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Haryana: बिना सुरक्षा उपकरण के सीवर सफाई, एक प्लंबर की मौत; अस्पताल के पदाधिकारियों समेत 8 पर केस दर्ज
संवाद न्यूज एजेंसी, बहादुरगढ़
Published by: शाहिल शर्मा
Updated Wed, 20 May 2026 04:37 PM IST
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सार
अस्पताल में सीवरेज सफाई के दौरान एक प्लंबर की मौत मामले में बड़ी कार्रवाई की गई है। अस्पताल प्रबंधन के पदाधिकारियों समेत 8 लोगों पर केस दर्ज किया गया है।
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- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
महाराजा अग्रसेन यूनिवर्सिटी परिसर में सीवरेज टैंक सफाई के दौरान हुए हादसे में डाबौदा कलां निवासी प्लंबर सुनील की मौत हो गई। मृतक की पत्नी ने थाना सदर बहादुरगढ़ में शिकायत देकर अस्पताल प्रबंधन और संबंधित अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। शिकायत में आरोप है कि बीमार होने और ड्यूटी पूरी होने के बावजूद मृतक को जबरन सीवरेज टैंक में उतारा गया जहां जहरीली गैस के कारण उनकी मौत हो गई।
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पुलिस ने शिकायत पर मामले में महाराजा अग्रसेन अस्पताल प्रबंधन के पदाधिकारियों समेत 8 लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 106 के तहत एफआईआर दर्ज की है। गौरतलब है कि सोमवार को यूनिवर्सिटी परिसर में सीवर सफाई के दौरान जहरीली गैस की चपेट में आने से पांच कर्मचारी बेहोश हो गए थे। उनकी तबीयत खराब हो गई थी। इनमें से बुधवार को अस्पताल में प्लंबर के पद पर कार्यरत सुनील की मौत हो गई। आरोप है कि छुट्टी के दिन भी सुनील को जबरदस्ती सीवर टैंक में सफाई के लिए उतारा गया था, जहां जहरीली गैस के कारण उसकी हालत बिगड़ गई।
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मृतक की पत्नी गांव डाबौदा कलां निवासी मीनू ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनके पति सुनील कुमार महाराजा अग्रसेन अस्पताल में प्लंबर के पद पर कार्यरत थे। 18 मई को उनकी ड्यूटी सुबह 9 बजे तक थी, लेकिन इसके बाद भी उन्हें अस्पताल परिसर में स्थित सीवरेज टैंक में सफाई कार्य के लिए उतारा गया। आरोप है कि टैंक में जहरीली गैस होने के कारण उनकी तबीयत बिगड़ गई और वे बेहोश हो गए। हादसे में तीन अन्य सफाई कर्मचारी भी गंभीर रूप से प्रभावित हुए थे। महिला का आरोप है कि अस्पताल प्रबंधन ने हादसे की सूचना परिवार को समय पर नहीं दी और न ही इलाज संबंधी कोई स्पष्ट जानकारी दी गई।
परिवार जब अस्पताल पहुंचा तो उन्हें मौत की सूचना मिली। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि बिना सुरक्षा उपकरणों के कर्मचारियों से खतरनाक कार्य कराया गया। पीड़ित परिवार का आरोप है कि हादसे के बाद अस्पताल प्रबंधन ने कोई सहयोग नहीं किया और पूरे मामले में चुप्पी साधे रखी। उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और न्याय की मांग की है।
इनके खिलाफ दर्ज हुआ केस
थाना सदर पुलिस ने मृतक की पत्नी मीनू की शिकायत पर मीना सुभाष गुप्ता, कुनाल बंसल, प्रेम गर्ग, अशोक कुमार गर्ग, संजय गुप्ता, राजेश गुप्ता प्रधान, राजीव भारद्वाज एचओडी, व अंशुल इलेक्ट्रिक सुपरवाइजर के खिलाफ केस दर्ज कर किया है। मामले में शिकायत के आधार पर कार्रवाई शुरू कर दी गई है। थाना सदर बहादुरगढ़ में विभिन्न धाराओं के तहत 8 के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। जो भी दोषी पाया जाएगा उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
परिवार जब अस्पताल पहुंचा तो उन्हें मौत की सूचना मिली। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि बिना सुरक्षा उपकरणों के कर्मचारियों से खतरनाक कार्य कराया गया। पीड़ित परिवार का आरोप है कि हादसे के बाद अस्पताल प्रबंधन ने कोई सहयोग नहीं किया और पूरे मामले में चुप्पी साधे रखी। उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और न्याय की मांग की है।
इनके खिलाफ दर्ज हुआ केस
थाना सदर पुलिस ने मृतक की पत्नी मीनू की शिकायत पर मीना सुभाष गुप्ता, कुनाल बंसल, प्रेम गर्ग, अशोक कुमार गर्ग, संजय गुप्ता, राजेश गुप्ता प्रधान, राजीव भारद्वाज एचओडी, व अंशुल इलेक्ट्रिक सुपरवाइजर के खिलाफ केस दर्ज कर किया है। मामले में शिकायत के आधार पर कार्रवाई शुरू कर दी गई है। थाना सदर बहादुरगढ़ में विभिन्न धाराओं के तहत 8 के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। जो भी दोषी पाया जाएगा उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।