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Saharanpur News: आंधी में उड़ी 32 लाख की छांव, गुणवत्ता में मिली खामियां, नोटिस जारी

संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर Updated Thu, 04 Jun 2026 01:11 AM IST
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32 Lakh Shelter Blown Away by Storm Quality Deficiencies Detected, Notice Issued
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सहारनपुर। सफर में धूप चाहे जितनी भी हो, यहां छांव का जिम्मा हमारा है। इसी टैग लाइन के साथ महानगर के सात चौराहों और तिराहों पर 32 लाख खर्च कर छांव के लिए ग्रीन नेट और मिस्ट स्प्रे सिस्टम की व्यवस्था की गई थी, लेकिन पहली ही आंधी में नेट उड़ गया और बांस बल्ली उखड़कर सड़क पर आ गिरे थे। अब नगर आयुक्त ने इसे गंभीर कमी मानते हुए राहगीरों के लिए खतरा बताया है और जलकर विभाग को नोटिस जारी किया है।


दरअसल, मई में भीषण गर्मी के कारण राहगीरों की परेशानी को देखते हुए नगर निगम ने चौराहों और तिराहों पर ग्रीन नेट लगाने तथा मिस्ट स्प्रे सिस्टम लगाने का निर्णय लिया था। सात चौराहों पर ग्रीन नेट और मिस्ट स्प्रे सिस्टम लगाने के लिए 32 लाख का टेंडर निकाला गया। जून और जुलाई तक यह व्यवस्था रखनी थी। ठेकेदार द्वारा ग्रीन नेट लगाए गए, लेकिन दो दिन बाद ही 28 मई को आई आंधी में ग्रीन नेट फट गए और बांस बल्ली भी उखड़ गए।
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इसकी शिकायत नगर आयुक्त शिपू गिरि तक पहुंची। उन्होंने जलकल अनुभाग को पत्र लिखकर नाराजगी जताई। कहा कि ग्रीन नेट लगाने में राहगीरों की सुरक्षा का कोई ध्यान नहीं रखा गया, जिस प्रकार से ग्रीन नेट फटे और उनके साथ लगे एंगल, क्लैप एवं एंकर बोल्ट आदि उखड़ गए वह राहगीरों को चोट पहुंचा सकते थे। उन्होंने इसे टेंडर की शर्तों का उल्लंघन और गुणवत्ता की कमी माना है। कहा कि खराब गुणवत्ता का नेट होने के कारण वह फटा है। इससे एक ओर जहां आम नागरिक की सुरक्षा को खतरा बना है, वहीं नगर निगम और शासन की छवि धूमिल हुई है।
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उधर, महापौर डॉ. अजय कुमार का कहना है कि शहरवासियों की सुरक्षा पहली प्राथमिकता है, जो भी कमी है उसे दूर कराया जाएगा।
-- इन बिंदुओं पर करना होगा काम
- सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर कार्यदायी एजेंसी पर दस हजार रुपये प्रति चौराहा अर्थदंड लगाया जाए और दोबारा गलती होने पर ब्लैक लिस्ट किया जाए।

- बिना सत्यापन के कोई भी बिल पास नहीं किया जाए।
- मानक से कमजोर सामग्री और स्ट्रक्चर पाए जाने पर बिल से 25 प्रतिशत कटौती की जाए।
- भविष्य में लगाए जाने वाले ग्रीन नेट के लिए केवल आईएसआई मार्क या अनुमोदित ब्रांड के सामान का इस्तेमाल किया जाए।
- नए लगाए जाने वाले ग्रीन नेट मौसम चेतावनी पर समेटने की व्यवस्था की जाए।

----- ग्रीन नेट और मिस्ट स्प्रे सिस्टम पर खर्च
सात चौराहों पर दो महीने तक ग्रीन नेट लगाने के लिए 8.75 लाख रुपये का बजट रखा गया है। प्रत्येक चौराहे के लिए 1.25 लाख रुपये खर्च आएगा। इसी प्रकार सातों चौराहों पर मिस्ट स्प्रे सिस्टम के लिए 3.35 लाख रुपये निर्धारित हैं। इस प्रकार सात चौराहों के लिए 23.45 लाख रुपये खर्च होंगे। कुल मिलाकर कार्यदायी संस्था को करीब 32 लाख जाएंगे, लेकिन जनता को उनका लाभ नहीं मिल रहा है।
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