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Udham Singh Nagar News: जागेश्वर मंदिर भूमि को लेकर विवाद, निर्माण कार्य रुकवाया
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
Updated Fri, 19 Jun 2026 01:20 AM IST
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काशीपुर। चैती चौराहे स्थित प्राचीन जागेश्वर मंदिर की भूमि को लेकर एक बार फिर विवाद हो गया। भूमि के स्वामित्व को लेकर दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए। सूचना पर पहुंची राजस्व टीम ने स्थलीय निरीक्षण कर दोनों पक्ष को भूमि अभिलेख लेकर बुलाया है। साथ ही निर्माण कार्य को रुकवा दिया गया है।
बीते बुधवार की शाम लगभग पांच बजे रामपाल यादव ने विवादित भूमि पर अपने स्वामित्व का दावा किया है। उनका कहना है कि संबंधित भूमि उनके अधिकार क्षेत्र में है। वहीं जागेश्वर मंदिर व गौविषाण मंदिर के महंत सुधाकर तिवारी ने दावा किया कि उक्त भूमि राजस्व अभिलेखों में मंदिर के नाम दर्ज है। किसी अन्य व्यक्ति का दावा तथ्यों के अनुरूप नहीं है। मामले की प्रशासन को जानकारी होने पर राजस्व विभाग की टीम को मौके पर भेजा गया। कानूनगो अरुण चौहान व लेखपाल गौरव अन्य राजस्व अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचे और स्थलीय निरीक्षण किया। दोनों पक्ष ने अपने-अपने दस्तावेज प्रस्तुत किए। इस दौरान दोनों पक्ष में बहस हो गई।
राजस्व विभाग के अधिकारियों ने बताया भूमि की सीमांकन स्थिति, राजस्व अभिलेखों में दर्ज प्रविष्टियां व वास्तविक स्थिति को देखा जा रहा है। जांच के बाद रिपोर्ट प्रशासन को भेजी जाएगी। वहीं प्रशासन ने जांच पूरी होने तक किसी भी प्रकार की एकतरफा कार्रवाई से बचने को कहा है। टीम ने मौके पर निर्माण कार्य को जांच पूरी होने तक रुकवा दिया है।
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बीते बुधवार की शाम लगभग पांच बजे रामपाल यादव ने विवादित भूमि पर अपने स्वामित्व का दावा किया है। उनका कहना है कि संबंधित भूमि उनके अधिकार क्षेत्र में है। वहीं जागेश्वर मंदिर व गौविषाण मंदिर के महंत सुधाकर तिवारी ने दावा किया कि उक्त भूमि राजस्व अभिलेखों में मंदिर के नाम दर्ज है। किसी अन्य व्यक्ति का दावा तथ्यों के अनुरूप नहीं है। मामले की प्रशासन को जानकारी होने पर राजस्व विभाग की टीम को मौके पर भेजा गया। कानूनगो अरुण चौहान व लेखपाल गौरव अन्य राजस्व अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचे और स्थलीय निरीक्षण किया। दोनों पक्ष ने अपने-अपने दस्तावेज प्रस्तुत किए। इस दौरान दोनों पक्ष में बहस हो गई।
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राजस्व विभाग के अधिकारियों ने बताया भूमि की सीमांकन स्थिति, राजस्व अभिलेखों में दर्ज प्रविष्टियां व वास्तविक स्थिति को देखा जा रहा है। जांच के बाद रिपोर्ट प्रशासन को भेजी जाएगी। वहीं प्रशासन ने जांच पूरी होने तक किसी भी प्रकार की एकतरफा कार्रवाई से बचने को कहा है। टीम ने मौके पर निर्माण कार्य को जांच पूरी होने तक रुकवा दिया है।