सोमवार को उनकी बहन के साथ मोहल्ले में मारपीट की गई थी। मंगलवार को भी उन्हें घर में घुसने नहीं दिया गया।
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चार दिन पहले भोकरहेड़ी से आई पेंटर की बहन सोमवार को अपने घर चली गई थी। इसके बाद पति-पत्नी के विवाद और हंगामा होने लगा। पड़ोस के लोगों ने बताया कि बहन को ईदी देना इरशाद के लिए मुसीबत बन गया था। उसके ससुराल वालों ने आकर हंगामा किया और मारपीट की।
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मोहल्ले के लोगों ने उन्हें समझाया तो उनके साथ भी अभद्रता की गई। सोमवार देर रात इरशाद के घर से पति-पत्नी की आवाज आती रही। पड़ोसी इनाम बताते हैं कि सुबह लगभग तीन बजे के बाद आवाज आनी बंद हो गई। सुबह लगभग पौने बारह बजे तक न इरशाद बाहर नहीं निकला और न ही घर से आवाज आई तो उसका भाई नौशाद व अन्य पड़ोसी किसी तरह घर पहुंचे थे। चार बजे से दोपहर के बारह तक के बीच आठ घंटे के सन्नाटे के बाद इस परिवार के सदस्यों की मौत का मामला सामने आया तो क्षेत्र के लोगों मौके की ओर दौड़।
चंद मिनटों में सैकड़ों लोग एकत्र हो गए थे। मृतका नोरीन की बहन अर्शी का कहना था कि उनकी बहन ने एक माह पहले ही बेटी को जन्म दिया था। उसकी बहन व जीजा में 1500 रुपये ईदी के रूप में ननद को देने पर विवाद हुआ था। आरोप लगाया कि सोमवार को उनकी बहन के साथ मोहल्ले में मारपीट की गई थी। मंगलवार को भी उन्हें घर में घुसने नहीं दिया गया।