सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Suna Hai Kya: While the officers here are waiting for June, read the gossips.

Suna Hai Kya: चर्चा में अफसरों के कारनामें, कुछ जून का इंतजार कर रहे तो कुछ एक-दूसरे की बखिया उधेड़ रहे

सूरज शुक्ला, अमर उजाला, लखनऊ Published by: Ishwar Ashish Bhartiya Updated Fri, 17 Apr 2026 03:08 PM IST
विज्ञापन
सार

उत्तर प्रदेश के अलग-अलग विभागों में अफसरों के अलग ही कारनामे चर्चा में रहते हैं। एक विभाग के अधिकारी तो अपने काम से ज्यादा जून के आने के इंतजार में समय बिता रहे हैं। यहां पढ़ें कानाफूसी: 

Suna Hai Kya: While the officers here are waiting for June, read the gossips.
- फोटो : amar ujala
विज्ञापन

विस्तार

उत्तर प्रदेश के अलग-अलग विभागों में अफसरों के अलग ही कारनामे चर्चा में रहते हैं। एक विभाग के अधिकारी तो अपने काम से ज्यादा जून के आने के इंतजार में समय बिता रहे हैं। वहीं, जड़ी-बूटी वाले विभाग के अधिकारी की सक्रियता बड़ी चर्चा में है। उद्योगों के विकास वाले अफसर तो एक-दूसरे के पीछे पड़े हैं। यहां पढ़ें कानाफूसी: 
Trending Videos


अभी समय सही नहीं चल रहा
प्रदेश में पढ़ाई-लिखाई वाले विभाग के हाल बड़े अजीब हैं। विभाग के तीसरे तल पर स्थित कार्यालयों में इन दिनों अजीब सी बेचैनी है। यहां के अधिकारियों का मन अपने काम से ज्यादा जून के इंतजार में बीत रहा है। कुछ सेवानिवृत्त होने वाले हैं तो कुछ यहां से हटने की हर जुगत लगा रहे हैं। ऐसे में विभाग के ही एक अधिकारी को ऊंचे पद पर आने का प्रस्ताव दिया गया तो उन्होंने तपाक से जवाब दिया कि आएंगे तो अभी वहां समय सही नहीं चल रहा है। पहले वहां के हालात तो सही हो जाएं, फिर सोचते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


जड़ी बूटी वाले साहब का कमाल
आयुर्वेद विभाग में राजधानी में आए नए अफसर की तेजी से पूरा कार्यालय परेशान है। ज्यादातर दिन ऑफिस से गायब रहने वाला यह अधिकारी जिस दिन कार्यालय पहुंचते हैं उसी दिन उन्हें हर तरह का विवरण चाहिए। उन्होंने 15 अप्रैल को दोपहर एक बजे एक पत्र जारी करके तबादले से संबंधित जानकारी उसी दिन शाम पांच बजे तक मांगते हैं। उनकी यह तेजी चर्चा का विषय बनी हुई है। कहा तो यह भी जा रहा है कि वह अभी से तबादला सूची बनाने में जुट गए हैं। इसमें अस्पताल के हिसाब से दर भी तय कर दी हैं। अब देखना यह है कि निर्धारित की गई दरें लागू हो पाती हैं या नहीं।

उसकी कमीज मेरी से सफेद कैसे
उद्योगों के विकास का जिम्मा प्रदेश के कई प्राधिकरणों के पास है। ये पूरब से लेकर पश्चिम तक फैले हैं। नए धन्नासेठों को लाने की होड़ यूं तो सभी के बीच है लेकिन तीन प्राधिकरणों के बीच प्रतिस्पर्धा कुछ ज्यादा ही है। मूंछ की लड़ाई इस बात को लेकर है कि कितनी फैक्टरियां जमीन पर उतारी गईं। अब अपने से ज्यादा दूसरों की कलई खोलने की होड़ इन तीनों में मची है। अपना काम कितना किया, इसका बखान करने से ज्यादा अगले की बखिया उधाड़ने में पसीना बहाया जा रहा है।

आपके पास भी ऐसी कोई जानकारी या समाचार हो तो 8859108085 पर व्हाट्सएप करें।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed