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Roorkee News: नारसन बॉर्डर पर जल्द शुरू होगी ग्रीन सेस की कटौती
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उत्तरप्रदेश और उत्तराखंड को जोड़ने वाले मुख्य द्वार नारसन बॉर्डर पर अब जल्द ही ग्रीन सेस की वसूली शुरू होने वाली है। विभाग की ओर से इसकी तकनीकी तैयारियां अंतिम चरण में हैं। वर्तमान में सिस्टम की सफलतापूर्वक टेस्टिंग की जा रही है।
पर्यावरण संरक्षण और बुनियादी ढांचे की मजबूती के लिए उत्तराखंड सरकार ने बाहरी राज्यों से आने वाले वाहनों पर ग्रीन सेस लगाने का निर्णय लिया था। दिल्ली-हरिद्वार नेशनल हाईवे पर स्थित नारसन बॉर्डर सबसे महत्वपूर्ण चेकपोस्ट में से एक है। यहां से गुजरने वाले बाहरी वाहनों को अब तय शुल्क चुकाना होगा।
परिवहन विभाग और संबंधित एजेंसी ने बॉर्डर पर अत्याधुनिक रेफिड और कैमरों का सेटअप इंस्टॉल कर दिया है। पिछले कुछ दिनों से सॉफ्टवेयर के रिस्पॉन्स टाइम और डेटा कलेक्शन की टेस्टिंग की जा रही है। यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि सेस कटने के दौरान वाहनों की लंबी कतारें न लगे और फास्टैग या डिजिटल माध्यम से भुगतान की प्रक्रिया सुचारु रहे।
रुड़की आरटीओ प्रवर्तन कृष्णा चंद ने बताया कि ग्रीन सेस की वसूली डिजिटल और ऑटोमैटिक तरीके से की जाएगी ताकि पारदर्शिता बनी रहे। टेस्टिंग प्रक्रिया पूरी होते ही निर्धारित प्वाइंट पर सेस कटना शुरू हो जाएगा। इस दौरान केके बिजल्वान टीटीओ रुड़की, सचल दल नारसन टीटीओ नवीन तिवारी, रमेश पंत, राकेश, प्रदीप सैनी, अजय नेगी और दीपिन राणा आदि मौजूद रहे।
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परिवहन विभाग और संबंधित एजेंसी ने बॉर्डर पर अत्याधुनिक रेफिड और कैमरों का सेटअप इंस्टॉल कर दिया है। पिछले कुछ दिनों से सॉफ्टवेयर के रिस्पॉन्स टाइम और डेटा कलेक्शन की टेस्टिंग की जा रही है। यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि सेस कटने के दौरान वाहनों की लंबी कतारें न लगे और फास्टैग या डिजिटल माध्यम से भुगतान की प्रक्रिया सुचारु रहे।
रुड़की आरटीओ प्रवर्तन कृष्णा चंद ने बताया कि ग्रीन सेस की वसूली डिजिटल और ऑटोमैटिक तरीके से की जाएगी ताकि पारदर्शिता बनी रहे। टेस्टिंग प्रक्रिया पूरी होते ही निर्धारित प्वाइंट पर सेस कटना शुरू हो जाएगा। इस दौरान केके बिजल्वान टीटीओ रुड़की, सचल दल नारसन टीटीओ नवीन तिवारी, रमेश पंत, राकेश, प्रदीप सैनी, अजय नेगी और दीपिन राणा आदि मौजूद रहे।