खरगोन जिले के झिरन्या क्षेत्र के ग्राम दामखेड़ा में एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के बाद ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा। युवक का शव फांसी के फंदे पर लटका मिलने के बाद परिजनों और समाजजनों ने इसे आत्महत्या मानने से इनकार करते हुए जादू-टोने की आशंका जताई। निष्पक्ष जांच और कथित आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी की मांग को लेकर ग्रामीणों ने दामखेड़ा फाटा पर चक्का जाम कर दिया।
जानकारी के अनुसार दामखेड़ा निवासी बदा चौहान के पुत्र अर्जुन चौहान का शव फांसी के फंदे पर लटका मिला था। घटना की सूचना मिलते ही परिवार और ग्रामीणों में शोक के साथ आक्रोश का माहौल बन गया। मृतक के पिता बदा चौहान ने दावा किया कि उनके पुत्र ने आत्महत्या नहीं की है और मामले की गहन एवं निष्पक्ष जांच की जानी चाहिए।
मामले को लेकर बड़ी संख्या में ग्रामीण और समाजजन दामखेड़ा फाटा पर एकत्रित हुए और सड़क पर चक्का जाम कर प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्रदर्शन के कारण यातायात पूरी तरह प्रभावित रहा तथा दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। ग्रामीणों ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की।
पढ़ें: 'साहब, शिकायत झूठी नहीं है'... 200 के स्टांप के साथ जनसुनवाई पहुंचे फरियादी
प्रदर्शन के दौरान स्थिति तब तनावपूर्ण हो गई, जब मौके पर पहुंचे एक पुलिसकर्मी का कुछ महिलाओं से विवाद हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार विरोध के दौरान पुलिसकर्मी को तीखी नाराजगी का सामना करना पड़ा और बाद में वह वहां से हट गया। घटना की जानकारी मिलते ही चैनपुर थाना पुलिस, प्रशासनिक अधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने ग्रामीणों से चर्चा कर उन्हें शांत कराने तथा निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शकुंतला रूहल ने बताया कि प्रारंभिक जांच में मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है। हालांकि परिजनों का आरोप है कि सामने रहने वाले एक व्यक्ति द्वारा कथित जादू-टोना किए जाने के कारण युवक की मौत हुई है। उन्होंने बताया कि कुछ माह पहले मृतक के बड़े भाई ने भी आत्महत्या की थी। इसी कारण परिजन और ग्रामीण आक्रोशित हैं तथा संबंधित व्यक्ति की तत्काल गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। क्षेत्र में शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।