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आरोप : निजी अस्पताल ने ऑपरेशन कर अंग निकाला, मरीज की मौत
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प्रतीकात्मक।
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लखनऊ। गुडंबा में कुर्सी रोड स्थित निजी अस्पताल पर ऑपरेशन के दौरान मरीज का अंग निकालने का आरोप लगा है। परिजनों का आरोप है कि इस लापरवाही के कारण मरीज की जान चली गई। सीएमओ और मानवाधिकार आयोग से इसकी शिकायत की गई है।
बेहटा के पलका गांव निवासी ज्योति रावत ने अपने पति अनिल कुमार को 25 अगस्त को पित्त की पथरी के ऑपरेशन के लिए अस्पताल में भर्ती कराया था। 27 अगस्त को ऑपरेशन हुआ। इसके बाद 28 अगस्त की शाम डॉक्टरों ने आंत कटने की जानकारी दी, जिसके इलाज के लिए 28 अगस्त की रात नौ बजे दोबारा ऑपरेशन शुरू हुआ, जो 29 अगस्त की सुबह चार बजे तक चला। पत्नी का आरोप है कि ऑपरेशन के बाद मरीज की हालत बिगड़ गई और 30 अगस्त की रात मौत हो गई।
पत्नी ने आरोप लगाया कि डॉक्टरों ने पेट पर 18 टांके लगाए थे। लीवर व गुर्दे के पास भी कई टांके थे। उन्हें संदेह है कि अंग निकालने के दौरान हुई लापरवाही से पति की जान गई। महिला ने पुलिस आयुक्त से शिकायत की थी, जिसे जांच के लिए सीएमओ को भेजा गया है।
... तो बंद हो जाएगा अस्पताल
पत्नी का आरोप है कि आयुष्मान कार्ड धारक होने के बावजूद उनसे 30 हजार रुपये वसूल लिए गए। आयुष्मान कार्ड से भी राशि निकाली गई। पति की मौत के बाद ऑपरेशन करने वाले डॉक्टर और स्टाफ जानकारी देने से कतराने लगे। ऑपरेशन टीम के एक डॉक्टर ने बताया कि यदि डॉक्टरों का नाम बताया गया तो अस्पताल बंद हो जाएगा। इस बात का एक वीडियो भी मौजूद है। मरीज की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में आंत कटने का कोई जिक्र नहीं है।
जांच के लिए केजीएमयू को लिखा पत्र
सीएमओ डॉ. एनबी सिंह ने बताया कि उन्हें शिकायती पत्र मिला था। उन्होंने जांच के लिए केजीएमयू को पत्र भेजा है। केजीएमयू में विशेषज्ञों की एक टीम गहनता से जांच कर रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति साफ हो सकेगी।
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बेहटा के पलका गांव निवासी ज्योति रावत ने अपने पति अनिल कुमार को 25 अगस्त को पित्त की पथरी के ऑपरेशन के लिए अस्पताल में भर्ती कराया था। 27 अगस्त को ऑपरेशन हुआ। इसके बाद 28 अगस्त की शाम डॉक्टरों ने आंत कटने की जानकारी दी, जिसके इलाज के लिए 28 अगस्त की रात नौ बजे दोबारा ऑपरेशन शुरू हुआ, जो 29 अगस्त की सुबह चार बजे तक चला। पत्नी का आरोप है कि ऑपरेशन के बाद मरीज की हालत बिगड़ गई और 30 अगस्त की रात मौत हो गई।
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पत्नी ने आरोप लगाया कि डॉक्टरों ने पेट पर 18 टांके लगाए थे। लीवर व गुर्दे के पास भी कई टांके थे। उन्हें संदेह है कि अंग निकालने के दौरान हुई लापरवाही से पति की जान गई। महिला ने पुलिस आयुक्त से शिकायत की थी, जिसे जांच के लिए सीएमओ को भेजा गया है।
... तो बंद हो जाएगा अस्पताल
पत्नी का आरोप है कि आयुष्मान कार्ड धारक होने के बावजूद उनसे 30 हजार रुपये वसूल लिए गए। आयुष्मान कार्ड से भी राशि निकाली गई। पति की मौत के बाद ऑपरेशन करने वाले डॉक्टर और स्टाफ जानकारी देने से कतराने लगे। ऑपरेशन टीम के एक डॉक्टर ने बताया कि यदि डॉक्टरों का नाम बताया गया तो अस्पताल बंद हो जाएगा। इस बात का एक वीडियो भी मौजूद है। मरीज की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में आंत कटने का कोई जिक्र नहीं है।
जांच के लिए केजीएमयू को लिखा पत्र
सीएमओ डॉ. एनबी सिंह ने बताया कि उन्हें शिकायती पत्र मिला था। उन्होंने जांच के लिए केजीएमयू को पत्र भेजा है। केजीएमयू में विशेषज्ञों की एक टीम गहनता से जांच कर रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति साफ हो सकेगी।