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Pratapgarh News: जीव विज्ञान ने उलझाया, संस्कृत के व्याकरण ने पसीना छुड़ाया
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केपी कॉलेज से टीजीटी परीक्षा देकर बाहर निकलते अभ्यर्थी। संवाद
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प्रशिक्षित स्नातक शिक्षक (टीजीटी) भर्ती परीक्षा में बृहस्पतिवार को जीव विज्ञान के सवालों में अभ्यर्थी उलझे रहे। दूसरी पाली में संस्कृत विषय के व्याकरण के कठिन प्रश्नों को देख अभ्यर्थियों के पसीने छूट गए।
पहली पाली में सुबह 9.30 से 11.30 बजे तक 17 केंद्रों पर अंग्रेजी, गृह विज्ञान, जीव विज्ञान और संगीत वादन विषय की परीक्षा हुई। दूसरी पाली में दोपहर 2.30 से 4.30 बजे तक 33 केंद्रों पर संस्कृत, वाणिज्य और कला विषय की परीक्षा हुई।
डीएम अभिषेक पांडेय और एसपी दीपक भूकर ने परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। पहली पाली की परीक्षा में सुबह 7.15 से 8.45 तक अभ्यर्थियों को तलाशी के बाद केंद्र में प्रवेश दिया गया।
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बायोमीट्रिक जांच के बाद परीक्षार्थी परीक्षा कक्ष में पहुंचे। दूसरी पाली में दोपहर 12.15 से अभ्यर्थियों को प्रवेश केंद्र में शुरू हुआ। परीक्षा संचालन प्रभारी प्रो. उपेंद्र सिंह ने बताया कि पहली पाली में 8,723 और दूसरी पाली में 13,696 अभ्यर्थी पंजीकृत थे।
होटल और रैन बसेरों में गुजारी रात
टीजीटी भर्ती परीक्षा के अभ्यर्थियों की भीड़ बुधवार की रात से ही शहर में पहुंच गई। होटल में कमरे न मिलने पर हादीहाल के रैन बसेरे के साथ स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर रात गुजारी। वहीं, ई-रिक्शा और ऑटो चालकों ने अभ्यर्थियों से मनमाना किराया वसूला।
संचालक की लापरवाही से छूटी ट्रेन
मां बेल्हा देवी धाम जंक्शन पर प्रतापगढ़ के अभ्यर्थी अलंकार सिंह व जागृति तिवारी अपने पिता अमरनाथ के साथ रायबरेली जाने के लिए पहुंचीं। वाहन स्टैंड संचालक बाइक जमा करने के लिए ऑनलाइन पर्ची काटने लगा। भीड़ की वजह से पर्ची काटने में देरी हो गई। ट्रेन छूटने का समय होने पर कुछ अभ्यर्थी दौड़ते हुए प्लेटफॉर्म पर पहुंचे लेकिन तब तक कानपुर जाने वाली इंटरसिटी एक्सप्रेस रवाना हो गई थी। मजबूरी में अभ्यर्थियों को बाइक से रायबरेली तक का सफर तय करना पड़ा।
0 जीव विज्ञान के प्रश्नपत्र में अभिकथन और कारण से जुड़े सवाल कठिन थे। इन सवालों को हल करने में अधिक समय लगा।
अनुराधा, प्रयागराज
0 संस्कृत के व्याकरण के प्रश्न काफी जटिल थे। कई बार पढ़ने के बाद भी प्रश्न नहीं समझ में आए। एक-एक सवाल हल करने में काफी समस्या हुई।
किरन, प्रयागराज
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पहली पाली में सुबह 9.30 से 11.30 बजे तक 17 केंद्रों पर अंग्रेजी, गृह विज्ञान, जीव विज्ञान और संगीत वादन विषय की परीक्षा हुई। दूसरी पाली में दोपहर 2.30 से 4.30 बजे तक 33 केंद्रों पर संस्कृत, वाणिज्य और कला विषय की परीक्षा हुई।
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डीएम अभिषेक पांडेय और एसपी दीपक भूकर ने परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। पहली पाली की परीक्षा में सुबह 7.15 से 8.45 तक अभ्यर्थियों को तलाशी के बाद केंद्र में प्रवेश दिया गया।
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बायोमीट्रिक जांच के बाद परीक्षार्थी परीक्षा कक्ष में पहुंचे। दूसरी पाली में दोपहर 12.15 से अभ्यर्थियों को प्रवेश केंद्र में शुरू हुआ। परीक्षा संचालन प्रभारी प्रो. उपेंद्र सिंह ने बताया कि पहली पाली में 8,723 और दूसरी पाली में 13,696 अभ्यर्थी पंजीकृत थे।
होटल और रैन बसेरों में गुजारी रात
टीजीटी भर्ती परीक्षा के अभ्यर्थियों की भीड़ बुधवार की रात से ही शहर में पहुंच गई। होटल में कमरे न मिलने पर हादीहाल के रैन बसेरे के साथ स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर रात गुजारी। वहीं, ई-रिक्शा और ऑटो चालकों ने अभ्यर्थियों से मनमाना किराया वसूला।
संचालक की लापरवाही से छूटी ट्रेन
मां बेल्हा देवी धाम जंक्शन पर प्रतापगढ़ के अभ्यर्थी अलंकार सिंह व जागृति तिवारी अपने पिता अमरनाथ के साथ रायबरेली जाने के लिए पहुंचीं। वाहन स्टैंड संचालक बाइक जमा करने के लिए ऑनलाइन पर्ची काटने लगा। भीड़ की वजह से पर्ची काटने में देरी हो गई। ट्रेन छूटने का समय होने पर कुछ अभ्यर्थी दौड़ते हुए प्लेटफॉर्म पर पहुंचे लेकिन तब तक कानपुर जाने वाली इंटरसिटी एक्सप्रेस रवाना हो गई थी। मजबूरी में अभ्यर्थियों को बाइक से रायबरेली तक का सफर तय करना पड़ा।
0 जीव विज्ञान के प्रश्नपत्र में अभिकथन और कारण से जुड़े सवाल कठिन थे। इन सवालों को हल करने में अधिक समय लगा।
अनुराधा, प्रयागराज
0 संस्कृत के व्याकरण के प्रश्न काफी जटिल थे। कई बार पढ़ने के बाद भी प्रश्न नहीं समझ में आए। एक-एक सवाल हल करने में काफी समस्या हुई।
किरन, प्रयागराज

केपी कॉलेज से टीजीटी परीक्षा देकर बाहर निकलते अभ्यर्थी। संवाद

केपी कॉलेज से टीजीटी परीक्षा देकर बाहर निकलते अभ्यर्थी। संवाद