{"_id":"6a3856f80dea559edb085b39","slug":"physics-questions-proved-tricky-relief-in-chemistry-ambala-news-c-36-1-amb1002-165141-2026-06-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ambala News: भौतिकी के सवालों ने उलझाया, रसायन विज्ञान में राहत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ambala News: भौतिकी के सवालों ने उलझाया, रसायन विज्ञान में राहत
विज्ञापन
अंंशिका
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
- विद्यार्थी बोले- पिछली बार की तुलना में बायोलॉजी के प्रश्न आए आसान
माई सिटी रिपोर्टर
अंबाला। मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट का प्रश्न पत्र इस बार वैचारिक और समय लेने वाला रहा। रविवार को जिले के परीक्षा केंद्रों से जब परीक्षार्थी परीक्षा देकर निकले तो उनके चेहरे खिले दिखाई दिए। उन्होंने बताया कि परीक्षा में कठिनाई स्तर मध्यम रहा है। भौतिक विज्ञान के सवालों ने जहां छात्रों की तार्किक क्षमता को परखा, वहीं रसायन विज्ञान का भाग काफी हद तक संतुलित और स्कोरिंग रहा। परीक्षा देने के बाद लौटे विद्यार्थियों ने बताया कि बायोलॉजी के प्रश्न उन्हें काफी आसान लगे। पिछले प्रश्नपत्र की तुलना में यह पेपर काफी अच्छा था। प्रश्न अधिक तो थे मगर ऐसा नहीं था कि उलझाएं।
इस बार भौतिकी का खंड छात्रों के लिए थोड़ा चुनौतीपूर्ण साबित हुआ। पेपर में थर्मोडायनामिक्स, इलेक्ट्रोमैग्नेटिज्म और इंडक्टर्स, तथा कैपेसिटर से जुड़े महत्वपूर्ण व कैलकुलेटिव प्रश्न पूछे गए थे। इसके अलावा ग्राफ पर आधारित प्रश्न और कथन-कारण वाले सवालों ने छात्रों को सोचने पर मजबूर किया। लंबी गणना के कारण कई परीक्षार्थियों को इस खंड में समय प्रबंधन करने में कठिनाई का सामना करना पड़ा।
आधार पर रहा जोर
रसायन विज्ञान का पेपर भौतिकी की तुलना में अधिक राहत देने वाला बताया गया है। ऑर्गेनिक और इनऑर्गेनिक केमिस्ट्री में प्रश्न सीधे और मूल सिद्धांतों पर आधारित थे। विटामिन और उनके स्रोतों का मिलान करने वाले प्रश्न काफी सीधे और आसान थे। इसके अलावा, रासायनिक अभिक्रियाओं और पेप्टाइड्स व प्रोटीन की संरचना से जुड़े सवाल भी पूछे गए। हालांकि, इस खंड में भी कई प्रश्न कथन-एक और कथन-दो के रूप में दिए गए थे, जिन्होंने विषय की स्पष्टता की अच्छी जांच की।
विज्ञापन
परीक्षार्थी बोले-
मैं मुलाना से कैंट में परीक्षा देने आई हूं। परीक्षा काफी आसान रही। केमिस्ट्री, बायो काफी अच्छा हुआ है। मैंने परीक्षा 30 मिनट पहले ही पूरी कर ली थी।
- देवांशी वशिष्ट, परीक्षार्थी
-- -
मैं पंचकूला से कैंट परीक्षा देने आया हूं। पिछले पेपर से तुलना करूं तो वह काफी अच्छा था। हालांकि, यह पेपर भी अच्छा हुआ है। पढ़ा हुआ ही आया है। बायो तो अच्छी आई। पिछली बार विवाद हुआ मगर हम हताश नहीं हुए अच्छी तैयारी के साथ परीक्षा दी और अच्छा हुआ है।
- युगल, परीक्षार्थी
पिछली बार अधिक पेपर में बदलाव नहीं था। मध्यम पेपर आया है। बायो के प्रश्न मुझे आसान दिखाई दिए। मैंने पूरा पेपर किया है। इस परीक्षा में निगेटिव मार्किंग है तो हमने इस बात का भी ध्यान रखा है।
- अंशिका, परीक्षार्थी
