Twisha Sharma Case: त्विषा केस में आरोपी पक्ष तैयार, वॉइस सैंपल और पासवर्ड पर अदालत का आदेश 7 जुलाई को
त्विषा शर्मा संदिग्ध मौत मामले में सीबीआई की ओर से गिरिबाला सिंह के वॉइस सैंपल और समर्थ सिंह के लैपटॉप का पासवर्ड उपलब्ध कराने संबंधी आवेदन पर भोपाल जिला अदालत में सुनवाई हुई। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद कोर्ट ने फैसला 7 जुलाई तक सुरक्षित रख लिया।
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विस्तार
राजधानी भोपाल के हाई-प्रोफाइल त्विषा शर्मा संदिग्ध मौत मामले में भोपाल जिला न्यायालय में शुक्रवार को महत्वपूर्ण सुनवाई हुई। सुनवाई केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) के उस आवेदन पर हुई, जिसमें आरोपी पूर्व जिला एवं सत्र न्यायाधीश गिरिबाला सिंह और उनके अधिवक्ता पुत्र समर्थ सिंह के वॉइस सैंपल लेने तथा समर्थ सिंह के लैपटॉप का पासवर्ड उपलब्ध कराने की अनुमति मांगी गई है।
पीड़ित पक्ष के अधिवक्ता अंकुर पांडे के अनुसार, दोनों मुद्दों पर अदालत में विस्तृत बहस हुई। सुनवाई के दौरान आरोपी पक्ष ने वॉइस सैंपल देने और लैपटॉप का पासवर्ड उपलब्ध कराने पर सहमति जता दी। हालांकि, वॉइस सैंपल को लेकर बचाव पक्ष ने अनुरोध किया कि उसकी एक प्रति न्यायालय के रिकॉर्ड में भी सुरक्षित रखी जाए, ताकि भविष्य में जांच रिपोर्ट पर कोई विवाद होने की स्थिति में दोबारा परीक्षण कराया जा सके। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने अपना आदेश सुरक्षित रख लिया, जिसे अब 7 जुलाई को सुनाया जाएगा।
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डिजिटल साक्ष्यों और ऑडियो रिकॉर्डिंग की जांच के लिए अनुमति जरूरी
इससे पहले की सुनवाई में सीबीआई ने अदालत को बताया था कि समर्थ सिंह का लैपटॉप पासवर्ड से लॉक होने के कारण अब तक नहीं खोला जा सका है, जिससे उसमें मौजूद डिजिटल साक्ष्यों की जांच अधूरी है। इसके अलावा जांच एजेंसी को कुछ महत्वपूर्ण ऑडियो रिकॉर्डिंग भी मिली हैं, जिनकी फोरेंसिक जांच के लिए गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह के वॉइस सैंपल आवश्यक हैं। इसी आधार पर सीबीआई ने अदालत से दोनों आरोपियों के वॉइस सैंपल लेने और लैपटॉप का पासवर्ड उपलब्ध कराने की अनुमति मांगी थी।
शर्त के साथ आरोपी पक्ष की सहमति
लंबी बहस के बाद बचाव पक्ष ने लैपटॉप का पासवर्ड सीबीआई को उपलब्ध कराने पर सहमति दे दी। वॉइस सैंपल देने पर भी सहमति जताई, लेकिन यह शर्त रखी कि उसकी एक प्रति न्यायालय के रिकॉर्ड में सुरक्षित रखी जाए। इस पर सीबीआई ने भी अदालत के समक्ष अपना पक्ष रखा। सुनवाई के दौरान गिरिबाला सिंह की ओर से यह भी आग्रह किया गया कि मामले से संबंधित सूचनाओं के मीडिया प्रसारण पर रोक लगाई जाए।
मामला क्या है
ग्रेटर नोएडा निवासी मॉडल और अभिनेत्री रहीं त्विषा शर्मा का विवाह भोपाल के अधिवक्ता समर्थ सिंह से हुआ था। समर्थ सिंह, सेवानिवृत्त प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश तथा भोपाल जिला उपभोक्ता आयोग (बेंच-2) की अध्यक्ष रह चुकीं गिरिबाला सिंह के पुत्र हैं। 12 मई को त्विषा शर्मा कटारा हिल्स स्थित अपने ससुराल में संदिग्ध परिस्थितियों में फंदे पर लटकी मिली थीं। शुरुआती पुलिस जांच पर सवाल उठाते हुए मृतका के परिजनों ने भोपाल से लेकर दिल्ली तक प्रदर्शन किया था। इसके बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच सीबीआई को सौंप दी गई। सीबीआई ने गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह को गिरफ्तार किया था। दोनों आरोपी फिलहाल 14 जुलाई तक न्यायिक हिरासत में भोपाल केंद्रीय जेल में बंद हैं।
