जांजगीर चांपा में शेयर बाजार और रियल एस्टेट में निवेश के नाम पर लगभग 30 करोड़ रुपये की ठगी करने वाले फरार आरोपी प्रमोद कुमार (40 वर्ष) को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। यह आरोपी पिछले दो-तीन वर्षों से सक्रिय था और लोगों को मासिक 15 प्रतिशत मुनाफे का लालच देकर ठगी करता था। उसके अन्य सहयोगी अभी भी फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है।
पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पांडेय ने बताया कि प्रार्थी महेंद्र कुमार कश्यप, निवासी कामता थाना शिवरीनारायण ने अकलतरा थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जून 2024 में प्रमोद कुमार वैष्णव ने खुद को रियल एस्टेट और शेयर बाजार का कारोबारी बताकर हर महीने 15 प्रतिशत मुनाफा देने का झांसा दिया था। भरोसा दिलाने के लिए आरोपी ने एक इकरारनामा और एचडीएफसी बैंक का 10 लाख रुपये का चेक भी दिया था। महेंद्र कश्यप ने अपनी बेटी की शादी के लिए धान बेचकर जमा किए गए 10 लाख रुपये नकद आरोपी को दे दिए थे। कुछ समय बाद आरोपी का मोबाइल बंद हो गया और वह फरार हो गया।
अकलतरा थाने में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस की टीम आरोपी की तलाश में जुटी थी और उसके परिजनों से संपर्क बनाए हुए थी। इस दौरान, आरोपी प्रमोद कुमार वैष्णव को पकड़ा गया। पूछताछ में पता चला कि उसने कौशल प्रसाद कश्यप से 10 लाख रुपये और हीरालाल कश्यप (चोरभट्टी) से पांच लाख रुपये की ठगी की थी। इसके अलावा, बिलासपुर, जांजगीर-चांपा और कोरबा जिलों में 10-15 अन्य लोगों से भी लाखों रुपये की ठगी की गई थी। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर फरार आरोपी को हिरासत में लिया गया, जिसने लगभग 30 करोड़ रुपये की ठगी करना स्वीकार किया।
आरोपी के कब्जे से एक वेगनआर कार (सीजी-11-एम-8955) जिसकी अनुमानित कीमत चार लाख रुपये है, एक अन्य कार (सीजी-11-बी-5814) जिसकी कीमत 8.50 लाख रुपये है, और एक यामाहा मोटरसाइकिल (सीजी-11-बीएल-3379) बरामद हुई है। जब्त की गई कुल संपत्ति की अनुमानित कीमत 20 लाख रुपये है। आरोपी की अन्य चल-अचल संपत्तियों की विवेचना जारी है। पुलिस फरार सहयोगियों की तलाश में जुटी हुई है।