सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   For the first time in Gorakhpur, a bhajan evening was organised in the club and Barsana Holi was played.

LIVE भजन कॉन्सर्ट: पहली बार गोरखपुर में आयोजित हुई भजन संध्या, फूलों संग खेली गई बरसाने की होली- देखें तस्वीर

अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर Published by: रोहित सिंह Updated Wed, 28 Jan 2026 02:31 PM IST
विज्ञापन
सार

वृंदावन से आए प्रसिद्ध भजन गायक श्री गोविन्द कृष्ण दास(जीकेडी) का मूल रुप से हरियाणा के रहने वाले हैं।  कुरूक्षेत्र में ब्रह्म माधव गौड़ीय वैष्णव परिवार में इनका जन्म हुआ था। पिता एचजी साक्षी गोपाल दास कुरुक्षेत्र के इस्कॉन मंदिर के अध्यक्ष पर थे। पांच वर्ष की उम्र से ही ही भक्ति सेवाओं में शामिल हो गए। बाद में उन्होंने कॉर्नेल विश्वविद्यालय, इथाका, न्यूयॉर्क, अमेरिका से बी.कॉम और फिर एमबीए किया। उनके पास वीएचई, वृंदावन से भक्ति शास्त्री और भक्ति वैभव की उपाधियां भी हैं।

For the first time in Gorakhpur, a bhajan evening was organised in the club and Barsana Holi was played.
गोविन्द कृष्ण दास - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

विस्तार
Follow Us

गोरखपुर के फॉरेस्ट क्लब में में 26 जनवरी  को वृंदावन के प्रसिद्ध गायक गोविन्द कृष्ण दास द्वारा एक भव्य लाइव भजन कॉन्सर्ट का आयोजन किया गया। जिले के किसी क्लब में ऐसा आयोजन पहली बार आयोजित हुआ। आयोजन में राधा-राधा संकीर्तन और फूलों की होली के साथ भक्ति और आधुनिक क्लबिंग का अनूठा संगम देखने को मिला।
Trending Videos


खास बात रही कि इस आध्यात्मिक आयोजन में बड़ी संख्या में युवाओं ने बढ़चढ़ कर भाग लिया था। वृंदावन से आए प्रसिद्ध भजन गायक गोविन्द कृष्ण दास(जीकेडी) का मूल रुप से हरियाणा के रहने वाले हैं।  कुरूक्षेत्र में ब्रह्म माधव गौड़ीय वैष्णव परिवार में इनका जन्म हुआ था। पिता एचजी साक्षी गोपाल दास कुरुक्षेत्र के इस्कॉन मंदिर के अध्यक्ष पर थे।
विज्ञापन
विज्ञापन



 

For the first time in Gorakhpur, a bhajan evening was organised in the club and Barsana Holi was played.
भजन संध्या - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
पांच वर्ष की उम्र से ही ही भक्ति सेवाओं में शामिल हो गए। बाद में उन्होंने कॉर्नेल विश्वविद्यालय, इथाका, न्यूयॉर्क, अमेरिका से बी.कॉम और फिर एमबीए किया।

उनके पास वीएचई, वृंदावन से भक्ति शास्त्री और भक्ति वैभव की उपाधियाँ भी हैं। 2013 में अपने आध्यात्मिक गुरु (गोपाल कृष्ण गोस्वामी महाराज) से निर्देश प्राप्त करने के बाद, उन्होंने अपना करियर छोड़कर धर्म प्रचार की पूर्णकालिक सेवा में लग गए और तब से वे अपने भावपूर्ण कीर्तनों से योगदान दे रहे हैं।

For the first time in Gorakhpur, a bhajan evening was organised in the club and Barsana Holi was played.
भजन संध्या - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
गोरखपुर में पहली बार सृजन और फॉरेस्ट क्लब की तरफ से इसका आयोनजन किया गया है। इस आयोजन में पारंपरिक भजनों को आधुनिक संगीत के साथ प्रस्तुत किया गया। 'फूलों की होली' और 'राधा-राधा संकीर्तन' में सैकड़ों की संख्या में शहरवासियों ने इसमें भाग लिया था। सृजम के अनुराग चांदवासिया और क्लब के रक्ष ढ़ींगरा ने बताया कि पीएम मोदी ने 'भजन क्लबिंग' से सराहना लेने के बाद इसका आयोजन किया गया।

कार्यक्रम में शहर के अनेक गणमान्य अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति रही, जिनमें प्रमुख रूप से अमर तुलस्यान, अनूप सर्राफ, मधु सर्राफ, वैभव सर्राफ, सौमित्र सर्राफ, सुधा मोदी, गौरव लिलारिया, रोहित रामरायका, अन्नू पोद्दार, राजीव ढींगरा व अशोक अग्रवाल शामिल रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

Election
एप में पढ़ें

Followed