अमरनाथ यात्रा 2025 इस बार 3 जुलाई से 9 अगस्त तक चलेगी। यात्रियों को मेडिकल सर्टिफिकेट, आधार, यात्रा परमिट और RFID कार्ड लेकर चलना जरूरी है। चलिए जानते हैं अमरनाथ यात्रा शुरू करने से पहले किन शर्तों का पालन जरूरी है। आगामी अमरनाथ यात्रा को देखते हुए मां वैष्णो देवी भवन और धर्मनगरी कटड़ा में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। कटड़ा से सटी सभी सुरक्षा चौकियों पर अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं, और आने-जाने वाले हर वाहन की बारीकी से जांच की जा रही है।कटड़ा-जम्मू मार्ग पर नोमाई चेक पोस्ट पर पुलिस और सीआरपीएफ के जवानों ने संयुक्त रूप से मॉक ड्रिल कर सुरक्षा तैयारियों का जायजा लिया। कटड़ा-जम्मू मार्ग, कटड़ा-उधमपुर मार्ग और कटड़ा-रियासी मार्ग पर सुरक्षा बलों की लगातार गश्त जारी है, और हर राहगीर की जांच की जा रही है। कटरा में भी चप्पे-चप्पे पर पुलिस, सीआरपीएफ और अन्य एजेंसियों के अधिकारी व जवान लगातार निगरानी कर रहे हैं। मां वैष्णो देवी के सभी मार्गों पर भी पुलिस और सीआरपीएफ के जवान लगातार गश्त पर हैं। मां वैष्णो देवी भवन परिसर में पुलिस, सीआरपीएफ और खुफिया एजेंसियों के अधिकारी तैनात हैं, और सीसीटीवी कैमरों से लगातार निगरानी की जा रही है। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर वरिष्ठ अधिकारियों की बैठकें भी लगातार जारी हैं। जम्मू, कठुआ, सांबा, उधमपुर और रामबन जिलों में 52 लंगर और 60 आरएफआईडी केंद्र बनाए गए हैं और जम्मू स्थित सरस्वती धाम में एक टोकन केंद्र बनाया गया है। यात्रा को रेलवे के माध्यम से अनुमति नहीं दी जाएगी। सड़क मार्ग से ही सभी यात्री जत्थे रवाना होंगे। पवित्र यात्रा से संबंधित जानकारी कंट्रोल रूम से ली जा सकेगी। जानें इस बार अमरनाथ यात्रा में क्या क्या बदला है।