मैं रेवाड़ी से अंबाला परीक्षा देने आई हूं। प्रश्नपत्र इस बार काफी अच्छा आया है। मुझे बायो पसंद है इसलिए आसान लगी। केमिस्ट्री की तुलना में फिजिक्स के प्रश्न काफी अधिक लगे जबकि पिछली बार बायो के अधिक प्रश्न थे। पेपर मध्यम था फिजिक्स ज्यादा थी। पिछली वाली परीक्षा की तुलना में यह पेपर अच्छा हुआ है।
- तनु, परीक्षार्थी
माई सिटी रिपोर्टर
अंबाला। मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट का प्रश्न पत्र इस बार वैचारिक और समय लेने वाला रहा। रविवार को जिले के परीक्षा केंद्रों से जब परीक्षार्थी परीक्षा देकर निकले तो उनके चेहरे खिले दिखाई दिए। उन्होंने बताया कि परीक्षा में कठिनाई स्तर मध्यम रहा है। भौतिक विज्ञान के सवालों ने जहां छात्रों की तार्किक क्षमता को परखा, वहीं रसायन विज्ञान का भाग काफी हद तक संतुलित और स्कोरिंग रहा। परीक्षा देने के बाद लौटे विद्यार्थियों ने बताया कि बायोलॉजी के प्रश्न उन्हें काफी आसान लगे। पिछले प्रश्नपत्र की तुलना में यह पेपर काफी अच्छा था। प्रश्न अधिक तो थे मगर ऐसा नहीं था कि उलझाएं।
इस बार भौतिकी का खंड छात्रों के लिए थोड़ा चुनौतीपूर्ण साबित हुआ। पेपर में थर्मोडायनामिक्स, इलेक्ट्रोमैग्नेटिज्म और इंडक्टर्स, तथा कैपेसिटर से जुड़े महत्वपूर्ण व कैलकुलेटिव प्रश्न पूछे गए थे। इसके अलावा ग्राफ पर आधारित प्रश्न और कथन-कारण वाले सवालों ने छात्रों को सोचने पर मजबूर किया। लंबी गणना के कारण कई परीक्षार्थियों को इस खंड में समय प्रबंधन करने में कठिनाई का सामना करना पड़ा।
विज्ञापन
विज्ञापन
आधार पर रहा जोर
रसायन विज्ञान का पेपर भौतिकी की तुलना में अधिक राहत देने वाला बताया गया है। ऑर्गेनिक और इनऑर्गेनिक केमिस्ट्री में प्रश्न सीधे और मूल सिद्धांतों पर आधारित थे। विटामिन और उनके स्रोतों का मिलान करने वाले प्रश्न काफी सीधे और आसान थे। इसके अलावा, रासायनिक अभिक्रियाओं और पेप्टाइड्स व प्रोटीन की संरचना से जुड़े सवाल भी पूछे गए। हालांकि, इस खंड में भी कई प्रश्न कथन-एक और कथन-दो के रूप में दिए गए थे, जिन्होंने विषय की स्पष्टता की अच्छी जांच की।
परीक्षार्थी बोले-
मैं मुलाना से कैंट में परीक्षा देने आई हूं। परीक्षा काफी आसान रही। केमिस्ट्री, बायो काफी अच्छा हुआ है। मैंने परीक्षा 30 मिनट पहले ही पूरी कर ली थी।
- देवांशी वशिष्ट, परीक्षार्थी
मैं पंचकूला से कैंट परीक्षा देने आया हूं। पिछले पेपर से तुलना करूं तो वह काफी अच्छा था। हालांकि, यह पेपर भी अच्छा हुआ है। पढ़ा हुआ ही आया है। बायो तो अच्छी आई। पिछली बार विवाद हुआ मगर हम हताश नहीं हुए अच्छी तैयारी के साथ परीक्षा दी और अच्छा हुआ है।
- युगल, परीक्षार्थी
पिछली बार अधिक पेपर में बदलाव नहीं था। मध्यम पेपर आया है। बायो के प्रश्न मुझे आसान दिखाई दिए। मैंने पूरा पेपर किया है। इस परीक्षा में निगेटिव मार्किंग है तो हमने इस बात का भी ध्यान रखा है।
- अंशिका, परीक्षार्थी
मैं रेवाड़ी से अंबाला परीक्षा देने आई हूं। प्रश्नपत्र इस बार काफी अच्छा आया है। मुझे बायो पसंद है इसलिए आसान लगी। केमिस्ट्री की तुलना में फिजिक्स के प्रश्न काफी अधिक लगे जबकि पिछली बार बायो के अधिक प्रश्न थे। पेपर मध्यम था फिजिक्स ज्यादा थी। पिछली वाली परीक्षा की तुलना में यह पेपर अच्छा हुआ है।
- तनु, परीक्षार्थी

अंंशिका

अंंशिका

अंंशिका

अंंशिका

अंंशिका