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Sonebhadra News: आयुष्मान कार्ड होने के बावजूद रुपयों के लिए उपचार में लापरवाही का आरोप, बुजुर्ग की मौत, अस्पताल में हंगामा

Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Tue, 28 Apr 2026 12:50 AM IST
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Allegations of Negligence in Treatment Over Money Despite Ayushman Card; Elderly Patient Dies, Uproar at Hospital
जिला अस्पताल के पोस्टमार्टम हाऊस पर राजपुर के मृतक के शोकाकुल परिजन। संवाद
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सोनभद्र। राॅबर्ट्सगंज कोतवाली क्षेत्र के छपका स्थित पंचशील मल्टीस्पेशलिटी हास्पिटल में इलाज के दौरान रामविलास (60) की मौत हो गई।
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वहां दो दिन से उपचार चल रहा था। आरोप है कि आयुष्मान कार्ड के बावजूद पैसे के लिए इलाज में लापरवाही बरती गई। मौत के बाद परिजनों ने जमकर हंगामा किया।
उधर, अस्पताल प्रबंधन की ओर से भी तोड़फोड़ का आरोप लगाते हुए तहरीर दी गई है। डीएम के निर्देश पर सीएमओ ने मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय टीम गठित की है। कोतवाली पुलिस ने अस्पताल के डॉ. अनुपमा मौर्य, डायरेक्टर पवित मौर्य और स्टाफ के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
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पन्नूगंज थाना क्षेत्र के कबरी निवासी निर्मला पत्नी अरविंद (मृतक की बेटी) ने तहरीर में कहा है कि वह अनुसूचित जाति की महिला है। शाहगंज थाना क्षेत्र के राजपुर निवासी उसके पिता रामविलास को 23 अप्रैल को पेट में लगातार दर्द होने पर अल्ट्रासाउंड कराया गया।
अगले दिन उन्हें छपका स्थित अस्पताल में दिखवाया गया। वहां चिकित्सक ने उनके पिता का इलाज शुरू किया। एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड, खून की जांच हुई। बाद में बताया गया कि मरीज की दोनों किडनी और लीवर खराब है। इलाज काफी महंगा पड़ेगा।
आयुष्मान कार्ड से इलाज शुरू करने के लिए पहले 50 हजार जमा करने होंगे। इसके बाद का खर्च आयुष्मान कार्ड से हो जाएगा। इस पर उसने 24 अप्रैल को 50 हजार दे दिए। अगले दिन 25 हजार और मांगे। उसे देने के बाद 26 अप्रैल की दोपहर तीन बजे 50 हजार फिर मांगे। आरोप है कि असमर्थता जताने पर उसके पिता को जबरदस्ती आईसीयू से निकाल दिया गया। शाम साढ़े छह बजे वह पिता के साथ पड़ी रही।
कुछ परिचितों को बुलाकर वाराणसी जा रही थी। रास्ते में उनकी मौत हो गई। आरोप है कि वह पिता का शव लेकर रात 10.30 बजे हॉस्पिटल पहुंची तो वहां से मारा-पीटा गया।
गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी गई। प्रभारी निरीक्षक रामस्वरूप वर्मा ने बताया कि डॉ. अनुपमा, अस्पताल संचालक पवित मौर्य के खिलाफ नामजद व अन्य अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच की जा रही है।
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