सुखवंत सिंह आत्महत्या प्रकरण : गिरफ्तारी पर रोक हटाने के लिए हाईकोर्ट में आज सुनवाई
किसान सुखवंत सिंह आत्महत्या मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी पर लगी रोक हटाने के लिए राज्य सरकार की याचिका पर हाईकोर्ट में आज सुनवाई होगी।
विस्तार
काशीपुर के किसान सुखवंत सिंह आत्महत्या प्रकरण के आरोपियों की गिरफ्तारी पर रोक हटाने के लिए राज्य सरकार की ओर से उत्तराखंड उच्च न्यायालय में प्रार्थना पत्र दाखिल किया गया है। इस मामले में शुक्रवार को सुनवाई होगी। इससे पहले अदालत ने 26 लोगों के खिलाफ दर्ज मुकदमे में गिरफ्तारी पर रोक लगा दी थी।
न्यायमूर्ति राकेश थपलियाल की एकलपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। अलग-अलग याचिका करने वालों कुलविंदर सिंह व अन्य, दिव्या पांडे व अन्य, बलवंत सिंह उर्फ बलवंत सिंह बकसौरा, जगवीर सिंह उर्फ जगवीर रॉय, मोहित कुमार चौहान व अन्य तथा वीरपाल सिंह व अन्य ने अदालत में अपनी गिरफ्तारी पर रोक लगाने और एफआईआर निरस्त करने की मांग की थी। उनका कहना था कि आत्महत्या प्रकरण से उनका कोई संबंध नहीं है और ना ही उनके बीच कोई विवाद था।
प्रकरण के अनुसार, काशीपुर निवासी सुखवंत सिंह ने हल्द्वानी के काठगोदाम क्षेत्र स्थित एक होटल में खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी। आत्महत्या से पहले उन्होंने एक वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर साझा किया था जिसमें कुछ पुलिस अधिकारियों और कथित प्रॉपर्टी डीलरों पर गंभीर आरोप लगाए गए थे। सुखवंत सिंह ने आरोप लगाया था कि भूमि सौदे में उनके साथ धोखाधड़ी कर करीब चार करोड़ रुपये ठग लिए गए। शिकायत के बावजूद पुलिस ने कार्रवाई के बजाय आरोपियों का साथ दिया।
इस मामले में मृतक के भाई की तहरीर पर पुलिस ने अमरजीत सिंह, दिव्या, रवीन्द्र कौर, लवप्रीत कौर, कुलविंदर सिंह उर्फ जस्सी, हरदीप कौर, आशीष चौहान, गिरवर सिंह, महिपाल सिंह, शिवेंद्र सिंह, विमल व उनकी पत्नी, देवेंद्र, राजेंद्र, गुरप्रेम सिंह, जगपाल सिंह, जगवीर राय, मनप्रीत कलसी, अमित, मोहित, सुखवंत सिंह पन्नू, वीरपाल सिंह पन्नू, बलवंत सिंह बक्सौरा, बिजेंद्र, पूजा और जहीर के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। इसके अलावा कुंदन सिंह ने भी अपनी गिरफ्तारी पर रोक के लिए अलग से याचिका दायर की है। सभी संबंधित मामलों पर शुक्रवार को एक साथ सुनवाई होगी।