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Shamli News: पिता-पुत्र की हत्या में आज सुनाई जाएगी सजा
Mon, 17 Aug 2026 12:35 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
Updated Mon, 17 Aug 2026 12:35 AM IST
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कैराना अदालत से संबंधित समाचार-मृतक भूपेंद्र सिंह का फाइल फोटो-परिजन
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कैराना। छह अप्रैल 2022 को पैसों के विवाद में मेरठ के कंकरखेड़ा निवासी भूपेंद्र और उसके बेटे अर्जुन को अपने गांव मखमूलपुर बुलाकर एक दिन तक यातनाएं दी और बाद में पुलिस की मौजूदगी में ही घायल पिता-पुत्र को अपनी गाड़ी से जंगल में ले जाकर गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस मामले में सोमवार को अदालत द्वारा मुजरिम यूपी पुलिस से बर्खास्त सिपाही विक्रांत और उसके भाई अर्जुन तथा पिता वीरेंद्र और मोनू को सजा सुनाई जाएगी।
यूपी पुलिस में सिपाही रहे विक्रांत निवासी मखमूलपुर ने अपने छोटे भाई अर्जुन की नौकरी लगवाने के लिए मेरठ के कंकरखेड़ा निवासी भूपेंद्र को दो लाख रुपये दिए थे।
नौकरी नहीं लगने पर विक्रांत ने भूपेंद्र से 5.8 लाख रुपये की मांग की। पांच अप्रैल 2022 को भूपेंद्र और उसकी मां सुरेश देवी को विक्रांत ने अपने गांव मखमूलपुर बुलाया। जहां पर विक्रांत और उसके परिवार के लोगों ने भूपेंद्र और उसकी मां सुरेश देवी की पिटाई की। अगले दिन भूपेंद्र के इकलौते बेटे अर्जुन को भी मखमूलपुर बुला लिया गया। इसके बाद सुरेश देवी को पैसे लाने के लिए भेजा जबकि भूपेंद्र और उसके बेटे अर्जुन को बंधक बनाकर यातनाएं दीं।
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सुरेश देवी ने अपने बेटे और पोते को बचाने के लिए डायल 112 पुलिस को मौके पर बुला लिया था लेकिन पुलिस की मौजूदगी में ही हत्यारे घायल भूपेंद्र और उसके बेटे अर्जुन को जबरदस्ती गाड़ी में डाल थाने ले जाने की बात कहकर ले गए। उस समय डायल 112 पुलिस लापरवाही ने लापरवाही दिखाई और हत्यारों ने पिता-पुत्र को सल्फा के जंगल में ले जाकर गोली मारकर हत्या कर दी थी। बाद में सुरेश देवी ने कांधला थाने पर मुकदमा दर्ज कराया था। इस मामले में सिपाही विक्रांत को बर्खास्त कर दिया गया था
29 जून 2022 को कांधला पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किए थे। करीब चार साल की कानूनी लड़ाई के बाद हत्या की चश्मदीद गवाह और मुकदमे की वादी मृतक भूपेंद्र की मां सुरेश देवी को न्याय मिलेगा। 13 अगस्त को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुरेंद्र कुमार राय ने पिता-पुत्र की हत्या में बर्खास्त सिपाही विक्रांत और उसके भाई अर्जुन तथा पिता वीरेंद्र और मोनू को हत्या का दोषी करार दिया है। आज (सोमवार) को सजा पर फैसला सुनाया जाएगा।
क्षेत्र में फैल गई थी दहशत : कैराना। 6 अप्रैल 2022 थाना कांधला का गांव मखमूलपुर एक ऐसे जघन्य अपराध का साक्षी बना जब पुलिस के सिपाही ने ही कानून की धज्जियां उड़ाते हुए केवल 2 लाख के विवाद में पिता-पुत्र की हत्या कर दी थी।
जब लोगों ने सुना कि एक सिपाही ने ही पिता पुत्र को यातनाएं देते हुए गोली मारकर हत्या कर दी तो हर कोई दहशत में आ गया।
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यूपी पुलिस में सिपाही रहे विक्रांत निवासी मखमूलपुर ने अपने छोटे भाई अर्जुन की नौकरी लगवाने के लिए मेरठ के कंकरखेड़ा निवासी भूपेंद्र को दो लाख रुपये दिए थे।
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नौकरी नहीं लगने पर विक्रांत ने भूपेंद्र से 5.8 लाख रुपये की मांग की। पांच अप्रैल 2022 को भूपेंद्र और उसकी मां सुरेश देवी को विक्रांत ने अपने गांव मखमूलपुर बुलाया। जहां पर विक्रांत और उसके परिवार के लोगों ने भूपेंद्र और उसकी मां सुरेश देवी की पिटाई की। अगले दिन भूपेंद्र के इकलौते बेटे अर्जुन को भी मखमूलपुर बुला लिया गया। इसके बाद सुरेश देवी को पैसे लाने के लिए भेजा जबकि भूपेंद्र और उसके बेटे अर्जुन को बंधक बनाकर यातनाएं दीं।
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सुरेश देवी ने अपने बेटे और पोते को बचाने के लिए डायल 112 पुलिस को मौके पर बुला लिया था लेकिन पुलिस की मौजूदगी में ही हत्यारे घायल भूपेंद्र और उसके बेटे अर्जुन को जबरदस्ती गाड़ी में डाल थाने ले जाने की बात कहकर ले गए। उस समय डायल 112 पुलिस लापरवाही ने लापरवाही दिखाई और हत्यारों ने पिता-पुत्र को सल्फा के जंगल में ले जाकर गोली मारकर हत्या कर दी थी। बाद में सुरेश देवी ने कांधला थाने पर मुकदमा दर्ज कराया था। इस मामले में सिपाही विक्रांत को बर्खास्त कर दिया गया था
29 जून 2022 को कांधला पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किए थे। करीब चार साल की कानूनी लड़ाई के बाद हत्या की चश्मदीद गवाह और मुकदमे की वादी मृतक भूपेंद्र की मां सुरेश देवी को न्याय मिलेगा। 13 अगस्त को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुरेंद्र कुमार राय ने पिता-पुत्र की हत्या में बर्खास्त सिपाही विक्रांत और उसके भाई अर्जुन तथा पिता वीरेंद्र और मोनू को हत्या का दोषी करार दिया है। आज (सोमवार) को सजा पर फैसला सुनाया जाएगा।
क्षेत्र में फैल गई थी दहशत : कैराना। 6 अप्रैल 2022 थाना कांधला का गांव मखमूलपुर एक ऐसे जघन्य अपराध का साक्षी बना जब पुलिस के सिपाही ने ही कानून की धज्जियां उड़ाते हुए केवल 2 लाख के विवाद में पिता-पुत्र की हत्या कर दी थी।
जब लोगों ने सुना कि एक सिपाही ने ही पिता पुत्र को यातनाएं देते हुए गोली मारकर हत्या कर दी तो हर कोई दहशत में आ गया।

कैराना अदालत से संबंधित समाचार-मृतक भूपेंद्र सिंह का फाइल फोटो-परिजन

कैराना अदालत से संबंधित समाचार-मृतक भूपेंद्र सिंह का फाइल फोटो-परिजन

कैराना अदालत से संबंधित समाचार-मृतक भूपेंद्र सिंह का फाइल फोटो-परिजन